गलवान घाटी झड़प: भारत-चीन विवाद पर पाकिस्तान का मीडिया ले रहा है चुटकियां – उर्दू प्रेस रिव्यू

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- Author, इक़बाल अहमद
- पदनाम, बीबीसी संवाददाता
पाकिस्तान से छपने वाले उर्दू अख़बारों में इस हफ़्ते कोरोना वायरस के अलावा, भारत-चीन सीमा विवाद और भारत प्रशासित कश्मीर से जुड़ी ख़बरें सबसे ज़्यादा सुर्ख़ियों में रहीं.
15-16 जून को भारत और चीन की सेना के बीच हुई झड़प में भारत के एक कर्नल समेत 20 सैनिक मारे गए थे और क़रीब 76 घायल हुए थे.
अख़बार जंग ने लिखा है कि चीन ने भारतीय सेना की हरकतों को दुनिया के सामने बेनक़ाब कर दिया है.
अख़बार के अनुसार, चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लीजियान का कहना है कि एलएसी की यथास्थिति को बदलने के लिए भारत अप्रैल से ही उकसाने वाले क़दम उठा रहा है.
अख़बार के मुताबिक़ 15 जून को भारतीय सेना एलएसी को पार कर चीनी क्षेत्र में घुसी थी जिसके कारण दोनों सेनाओं में झड़प हुई.
अख़बार की रिपोर्ट में भारत का पक्ष पेश नहीं किया गया है.
अख़बार दुनिया के संपादकीय पन्ने पर इस बारे में एक लेख छपा है. इस लेख के अनुसार मौजूदा स्थिति में भारत कभी ये रिस्क नहीं लेगा कि वो चीन के ख़िलाफ़ किसी युद्ध में उलझ जाए.
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'भारत के लिए इकलौता दुश्मन पाकिस्तान है'
लेख के अनुसार राष्ट्रपति शी जिनपिंग के नेतृत्व वाली चीनी सरकार अपनी सीमा की रक्षा में ताक़त के इस्तेमाल से कभी पीछे नहीं हटती, बल्कि ज़रूरत पड़ने पर भरपूर ताक़त का इस्तेमाल करने के लिए तैयार नज़र आती है.
लेख में कहा गया है कि पिछले कुछ हफ़्तों में देखा गया है कि चीन ने हॉन्गकॉन्ग पर अपनी गिरफ़्त काफ़ी मज़बूत कर ली है, ताइवान को डराया धमकाया है और दक्षिण चीन सागर में मछली मारने वाली एक वियतनामी कश्ती को समुंदर में डुबोने से परहेज़ नहीं किया.
लेख में आगे कहा गया है कि चीन और भारत अपनी बढ़ती हुई महत्वकांक्षा और सैन्य शक्ति के कारण अब अपनी 2100 मील सीमा पर एक दूसरे के ख़िलाफ़ अपनी शक्ति का प्रदर्शन करने के लिए तैयार नज़र आते हैं.
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अख़बार नवा-ए-वक़्त में सिकंदर ख़ान बलोच ने एक लेख लिखा है जिसमें वो कहते हैं कि जब भारत को अमरीकी थपकी मिलती है या अमरीका से हथियार मिलते हैं तो वो अपने पड़ोसियों पर अकड़ मारता है.
लेख के अनुसार भारत ख़ुशक़िस्मत है कि चीन के अलावा उसके सभी पड़ोसी हर मामले में उससे कमज़ोर हैं इसलिए हर छोटी बात पर भारत न सिर्फ़ अपने पड़ोसियों को आंख दिखाता है, बल्कि सैन्य हमले की धमकियां भी देता है, लेकिन चीन के सामने उसकी हालत चूहे-बिल्ली वाली बन जाती है.
"चीनी सैनिक तक़रीबन छह किलोमीटर अंदर भारतीय क्षेत्र में आकर बैठे हैं लेकिन भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अब शांति की बात कर रहे हैं. क्योंकि भारत के लिए इकलौता दुश्मन पाकिस्तान है जिससे वो जंग करना ज़रूरी समझता है. भारत के गृहमंत्री अमित शाह, भारत के सेनाअध्यक्ष आए दिन पाकिस्तान को धमकी देते रहते हैं."
"भारत दरअसल चीन के सामने अपनी बेइज़्ज़ती का दाग़ पाकिस्तान पर हमला करके धोना चाहता है, लेकिन भारत को ये पता होना चाहिए कि ना ये पूर्वी पाकिस्तान है और ना ही ये 1971 है. पाकिस्तानी सेना आपकी सेवा के लिए तैयार है."
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पाकिस्तान में कोरोना से सब बेहाल
कोरोना वायरस से अब तक दुनिया भर में 87 लाख से ज़्यादा लोग संक्रमित हो चुके हैं और चार लाख 60 हज़ार से अधिक लोग मारे जा चुके हैं.
पाकिस्तान में अब तक 1.76 लाख से ज़्यादा लोग इस वायरस से संक्रमित हुए हैं और अब तक 3498 लोग मारे जा चुके हैं.
सिंध प्रांत की हालत सबसे ज़्यादा ख़राब है. वहां अब तक 67 हज़ार से ज़्यादा लोग संक्रमित हुए हैं. पंजाब में क़रीब 65 हज़ार लोग संक्रमित हैं.
राजधानी इस्लामाबाद में 10 हज़ार से ज़्यादा लोग संक्रमित हुए हैं.
वैसे तो पाकिस्तान में कोरोना संक्रमित होने वालों में रेल मंत्री शेख़ रशीद, नेता प्रतिपक्ष शहबाज़ शरीफ़, पूर्व प्रधानमंत्री यूसुफ़ रज़ा गिलानी और शाहिद ख़ाक़ान अब्बासी, पूर्व क्रिकेटर शाहिद आफ़रीदी जैसे लोग भी शामिल हैं. लेकिन प्रमुख विपक्षी दल मुस्लिम लीग (नून) कोरोना से सबसे ज़्यादा प्रभावित हुई है.
अख़बार एक्सप्रेस के अनुसार मुस्लिम लीग (नून) के अध्यक्ष शहबाज़ शरीफ़ समेत तक़रीबन 25 राष्ट्रीय और क्षेत्रीय स्तर के नेता, सांसद और विधायक कोरोना पॉज़िटिव पाए गए हैं. कुछ लोग अस्पताल में हैं तो कुछ लोग घर पर क्वारंटीन में हैं.
मुस्लिम लीग के कुछ विधायक कोरोना से जंग हार भी गए हैं. पार्टी का कहना है कि हमारे नेता और कार्यकर्ता पहले ही दिन से जनता और डॉक्टरों के बीच ज़रूरी चीज़ें बांट रहे हैं जिनके कारण उनका ज़्यादा एक्सपोजर हुआ और वो कोरोना संक्रमित हो गए.

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कश्मीर में भारतीय सेना की कार्रवाई की चर्चा
अख़बार जंग के अनुसार भारत प्रशासित कश्मीर में सेना ने फ़ायरिंग की जिसमें छह कश्मीरी नागरिक मारे गए हैं.
अख़बार के अनुसार 24 घंटे में आठ कश्मीरी नागरिक भारतीय सेना के हाथों मारे गए हैं.
अख़बार का कहना है कि शोपियां में छह नागरिक मारे गए और पुलवामा में दो नागरिक मारे गए.
अख़बार का दावा है कि पुलवामा में भारतीय सेना ने एक मस्जिद में घुसकर फ़ायरिंग की जिसमें दो नागरिक मारे गए.
अख़बार के अनुसार सैनिकों ने मस्जिद में भी आपत्तिजनक हरकत की जिसके विरोध में कई स्थानीय लोग सड़कों पर उतर गए. लोगों ने भारतीय सेना के ख़िलाफ़ नारेबाज़ी की.
भारत की सेना ने हाल के दिनों में कश्मीर में कई एनकाउंटर किए हैं जिनमें दर्जनों चरमपंथी मारे गए हैं.
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