ऐश्वर्या राय का नाम कई बार लेने से राहुल गांधी पर उठ रहे हैं सवाल

राहुल गांधी

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कांग्रेस के पूर्व प्रमुख और लोकसभा सांसद राहुल गांधी इन दिनों भारत जोड़ो न्याय यात्रा कर रहे हैं.

इस यात्रा के दौरान राहुल गांधी आरक्षण, बेरोज़गारी और उद्योगपतियों से संबंधों को लेकर मोदी सरकार पर निशाना साधते दिख रहे हैं.

राहुल गांधी अपने बयानों में ओबीसी समुदाय और ग़रीबों का भी ज़िक्र कर रहे हैं.

इन सबसे अलग राहुल गांधी का 22 जनवरी 2024 को श्रीराम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम को लेकर दिया एक बयान चर्चा में आ गया है.

अपनी यात्रा के दौरान राहुल गांधी कई बार कह चुके हैं कि श्रीराम मंदिर के कार्यक्रम में आपने किसी ग़रीब, पिछड़े, दलित और आदिवासी को नहीं देखा होगा मगर अमिताभ बच्चन, ऐश्वर्या राय के अलावा गौतम अदानी समेत उद्योगपतियों को ज़रूर देखा होगा.

हालांकि तथ्य ये है कि श्रीराम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के लिए आयोजित कार्यक्रम में ऐश्वर्या राय और गौतम अदानी शामिल नहीं हुए थे.

राहुल के बयान पर अब केंद्रीय मंत्री स्मृति इरानी और सिंगर सोना मोहपात्रा ने आपत्ति जताई है.

राहुल गांधी
ऐश्वर्या राय

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ऐश्वर्या राय पर राहुल गांधी कब क्या बोले?

12 फरवरी को राहुल गांधी ने छत्तीसगढ़ के कोरबा में कहा था, ''आपने राम मंदिर का उद्घाटन देखा होगा. क्या उसमें आपने ग़रीब आदमी को देखा? मुझे तो अमिताभ बच्चन दिखा. ऐश्वर्या राय दिखी. अदानी दिखा. अंबानी दिखा. सारे के सारे बिज़नेस वाले दिखे. मुझे एक ग़रीब बंदा उसमें नहीं दिखा. मुझे वहाँ एक किसान, मज़दूर, बेरोज़गार, चायवाला, छोटा दुकानदार नहीं दिखा. सारे के सारे अरबपति दिखे.''

इसके बाद भी राहुल गांधी कई बार यात्रा के दौरान बोले, ''मीडिया वाले हमारी बात को दिखाते नहीं हैं. मीडिया में आपको 24 घंटे नरेंद्र मोदी जी दिख जाएंगे. ऐश्वर्या राय जी दिख जाएंगी. मोदी जी की साइड में अमिताभ बच्चन घूमते दिख जाएंगे.''

यात्रा के दौरान एक बार राहुल ये भी बोले- हिंदुस्तान के मीडिया में ग़रीबों को नहीं दिखाना. दिखाना है तो ऐश्वर्या राय को नाचते हुए दिखाना है.

राहुल गांधी अपनी यात्रा के दौरान किसी युवक को बुलाकर माइक देते हैं और फिर कहते हैं- 'आपको जानना है कि जेब कैसे काटी जाती है. वो उधर देखो पाकिस्तान. इधर देखो चीन. वो देखा ऐश्वर्या राय. ऐसे इधर उधर दिखाकर आपकी जेब काटी जा रही है.'

राहुल गांधी की ऐसी टिप्पणियों को लेकर सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं.

स्मृति इरानी
स्मृति इरानी

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स्मृति इरानी और सोना मोहपात्रा ने क्या कहा?

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मशहूर हस्तियों की कहानी पूरी तसल्ली और इत्मीनान से इरफ़ान के साथ.

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समाप्त

स्मृति इरानी अमेठी से सांसद हैं. 2019 लोकसभा चुनाव में इरानी ने राहुल गांधी को इस सीट से हराया था.

स्मृति इरानी ने राहुल गांधी के ऐश्वर्या राय पर दिए बयानों पर एक निजी चैनल से बात की.

स्मृति इरानी ने कहा, ''ये बहुत घटिया है. मैंने आजतक राहुल गांधी के लिए ये शब्द इस्तेमाल नहीं किया. जो अपने पिता के दोस्त की बहू को ना बख़्शे, उससे क्या उम्मीद लगानी. राहुल गांधी के लिए सिर्फ़ घटिया शब्द है. माफ़ी तो मांगेंगे नहीं. सोनिया जी के रोंगटे खड़े नहीं हुए होंगे. श्रीमति वाड्रा जी चुप्पी साधकर बैठी रहेंगी. लेकिन अपने पिता के दोस्त की बहू के बारे में ऐसा कौन बोलता है.''

स्मृति इरानी ने कहा, ''जिसका अपने परिवार के क़रीबियों के प्रति सम्मान नहीं है. वो देश में किसी और बहन, बेटी के प्रति सम्मान रखेगा क्या. अगर सोनिया गांधी सुन रही हैं आज ये चैनल तो मैं उनसे ये कहना चाहूंगी कि ये घटिया है.''

राहुल के बयान पर सोना मोहपात्रा ने भी टिप्पणी की है.

सोना ने सोशल मीडिया पर लिखा, ''कुछ राजनेता लाभ लेने के लिए अपने भाषणों में औरतों का अपमान कर रहे हैं. प्रिय राहुल गांधी यक़ीनन किसी ने आपकी मां और बहन को इसी तरह अतीत में अपमानित किया होगा. आपको अच्छी तरह से पता होना चाहिए. और हां, ऐश्वर्या राय बहुत सुंदर नाचती हैं.''

कर्नाटक बीजेपी के सोशल मीडिया हैंडल की ओर से भी राहुल गांधी के ऐश्वर्या राय पर दिए बयान की निंदा की गई है.

ऐश्वर्या राय ने 1994 में मिस वर्ल्ड का ख़िताब जीता था. वो कई हॉलीवुड फ़िल्मों में भी अभिनय कर चुकी हैं. ऐसे में सोशल मीडिया पर लोगों की आपत्ति है कि भारत का नाम ऊंचा करने वाली ऐश्वर्या का अपमान राहुल गांधी कैसे कर सकते हैं?

साल 1982 में राजीव, सोनिया, प्रियंका, राहुल और अमिताभ बच्चन

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इमेज कैप्शन, साल 1982 में राजीव, सोनिया, प्रियंका, राहुल और अमिताभ बच्चन

गांधी परिवार से बच्चन परिवार की क़रीबी

स्मृति इरानी ने गांधी परिवार से अमिताभ बच्चन के परिवार की क़रीबी का ज़िक्र किया.

गांधी परिवार और बच्चन परिवार के रिश्ते काफ़ी पुराने रहे हैं. हालांकि बीते कुछ सालों में इन रिश्तों में दूरियां देखने को मिली थीं.

इंदिरा गांधी और तेजी बच्चन की दोस्ती तब से थी, जब इंदिरा की शादी भी नहीं हुई थी.

इसके बाद दोनों परिवारों के बच्चों के बीच गहरी दोस्ती बनी रही. वे अलग-अलग स्कूलों में पढ़ा करते थे लेकिन वे छुट्टियाँ एक साथ बिताते थे.

जब राजीव गाँधी ने शादी नहीं की थी तो इटली से आकर सोनिया ने कुछ दिन बच्चन परिवार के साथ बिताए थे. वह सोनिया के लिए किसी आम भारतीय परिवार के साथ बिताए पहले-पहले दिन थे.

सोनिया गांधी की शादी की कई रस्में भी बच्चन परिवार में ही पूरी की गईं थीं. तेजी बच्चन ही वो महिला थीं, जिन्होंने इंदिरा गांधी के कहने पर सोनिया को भारतीय तौर तरीके से वाकिफ़ कराया.

इसके बाद जब राजीव गाँधी की शादी हुई तो इंदिरा गाँधी एक सफ़दरजंग रोड में रहने आ गई थीं जबकि बच्चन परिवार का निवास पास ही 13,विलिंगडन क्रिसेंट में था. शादी की कुछ रस्में बच्चन परिवार के घर से ही पूरी हुई थीं.

दोनों परिवारों की दोस्ती ही थी कि जब 'कुली' फ़िल्म की शूटिंग के दौरान जब अमिताभ घायल होकर ब्रीच कैंडी अस्पताल में पड़े थे, तब राजीव गाँधी अमेरिका से उन्हें देखने आए और इंदिरा गाँधी दिल्ली से वहाँ पहुँचीं थीं.

इंदिरा गांधी का जब अंतिम संस्कार हो रहा था, तब राजीव के एकदम पास अमिताभ बच्चन खड़े हुए थे.

अमिताभ बच्चन ने इंदिरा गाँधी की मौत के बाद राजीव गाँधी के कहने पर इलाहाबाद से चुनाव लड़ा और हेमवती नंदन बहुगुणा जैसे दिग्गज को हराया था.

अमिताभ बच्चन परिवार के संग

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दूरियों की शुरुआत

राजीव गाँधी के कार्यकाल में ही बोफ़ोर्स तोप में दलाली के आरोपों के बाद अमिताभ बच्चन का राजनीति से मोह भंग हो गया था लेकिन यह दोस्ती बरकरार रही.

यहाँ तक कि राजीव गाँधी की मौत के बाद अमिताभ बच्चन गांधी-नेहरु परिवार के क़रीब बने रहे.

बाद में बोफोर्स मामले में राजीव गांधी और अमिताभ बच्चन को क्लीन चिट दे दी गई.

लंबे वक़्त तक अपनी पहचान छिपाकर रखने वाले स्वीडन के पूर्व पुलिस प्रमुख स्टेन लिंडस्ट्रोम ने साल 2012 में कहा था कि बोफोर्स घोटाले में भारत के पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के खिलाफ़ घूस लेने के कोई सबूत नहीं थे.

इस बीच अमिताभ बच्चन ने अपनी कंपनी एबीसीएल बनाई और भारी क़र्ज़ में डूब गए. वे अमिताभ के मुसीबत के दिन थे. इन दिनों में अमर सिंह से बच्चन परिवार की क़रीबी बढ़ी. हालांकि बाद में बच्चन परिवार से भी अमर सिंह की दूरियां बढ़ीं.

बाद में भी गांधी परिवार से बच्चन परिवार की दूरियां साफ़ देखी जा सकती थीं.

हालांकि 2015 में जब बच्चन परिवार की एक शादी में गांधी परिवार के प्रतिनिधि के तौर पर प्रियंका शामिल हुई थीं.

फ़िल्म अभिनेता कुणाल कपूर की शादी अजिताभ बच्चन की बेटी नैना से हुई थी. शादी से जुड़े समारोह में प्रियंका गांधी और रॉबर्ट वाड्रा शामिल हुए थे.

2012 में अमिताभ बच्चन ने एक इंटरव्यू में कहा था, ''मेरे मन में कोई बदलाव नहीं है. मै हमेशा उनकी इज्ज़त करता हूं. हम उनसे कभी-कभी सार्वजनिक समारोहों में मिलते हैं. मनमुटाव या ग़ुस्से जैसी कोई बात नहीं है. हमारे रिश्ते अब भी काफ़ी सामान्य हैं. रिश्तों में कोई खटास नहीं है.''

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