रवांडा पर फिर पड़ोसी कांगो में विद्रोहियों की मदद के आरोप लगे

मानवाधिकार संगठन ह्यूमन राइट्स वॉच का कहना है कि उसे नए प्रमाण मिले हैं जिनसे साबित होता है कि रवांडा की सेना पड़ोसी देश लोकतांत्रिक गणराज्य कांगो में विद्रोहियों की मदद कर रही है.

संगठन का कहना है कि पूर्व विद्रोहियों ने बताया है कि कैसे रवांडा ने उनके लिए दो से तीन हजार लोगों को भर्ती किया जिसमें कुछ तो नाबालिग थे.

संगठन की रिपोर्ट कहती हैं कि रवांडा की सेना ने उन्हें हथियार भी मुहैया कराए. साथ ही रवांडा ने विद्रोहियों के नेता बोस्को न्तागंडा को शरण भी दी.

रवांडा की सरकार लोकतांत्रिक गणराज्य कांगो के विद्रोहियों के किसी मदद से इनकार करती है.