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सांवरिया के प्रीमियर में मेहमान | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
दीवाली की शाम अनिल कपूर ने अपने घर एक पार्टी रखी थी. दीवाली की पार्टी कहो या फिर, बेटी सोनम कपूर की पहली फ़िल्म के रिलीज़ की खुशी में पार्टी कहो, पार्टी थी शानदार. ज़ाहिर है सोनम ने सांवरिया में अपने हीरो रणबीर कपूर को भी पार्टी में आमंत्रित किया था. रणबीर पार्टी में डरे हुए नज़र आ रहे थे क्योंकि तब तक फ़िल्म की ख़राब रिपोर्ट आ चुकी थी. रिलीज़ से दो दिन पहले फ़िल्म का प्रीमियर हुआ था जिसमें इंडस्ट्री की बड़ी-बड़ी हस्तियाँ मौजूद थीं. प्रीमियर के बाद रणबीर ने दोस्तों के अलावा इंडस्ट्री के काफी लोगों को फ़ोन किया और पूछा कि उन्हें फ़िल्म कैसी लगी. यानी रणबीर को फ़िल्म के चलने की चिंता खूब थी. वैसे, प्रीमियर ख़त्म होने के बाद मेहमान के उदास चेहरे देख कर सोनम के पापा अनिल कपूर और रणबीर के पापा ऋषि कपूर के चेहरे उतर गए थे. ज़ाहिर है रणबीर और सोनम को भी बात समझ आ गई थी कि फ़िल्म दर्शकों को पसंद नहीं आएगी. ****************************************************************** पाँच करोड़ से कम नहीं जहाँ स्टारों के बीच कीमतों की जंग चल रही है, वहाँ शाहरूख़ ख़ान को ये कहने में कोई शर्मिंदगी नहीं है कि उन्होंने आज तक पाँच करोड़ रूपए से ज़्यादा किसी फ़िल्म में नहीं लिए हैं. शाहरूख़ ने बताया, “पाँच करोड़ भी मेरी नई फ़िल्म ओम शांति ओम में मेरी ही कंपनी रेड चिलीज इंटरटेनमेंट ने मुझे दिए.”
आए दिन हम अख़बारों में पढ़ते हैं कि सलमान ख़ान ने बीस करोड़, अक्षय कुमार ने तीस करोड़ और पता नहीं किस-किस ने कितने-कितने करोड़ में कौन-कौन सी फ़िल्म साइन की. पर शाहरूख़ ख़ान का नाम ऐसी ख़बरों में कभी नहीं आता क्योंकि उनका कहना है, “मैं अपनी फ़िल्म को बनाने के बजट से ज़्यादा रूपए मेरे निर्माता से कैसे ले सकता हूँ. फ़िल्म पर करोड़ों लगने चाहिए ना कि फ़िल्म के कलाकारों पर.” ****************************************************************** कैटरीना की उम्मीदें कैटरीन कैफ़ आजकल ‘वेलकम’ के खूब गुन गा रही हैं. हालाँकि उन्होंने पूरी फ़िल्म अब तक देखी नहीं है लेकिन उनका फ़िल्म में पूरा विश्वास है क्योंकि उसका ट्रेलर लोगों को बहुत पसंद आ रहा है. वैसे, कैटरीना ने अनीस बज़मी की इस कॉमेडी फ़िल्म को क़रीब एक साल पहले देखी थी जब उसका बैकग्राउंड म्यूज़िक तैयार नहीं था और उसकी डबिंग भी नहीं हुई थी. तब उन्हें फ़िल्म बेहद पसंद आई थी.
कैटरीना कहती हैं, “मैंने सुना है कि राजकपूर साहब कहा करते थे कि जब आप बग़ैर आवाज़ की फ़िल्म देखते हैं और कोई सीन में मज़ा नहीं आता है तो उस सीन को फ़िल्म से काट देना चाहिए. जब मैंने वेलकम की प्रिंट देखी थी तब डायलॉग बिल्कुल साफ नहीं थे. इसके बावजूद फ़िल्म देखने में मुझे इतना मज़ा आया कि मैंने अनीस जी से कहा कि उनकी फ़िल्म हिट है.” कैटरीना के अलावा वेलकम में अनिल कपूर और नाना पाटेकर हैं. कैटरीना के अनुसार दर्शक दोनों का काम देख कर लोट-पोट हो जाएंगे. ****************************************************************** क़िस्मत अपनी-अपनी लगता है दीवाली का त्यौहार शाहरूख़ ख़ान के लिए लाभदायक और सलमान ख़ान के वास्ते दुखदायी साबित होता है. दीवाली पर, जब भी शाहरूख़ की कोई फ़िल्म रिलीज़ होती है, बॉक्स ऑफ़िस पर हिट हो जाती है. हिट नहीं तो, कम से कम चल तो जाती ही है.
लेकिन सलमान के साथ बात कुछ उल्टी है. उनकी दीवाली पर रिलीज़ होने वाली फ़िल्में पिट जाया करती है. शाहरूख़ की दीवाली पर रिलीज़ हुई फ़िल्में हैं, दिलवाले दुल्हनियाँ ले जाएंगे, दिल तो पागल है, मोहब्बतें, कुछ कुछ होता है, वीर-ज़ारा, डॉन और इस साल की ओम शांति ओम. पिछले साल दीवाली पर सलमान ख़ान की जानेमन फ़्लॉप हुई थी और इस साल सांवरिया. हालाँकि सांवरिया को सलमान की फ़िल्म कहना ग़लत होगा क्योंकि उसका नायक रणबीर कपूर है और फ़िल्म में सलमान का काम बहुत कम है, लेकिन फ़िल्म में सलमान का किरदार है बड़ा महत्वपूर्ण. ****************************************************************** सन्नी पर फ़िदा हुए घई सालों तक सुभाष घई और सन्नी देओल ने साथ काम ही नहीं किया. जैकी श्रॉफ़ के अलावा अनिल कपूर को घई का प्रिय माना जाता था. और क्योंकि अनिल और सन्नी अलग-अलग कैंप के सितारें माने जाते थे, सन्नी और सुभाष घई सात आएंगे, ऐसा किसी ने सोचा भी नहीं था.
मगर कुछ हफ़्तों पहले सुभाष गई कि कंपनी ने सन्नी देओल के साथ ‘राइट या रॉंग’ शुरू की. बस इतना ही नहीं, राइट या रॉंग अभी तक बन ही रही है लेकिन घई ने सन्नी को एक और फ़िल्म के लिए साइन कर लिया है. अब घई का ये निर्णय कितना ‘राइट’ या ‘रॉंग’ है ये तो दोनों फ़िल्मों के रिलीज़ पर ही पता चलेगा. ****************************************************************** पैसा नहीं तो काम नहीं प्रीतीष नंदी ने अपनी नई फ़िल्म अगली-पगली शुरू नहीं की कि फेडरशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्पलॉयज़ ने उनके ख़िलाफ़ असहयोग का सर्कुलर निकाल दिया. सर्कुलर तो निकाला हुआ ही था, बस दोबारा अपने सदस्यों को याद दिला दिया कि उन्हें प्रीतीष नंदी की किसी फ़िल्म का काम नहीं करना है.
ये असहयोग इसलिए कि नंदी ने अभी तक आफ़ताब शिवदासानी और अमीषा पटेल के पैसे नहीं दिए हैं. इन दोनों ने प्रीतीष नंदी की आँखें में काम किया था. वो फ़िल्म बन कर रिलीज़ भी हो गई लेकिन अभी तक दोनों कलाकारों को अपने पूरे पैसे नहीं मिले हैं. अगली-पगली में नंदी की प्यार के साइड इफेक्ट के सितारे राहुल बोस और मल्लिका शेहरावत काम कर रहे हैं. इसका मतलब है उनकी मेहनत की कमाई प्रीतीष ने बराबर दे दी होगी. नंदी साहब अगली-पगली तो ठीक है, कभी-कभी अगली से पहले पिछली के बारे में भी सोच लेना चाहिए. |
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