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ये क्रांति की दस्तक है: नवाज़ | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और मुस्लिम लीग (नवाज़) के प्रमुख नवाज़ शरीफ़ राजधानी इस्लामाबाद की ओर रवाना हो गए हैं. उनके साथ हज़ारों समर्थक भी चल रहे हैं. रविवार सुबह से ही पाकिस्तान की राजनीति में उस समय और गरमी बढ़ गई, जब ये ख़बर आई कि नवाज़ शरीफ़ को नज़रबंद कर दिया गया है. हालाँकि पाकिस्तान की सरकार ने ऐसी किसी भी बात से इनकार किया है. बाद में नवाज़ शरीफ़ मीडिया के सामने आए और पत्रकारों को बताया कि सरकार ने उन्हें ग़ैर क़ानूनी रूप से इस्लामाबाद जाने से रोकने की कोशिश की है. नवाज़ शरीफ़ की कथित नज़रबंदी की ख़बर फैलते ही पार्टी समर्थक सड़कों पर आ गए और कई जगह पुलिस के साथ उनकी झड़प हुई. मांग पूर्व राष्ट्रपति परवेज़ मुशर्रफ़ के शासनकाल के दौरान बर्ख़ास्त जजों की बहाली की मांग को लेकर विरोध मार्च का आयोजन किया गया है. कार्यक्रम ये है कि देश के कई हिस्सों से इस्लामाबाद पहुँचकर प्रदर्शनकारी सोमवार को संसद भवन के बाहर धरना देंगे. लेकिन सरकार इसे रोकने की हरसंभव कोशिश कर रही है. कई जगह प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई की गई है और कई नेताओं को गिरफ़्तार भी किया गया है. पिछले महीने सुप्रीम कोर्ट ने नवाज़ शरीफ़ और उनके भाई शाहबाज़ शरीफ़ के किसी भी निर्वाचित पद पर काम करने से रोक लगा दी थी. उसके बाद नवाज़ शरीफ़ ने भी सरकार के ख़िलाफ़ मोर्चा खोल लिया है और विरोध प्रदर्शन को समर्थन दे रहे हैं. लाहौर से इस्लामाबाद निकलते समय नवाज़ शरीफ़ ने कहा कि उन्हें इस्लामाबाद जाने से कोई नहीं रोक सकता. 'क्रांति की शुरुआत' एक टीवी चैनल से बातचीत में उन्होंने कहा, "इस्लामाबाद हमारी नियति है. हम इस्लामाबाद के लिए निकल पड़े हैं. आश्चर्यजनक रूप से लोगों का समर्थन मिल रहा है. पाकिस्तान के इतिहास का यह स्वर्ण काल है. ये क्रांति की शुरुआत है."
अधिकारियों ने लाहौर से इस्लामाबाद जाने वाले सभी रास्तों को सील कर दिया है. लेकिन नवाज़ शरीफ़ की पार्टी के कार्यकर्ता अवरोधों को हटाने की कोशिश कर रहे हैं. लाहौर में कई जगह नवाज़ शरीफ़ समर्थकों और सुरक्षाकर्मियों के बीच झड़प हुई है. पुलिस ने उग्र भीड़ पर आँसू गैस के गोले छोड़े, तो लोगों ने पुलिस पर जम कर पथराव किया. कुछ लोगों को चोटें भी आई हैं. दूसरी ओर राजधानी इस्लामाबाद को भी छावनी में तब्दील कर दिया गया है. यहाँ आने-जाने वाले लोगों पर नज़र रखी जा रही है और बड़ी संख्या में सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया है. |
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