मां-बाप की देखभाल को 20 दिन की छुट्टी

चीन के बुज़ुर्ग

इमेज स्रोत, AP

चीन के एक सूबे ने बिना भाई-बहन वाले कर्मचारियों को साल में बीस दिन वेतन सहित छुट्टी देने का फ़ैसला किया है ताकि वो अपने बीमार बुज़ुर्ग माता-पिता की देखभाल कर सकें.

इस फ़ैसले से चीन की एक बच्चे की नीति से पैदा हुई सामाजिक चुनौतियों से निबटने में मदद मिलेगी. देश की बुज़ुर्ग आबादी की देखभाल परिवारों और सरकार दोनों के लिए बड़ी समस्या बन गई थी

चीन में तीस साल तक जारी रही इस नीति की वजह से देश में आज लाखों ऐसे परिवार हैं जिनमें केवल एक बच्चा है और उसे बुज़ुर्ग माता-पिता दोनों की देखभाल करनी पड़ती है.

हेनान सूबे की सरकार के इस फ़ैसले के तहत वैसे कर्मचारियों को अतिरिक्त छुट्टियां दी जाएगी जिनके माता-पिता साठ साल से ज़्यादा उम्र के हैं और अस्पताल में हैं.

इस तरह का फ़ैसला लेने वाला हेनान चीन का पहला ऐसा प्रांत है.

चीन ने पिछले साल एक बच्चे की नीति को बदल दिया था ताकि तेज़ी से बुज़ुर्ग होती आबादी की उचित देखभाल हो सके.

साल 2015 में चीन में साठ साल या उससे ज़्यादा उम्र के बुज़ुर्गों की तादाद 22 करोड़ थी जो कि कुल आबादी का 16 फ़ीसदी है.

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