शहरों के बीच सुकून देने वाले वाली डिज़ाइन

सुपरकेलिन

इमेज स्रोत, Iwan Baan

    • Author, डोमिनिक लुटियन्स
    • पदनाम, बीबीसी कल्चर

आउटडोर आर्किटेक्चर के 5 नमूने जो भाग-दौड़ भरी ज़िंदगी को ताजगी से भर देते हैं.

शहरों के बीच चौड़ी खुली-खुली जगहें- चौक-चौराहे, बगीचे, प्लाज़ा और पार्क हमेशा लुभाते रहे हैं.

ये मिलने-मिलाने की जगह होते हैं या यहां अकेले बैठकर कुछ पढ़ने या धूप सेंकने का आनंद लिया जा सकता है.

आज के समय में वे आज़ादी के पर्याय हैं. घरेलू क़ैद से रिहाई और सुकून देने वाले.

अब जबकि हममें से कई लोगों के लिए सोशल डिस्टेंसिंग एक हक़ीक़त है, तब ऐसी बड़ी खुली जगहों पर वक़्त बिताना हमारी सेहत के लिए भी अच्छा है.

वास्तुविदों और भवन निर्माण विशेषज्ञों ने खुली जगह की हमारी ललक को शांत करने वाले कुछ शानदार आउटडोर प्रोजेक्ट बनाए हैं.

सुपरकिलेन, कोपेनहेगन

सुपरकिलेन कोपेनहेगन सिटी सेंटर से उत्तर नोरेब्रो में बनाया गया 'शहरी पार्क' है, जहां एक किलोमीटर लंबी पक्की की हुई जगह है. यहां कोई पारंपरिक स्ट्रीट फर्नीचर नहीं है.

नोरेब्रो में 60 से अधिक देशों के लोग रहते हैं. यहां खेल की सुविधाएं हैं. उनके साथ बच्चों के खेलने और बैठने की भरपूर जगह है.

सुपरकेलिन

इमेज स्रोत, Iwan Baan

सुपरकिलेन में जगहों को कलर-कोड दिए गए हैं- गुलाबी, लाल और नारंगी- जो विभिन्न गतिविधियों का संकेत देते हैं.

पास की इमारतों को भी आंशिक तौर पर ऐसे ही रंगों में रंगा गया है जिससे यह भ्रम होता है कि यह जगह कहीं ज़्यादा बड़ी है.

यह परियोजना कोपेनहेगन सिटी और आर्किटेक्ट प्रोजेक्ट को फ़ंडिंग करने वाले एसोसिएशन रियलडानिया ने शुरू की थी.

इसे डेनमार्क के हाई-प्रोफाइल आर्किटेक्ट ब्जार्क इंगल्स ग्रुप (BIG) ने लैंडस्केप आर्किटेक्ट टोपोटेक-1 और कलाकारों के समूह सुपरफ्लेक्स के साथ डिजाइन किया था.

स्थायी समुदायों के साथ व्यापक परामर्श के बाद यहां ऐसी चीज़ों को शामिल किया गया जो उनको अच्छी लगती हैं, जैसे मोरक्को के फव्वारे और लॉस एंजिल्स के वेनिस बीच की तरह की कसरत मशीनें, क़तर और रूस के नियॉन साइन.

हर चीज़ के पास जमीन में धातु की एक प्लेट लगाई गई है जिसमें उसका नाम और उत्पत्ति की जानकारी है.

सुपरकेलिन

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मार्सा प्लाज़ा, ओमान

ओमान की राजधानी मस्कट में हुए हाल के विस्तार में एक नया बंदरगाह, मरीना और बहुद्देश्यीय मार्सा प्लाज़ा बनाए गए हैं.

लंदन के आर्किटेक्ट एक्मे ने अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा में मार्सा प्लाज़ा बनाने का ठेका हासिल किया था.

यह 5,000 वर्ग मीटर की जगह है जो 2018 में बनकर तैयार हुई. प्लाज़ा के दो तरफ कम या मध्यम ऊंचाई की इमारतें हैं. यहां से मरीना और समुद्र दिखता है.

यहां फव्वारे हैं और कंसर्ट और मूवी नाइट्स के लिए एंफीथिएटर बनाया गया है जहां फ़ूड मार्केट और कला प्रदर्शनियां लगती हैं.

मार्सा प्लाज़ा

इमेज स्रोत, Francisco Noguera

इमेज कैप्शन, मार्सा प्लाज़ा

मार्सा प्लाज़ा के वास्तुकारों में से एक डुआर्टे लोबो एंट्यून्स कहते हैं, "नई इमारतों के घेरे को सीमित रखा गया ताकि आउटडोर एरिया को अधिकतम रखा जा सके."

ओमान की संस्कृति बहुत ही शांत है. यह मध्य-पूर्व में छुटिटयां मनाने की लोकप्रिय जगह है.

मस्कट में लोग आम तौर पर शाम में मिलते-जुलते हैं. मई से सितंबर के महीनों में दिन के समय वे छाया के बगैर वाली जगहों से बचने की कोशिश करते हैं.

बिल्डिंग में पत्थर के लैटिस वर्क और प्रोजेक्टिंग कैनोपी हैं. इन पत्थरों को यहां डेजर्ट रोज कहा जाता है, जो क्रीम और भूरे रंग के होते हैं.

पत्थर की सीढ़ियां मरीना की ओर जाती हैं जिससे इस जगह के बड़ी होने का अहसास मिलता है. यहां की ग्राफिक लाइन ओमान के पारंपरिक फर्श पैटर्न की तरह हैं.

लोबो एंट्यून्स कहते हैं, "इस स्क्वायर में मस्कट की अनौपचारिकता की झलक मिलती है. इस जगह पर लोग घूम सकते हैं और इकट्ठा हो सकते हैं."

मार्सा प्लाज़ा

इमेज स्रोत, John Sturrock

गैस होल्डर पार्क, लंदन

किंग्स क्रॉस लंदन के गैस होल्डर पार्क में 19वीं सदी के औद्योगिक आर्किटेक्चर- इस्तेमाल से बाहर विक्टोरियन गैस होल्डर - को नये पैवेलियन के साथ तैयार किया गया है.

पैवेलियन को बेल फिलिप्स आर्किटेक्ट्स ने डिजाइन किया है, जबकि चरागाह जैसे लैंडस्केप को डैन पियर्सन ने डिजाइन किया है.

Gasholder Park

इमेज स्रोत, John Sturrock

इस परियोजना में 250 मीटर ऊंचे और 40 मीटर अंदरूनी व्यास वाले बेलनाकार गैस होल्डर को पुरानी जगह (पैंक्रास स्क्वायर) से हटाकर रीजेंट कैनाल के पास दोबारा खड़ा किया गया.

यहां नये और पुराने का मिलन बेमेल नहीं लगता. इसका श्रेय बेल फिलिप्स की सर्कुलर डिजाइन को जाता है.

उन्होंने गाइड फ्रेम की भीतरी परिधि के चारों ओर फैले कैनोपी के साथ पॉलिश किए हुए स्टील के खंभों का इस्तेमाल किया है.

इन वृत्ताकार आकृतियों के बीच में एक बड़ा हरा-भरा घास का मैदान है जहां पीले और सफेद फूल लगाए गए हैं.

विभिन्न सतहों पर लगाए गए आईनों से पलट कर आने वाली रोशनी वातावरण को और नर्म बना देती है.

लाइटिंग डिजाइनर स्पीयर्स एंड मेजर ने सूर्य ग्रहण से प्रेरित लाइटिंग की है. हर 20 मिनट के बाद 2 मिनट के लिए यह जगह अंधेरे में घिर जाती है और फिर सफ़ेद रौशनी से नहा उठती है.

बेल फिलिप्स के को-डायरेक्टर हैरी फिलिप्स कहते हैं, "पार्क में कुछ जगहों पर एकांत का अहसास होता है और कुछ जगह एक्टिव लगते हैं. वहां जॉगर्स होते हैं और बच्चे अपने मां-बाप के पास खेलते हैं. पास में ही एक स्कूल है."

वह कहते हैं, "लॉकडाउन ने हमें महसूस कराया है कि घनी आबादी वाले शहरों में खुली जगह कितनी अनमोल है."

StoDistante installation

इमेज स्रोत, Giulio Margheri

इमेज कैप्शन, स्टूडिस्टांटे

स्टूडिस्टांटे, इटली

यह पिछले साल मई में तैयार हुआ था. इटैलियन में इसका अर्थ है- मैं अपनी दूरी बनाए हुए हूं.

स्टूडिस्टांटे फ्लोरेंस शहर के पास वेशियो में बना है. 13वीं सदी के इस शहर में इटली के कई मशहूर कलाकारों का जन्म हुआ था. उनमें शामिल हैं गिओटो, जिनके नाम पर शहर के एक चौराहे का नाम पियाज़ा गिओटो पड़ा है.

स्टूडिस्टांटे को स्थानीय आर्किटेक्ट कैरेट स्टूडियो ने बनाया है. इस जगह ने चौराहे को 21वीं सदी की शक्लो-सूरत दे दी है जो टस्कनी के मौजूदा सोशल डिस्टेंसिंग नियमों के भी अनुकूल है.

कैरेट स्टूडियो ने सोशल डिस्टेंसिंग का ख़ूबसूरत समाधान प्रस्तुत किया है. उसने पत्थर के फर्श पर सफ़ेद पेंट से वर्गाकार खाने बनाए हैं. इस पेंट को कुछ समय बाद हटाया भी जा सकता है.

StoDistante installation

इमेज स्रोत, Giulio Margheri

कैरेट स्टूडियो के सह-संस्थापक गुएलियो मार्गेरी कहते हैं, "वर्गाकार खाने लोगों को सुरक्षित दूरी बनाकर चलने का रास्ता बताते हैं."

मार्गरी ने मैटियो शेलात्ज़ी और फेडेरिको शेलोनी के साथ मिलकर 2014 में कैरेट स्टूडियो का गठन किया था. इनमें से दो का जन्म वेशियो में हुआ है.

"लोगों को पता है कि सफ़ेद चौकोर में खड़े होने पर वह अगले चौकोर के केंद्र से 1.80 मीटर दूर होंगे."

उम्मीद है कि लोगों के इकट्ठा होने पर लगी पाबंदियां ख़त्म होने के बाद इस जगह का इस्तेमाल ओपन-एयर सिनेमा और जिम के रूप में किया जा सकेगा.

वेशियो की नगरपालिका ने शुरू से ही इस परियोजना का समर्थन किया.

मार्गेरी कहते हैं, "स्टूडिस्टांटे को हम एक डिजाइन स्ट्रैटेजी की तरह देखते हैं जिसे दूसरे शहरों की सार्वजनिक जगहों पर भी आजमाया जा सकता है."

द हाई लाइन, न्यूयॉर्क

न्यूयॉर्क के आर्किटेक्ट डिलर स्कोफ़िडियो प्लस रेनफ्रो के पार्टनर रिकार्डो स्कोफ़िडियो 2003 में जब पहली बार हाई लाइन प्रोजेक्ट से जुड़े थे, तब उन्होंने 1980 से बेकार पड़ी ज़मीन के अनछुए गुणों को संरक्षित करने की सोची थी.

न्यूयॉर्क सेंट्रल रेलरोड लाइन, जिसे वेस्ट साइड लाइन भी कहा जाता है, उसका वायडक्ट (ब्रिज) सेक्शन उपयोग से बाहर हो गया था. कई साल तक यूं ही पड़े रहने के कारण वहां पेड़-पौधे उग गए थे.

स्कोफ़िडियो ने इस रेल लाइन को पार्क में विकसित किया. इसमें उनके सहयोगी थे जेम्स कॉर्नर फ़ील्ड ऑपरेशन और प्लांटिंग डिजाइनर पिएट आउडोल्फ. स्कोफ़िडियो यहां की प्रकृति को दबाना नहीं चाहते थे.

"हम नहीं चाहते थे कि पेड़ों के चारों ओर पत्थर लगाकर उनको घेर दिया जाए. हम पौधों और सख़्त सतह के बीच की लाइन को धुंधला करना चाहते थे. हमने पौधों को संरचना पर हावी हो जाने दिया."

द हाई लाइन

इमेज स्रोत, Timothy Schenck

इमेज कैप्शन, द हाई लाइन, न्यू यॉर्क

अब यह न्यूयॉर्क का प्रमुख आकर्षण है जहां से हडसन नदी के उस पार तक देखा जा सकता है. रेल पटरियों के नीचे लगी लकड़ी की बेंच बनाई गई है, जिन पर 120 प्रजातियों के पेड़ छाया देते हैं.

लाइन का आख़िरी हिस्सा, द स्पर, 30वीं स्ट्रीट के साथ फैली हुई है. इसे भी उसी टीम ने डिजाइन किया है. इस हिस्से को पिछले साल खोला गया था.

द स्पर में संस्कृति को प्रकृति से ऊपर रखा गया है. इस हिस्से में लाइन एक बड़े प्लाज़ा में बदल जाती है जहां स्मारकीय कला के नमूने प्रदर्शित किए गए हैं.

पहली कलाकृति सिमोन ली की 'ब्रिक हाउस' है. यह एक अश्वेत महिला की मूर्ति है जिसका धड़ मिट्टी के घर के रूप में है.

द स्पर संगीत की जगह भी है. प्लाज़ा में विशाल झुके हुए पेड़ भी लगाए गए हैं जो इसे एक अलग स्टाइल देते हैं.

जेम्स कॉर्नर कहते हैं, "इस नाटकीय जगह पर बैठने की अच्छी व्यवस्था है. यह विशाल शहर से आपको दूर करता है और नये आयाम खोलता है."

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