|
सिटीग्रुप को लेकर भारी आशंकाएँ | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीका के सबसे बड़े बैंकों और वित्तीय सेवा देने वाली कंपनियों में से एक सिटीग्रुप के शेयरों की क़ीमतें बुरी तरह गिरी हैं. कंपनी के भविष्य को लेकर जारी अनिश्चितता के कारण शुक्रवार को उसके शेयर 13 प्रतिशत तक गिर गए. मीडिया में ऐसी ख़बरें आई थीं कि सिटीग्रुप अपने बड़े कारोबार का कुछ हिस्सा बेच सकता है या फिर उसका किसी अन्य कंपनी के साथ विलय हो सकता है. इस सप्ताह के शुरू में सिटीग्रुप ने 52 हज़ार लोगों को नौकरी से हटाने का ऐलान किया था, इससे पहले भी कंपनी 23 हज़ार लोगों को नौकरी से हटा चुकी है. सिटीग्रुप कुल 75 हज़ार लोगों को नौकरी से हटा रहा है जो उसके कुल कर्मचारियों की संख्या का 20 प्रतिशत है. जनवरी से लेकर अब तक सिटीग्रुप के शेयर में 80 प्रतिशत तक की गिरावट आ चुकी है. वाहन उद्योग अमरीकी सांसदों ने आर्थिक संकट में घिरे तीन बड़े वाहन निर्माताओं--जनरल मोटर्स, क्राइसलर और फ़ोर्ड--से कहा है कि अगर वे 25 अरब डॉलर की मदद चाहते हैं तो इसके लिए एक कार्ययोजना पेश करें.
संसद के दोनों सदनों के सदस्यों को मिलाकर बनाई गई विशेष समिति ने इस काम के लिए तीनों कंपननियों को 2 दिसंबर तक का समय दिया है. निचले सदन हाउस ऑफ़ रिप्रेजेंटेटिव्स की सभापति नैंसी पैलोसी ने कहा है कि जब तक ये कंपनियाँ संसद को संतुष्ट नहीं कर देतीं कि उन्हें धन देने से स्थिति में सुधार होगा तब तक धनराशि उपलब्ध नहीं कराई जा सकती. सीनेट में रिपब्लिकन पार्टी के नेता हैरी रीड ने कहा है कि इन कंपनियों को अपनी कमर कसनी होगी. यूरोपीय वाहन उद्योग यूरोपीय आयोग की कॉम्पीटिशंस कमिश्नर नीली कोरेस ने फ्रांस और जर्मनी से कहा है कि वे अपनी कार कंपनियों को सब्सिडी देने की होड़ में न पड़ें.
उन्होंने कहा कि यूरोपीय समुदाय की मौजूदा व्यवस्था वाहन निर्माताओं की मदद कर सकती है जो कारों की घटती माँग से परेशान हैं. कोरेस ने कहा कि कंपनियों को सरकारी कोष से धन दे देने से वाहन उद्योग की समस्याओं का समाधान नहीं होगा, उसके लिए एक व्यापक योजना की ज़रूरत है. उन्होंने कि यूरोपीय कंपनियों को उस कोष से सहायता दी जा सकती है जो ऊर्जा और पर्यावरण के क्षेत्र में काम करने के लिए अलग रखा गया है. यूरोप में कारोबार साझा मुद्रा यूरो का इस्तेमाल करने वाले 15 यूरोपीय देशों में कारोबार दस वर्षों के न्यूनतम स्तर पर चला गया है.
मार्किट नाम की संस्था के सर्वेक्षण के हिसाब से सिर्फ़ अक्तूबर से नवंबर के बीच कारोबारी गतिविधियों में पाँच प्रतिशत की गिरावट आई है. सर्वेक्षण के मुताबिक लगातार छह महीने से यूरोपीय आर्थिक क्षेत्र में निर्माण, उद्योग और सर्विस सेक्टर में गिरावट का दौर चल रहा है. यूरोप की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था जर्मनी ने कई सप्ताह पहले ही आर्थिक मंदी की घोषणा कर दी है और उसका कहना है कि आर्थिक विकास की दर शून्य से भी नीचे चली गई है. जापान जापान के सेंट्रल बैंक ने ब्याज दर में कोई बदलाव नहीं करने का फ़ैसला किया है. जापान में ब्याज दर 0.3 प्रतिशत है और अनिश्चतता के दौर को देखते हुए इसमें भी कटौती की बात की जा रही है. जापान के सेंट्रल बैंक के गवर्नर ने कहा है कि सिर्फ़ मौद्रिक नीति से समस्या का समाधान नहीं होगा, उसके लिए और भी उपाय करने होंगे. अक्तूबर महीने में बैंक ऑफ़ जापान ने ब्याज दर को 0.5 से घटाकर 0.3 कर दिया था, यह सात साल में पहली कटौती थी. |
इससे जुड़ी ख़बरें दुनिया के शेयर बाज़ारों में फिर गिरावट 06 नवंबर, 2008 | कारोबार ब्रिटेन में ब्याज दर 1.5 प्रतिशत घटी06 नवंबर, 2008 | कारोबार 'आर्थिक संकट से बचने के हरसंभव प्रयास'03 नवंबर, 2008 | कारोबार आरबीआई ने ब्याज दर घटाई01 नवंबर, 2008 | कारोबार बीमा क्षेत्र में निवेश बढ़ाने की सिफ़ारिश01 नवंबर, 2008 | कारोबार 'मौजूदा वित्तीय संकट सूनामी जैसा है'23 अक्तूबर, 2008 | कारोबार | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||