अश्विनी कुमार: आईपीएल के डेब्यू मैच में कैसे रचा इतिहास, मुंबई को दिलाई सीज़न की पहली जीत

अश्विनी कुमार

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इमेज कैप्शन, अश्विनी कुमार ने पहले ही मैच में अपनी धारदार गेंदबाज़ी से किया प्रभावित
    • Author, मनोज चतुर्वेदी
    • पदनाम, वरिष्ठ खेल पत्रकार, बीबीसी हिंदी के लिए

रोहित शर्मा के फ़्लॉप शो के बीच मुंबई इंडियंस ने शानदार जीत से आईपीएल में अपना अंकों का खाता खोल लिया.

मुंबई की इस जीत के हीरो गेंदबाज़ अश्विनी कुमार और रायन रिकल्टन रहे.

रायन रिकल्टन ने अपने तीसरे मैच में अर्धशतकीय पारी खेलकर 43 गेंदें बाकी रहते जीत दिलाने में अहम भूमिका जरूर निभाई, पर इस जीत की सही इबारत लिखने वाले रहे अश्विनी कुमार.

उन्होंने अपने डेब्यू मैच में चार विकेट निकालकर केकेआर की पारी को 116 रन पर समेटने में अहम भूमिका निभाई.

पिछले सीज़न में आखिरी स्थान पर रहने वाली मुंबई इंडियंस जब पहले दो मैचों में हार गई तो एक बार तो लगा कि टीम की क़िस्मत बदली नहीं है.

लेकिन इस जीत ने उसे अंक तालिका में आखिरी छठे स्थान पर पहुंचाकर टीम में नई जान डाल दी है.

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रोहित की नहीं बदली क़िस्मत

रोहित शर्मा इस सीजन में पहले दो मैचों में दहाई का आंकड़ा भी पार नहीं कर सके थे. उन्होंने शुरुआत में अपने ऊपर अंकुश रखा और फिर हर्षित राणा की एक नो बॉल पर छक्का लगाकर थोड़ा भरोसा हासिल किया.

यह समय था, जब लगा है कि वह खोई रंगत पाने जा रहे हैं. पर तभी वह आंद्रे रसल की गेंद पर कैच हो कर आउट हो गए.

रोहित शर्मा ने अभी कुछ ही समय पहले चैंपियंस ट्रॉफ़ी के फ़ाइनल में शानदार अर्धशतकीय पारी खेली थी.

लेकिन आईपीएल के इस सत्र में उन्हें पेस गेंदबाज़ो की अंदर आती गेंदों पर दिक्कत हो रही है. उन्हें इस मैच में भी ऐसी गेंदों पर दिक़्कत हुई.

मुंबई इंडियंस ने भले ही यह मैच आसानी से जीत लिया है. लेकिन टीम की सफलता के लिए रोहित का लय में खेलना ज़रूरी है.

क्योंकि वह शुरुआती पारी में ताबड़तोड़ खेलकर गेंदबाज़ों पर दवाब बना देते हैं, जिसका बाद के बल्लेबाज़ों को फ़ायदा मिलता है.

रिकल्टन की विजयी पारी

रिकल्टन

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इमेज कैप्शन, रिकल्टन ने पांच छक्कों की मदद से नाबाद 62 रन की पारी खेली.

रायन रिकल्टन ने दक्षिण अफ़्रीकी टी-20 लीग में शानदार प्रदर्शन से अपनी विस्फोटक अंदाज में खेलने वाले बल्लेबाज़ की छवि बनाई थी. लेकिन पहले दो मैचों में उनका बल्ला रन बनाने में असफल रहा था.

इस मैच में भी शुरुआत में जॉनसन ने जब गेंद मूव कराई तो वह कई बार गच्चा खाए.

लेकिन वह धीरे-धीरे अपनी रंगत को पाते गए और अपनी पारी को मजबूती देकर टीम को जीत की तरफ़ ले जाने में क़ामयाब रहे.

रिकल्टन ने 41 गेंदों में चार चौकों और पांच छक्कों से नाबाद 62 रन की पारी खेली.

उन्होंने पेस गेंदबाज़ों के साथ स्पिन गेंदबाजों का भी पूरी दिलेरी से सामना किया. वह जिस तरह से खेले हैं, उससे लगता है कि आगे मुंबई के लिए वह बहुत बहुमूल्य साबित हो सकते हैं.

रिकल्टन ने कहा, "मैं भाग्यशाली रहा, जो शुरुआत में मिले मौकों से मन शांत करने में सफल हो गया. मैं वानखेड़े स्टेडियम पर पहली बार खेल रहा था और पूरे स्टेडियम के टीम के रंग में नीला रंगे होने का नज़ारा देखना बेहद अद्भुत रहा."

अश्विनी के रूप में चमका एक नया सितारा

अश्विनी कुमार

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इमेज कैप्शन, अजिंक्य रहाणे की विकेट लेने के बाद जश्न मनाते अश्विनी कुमार

अश्विनी कुमार ने अपने पदार्पण मैच में अपने प्रदर्शन से सभी को अपना मुरीद बना लिया.

कप्तान हार्दिक पांड्या ने चौथे ओवर में गेंद थमाई तो उन्होंने पहली ही गेंद पर कप्तान अजिंक्य रहाणे को तिलक वर्मा के हाथों कैच करा दिया.

उन्होंने बाद में रिंकू सिंह, मनीष पांडे और आंद्रे रसल के विकेट निकालकर केकेआर की पारी की कमर तोड़ने में अहम भूमिका निभाई.

वह आईपीएल इतिहास के पदार्पण मैच में 24 रनों पर चार विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज़ बन गए. इस प्रदर्शन पर उन्हें मैन ऑफ़ द मैच चुना गया.

अश्विनी का जन्म मोहाली के पास झांझेरी गांव में हुआ था.

मुंबई इंडियंस ने उन्हें बेस प्राइस यानी 30 लाख रुपये में ख़रीदा था.

पिछले सीज़न में वह पंजाब किंग्स के साथ थे लेकिन उन्हें प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं मिल पाई थी.

आईपीएल बनाती है रातों-रात हीरो

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इमेज कैप्शन, केरल के विग्नेश पुतुर (बाएं) और पंजाब के अश्विनी कुमार (दाएं) ने आईपीएल में मुंबई की ओर से डेब्यू किया है. दोनों ने ही अपनी गेंदबाज़ी से सबको प्रभावित किया है.
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कमेंटेटर आकाश चोपड़ा का अश्विनी के प्रदर्शन पर कहना था कि मुंबई के कप्तान को उन्हें चौथा ओवर देना चाहिए था. वह जिस तरह से गेंदबाज़ी कर रहे थे, उससे वह पदार्पण मैच में पांच विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज़ बन सकते थे.

उन्होंने रसल का जिस तरह से विकेट निकाला, उससे लग रहा था कि वह दिमाग का भी अच्छा इस्तेमाल करते हैं. उन्होंने पहली चार गेंदें थोड़ी शॉर्ट ऑफ स्टंप के बाहर फेंकी. लेकिन अगली गेंद आगे स्टंप की लाइन में थोड़ी तेज डालकर रसल को एकदम से हैरत में डालकर उन्हें बोल्ड कर दिया.

एक पारी खत्म होने पर जब कमेंटेटर ने अश्विनी से पूछा कि आप मैच में क्या खाकर उतरे. इस पर अश्विनी ने कहा, "पहला आईपीएल मैच होने की वजह से थोड़ी घबड़ाहट हो रही थी, इस कारण भूख नहीं लगी थी और मैं सिर्फ एक केला खाकर ही मैदान में आ गया था."

यह पूछने पर कि क्या आप कोई योजना बनाकर उतरे थे. उन्होंने कहा, "मेरे लिए मैच में योजना बनाई गई थी, पर कप्तान हार्दिक पांड्या ने कहा कि पहला ही मैच है, इसलिए ज्यादा कुछ बिना सोचे खेल का लुत्फ़ उठाओ और जैसी गेंदबाजी करते हो, उसे करो. मेरे गांव में सभी लोग मैच देख रहे होंगे और वह खुश होंगे, यह सोचकर मैं भी बहुत खुश हूं."

कमेंटेटर नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा कि चमत्कार को नमस्कार किया जाता है और आईपीएल यह काम बखूवी करती है.

उसने अश्विनी को रातों-रात हीरो बना दिया है. इस मैच के बाद शायद ही कोई होगा, जो अश्विनी को नहीं जानता हो.

सिद्धू ने कहा कि अश्विनी का बदन हल्का है और वह रिदम में गेंदबाजी करता है. उसकी गेंदबाजी को देखकर वसीम अकरम की गेंदबाजी की याद आती है, वह भी इसी तरह से गेंदबाजी किया करते थे. पर इस तरह की गेंदबाजी के लिए फिटनेस पर बहुत ध्यान देने की जरूरत होगी.

सूर्यकुमार का रंगत आना अच्छी खबर

सूर्यकुमार यादव ने जिस तरह से 300 के स्ट्राइक रेट से 27 रन की पारी खेलकर टीम को जीत तक पहुंचाया, उससे उन्होंने दिखा दिया कि उन्हें क्यों 360 डिग्री वाला खिलाड़ी कहा जाता है.

सूर्यकुमार ने अपने ट्रेड मार्क शॉट से रसल पर छक्का लगाकर मुंबई को जीत दिलाई.

वह जिस तरह से पिकअप शॉट से छक्का लगाते हैं, वह दर्शनीय होता है. सूर्यकुमार ने अपनी संक्षिप्त पारी में तीन चौके और दो छक्के लगाए.

कोलकाता का फ्लॉप शो

आंद्रे रसल

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इमेज कैप्शन, अश्विनी कुमार ने आंद्रे रसल को क्लीन बोल्ड कर दिया

कोलकाता ने पिछले सीजन में चैंपियन बनने के दौरान बेहतरीन प्रदर्शन किया था. वह इस सत्र में अब तक उसकी झलक तक नहीं दिखा सकी.

केकेआर के बल्लेबाजों ने वेवजह तेजी से खेलने का प्रयास किया.

अगर उन्होंने विकेट पर जरा भी टिकने का प्रयास किया होता तो वह लड़ने लायक स्थिति में पहुंच सकते थे.

कप्तान अजिंक्य रहाणे ने कहा, "यह विकेट बल्लेबाजी के लिए अच्छा था और सामूहिक असफलता का यह उदाहरण है. इस विकेट पर 180-190 रनों का स्कोर अच्छा होता."

"इस विकेट पर गेंद को उछाल मिलने की उम्मीद थी. हमें वास्तव में बहुत तेजी से सीखने की जरूरत है. अंत तक टिके रहने वाले एक बल्लबेज की जरूरत होती है पर हम ऐसा कर नहीं सके."

बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित

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