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मुसीबत के मारे माइकल जैक्सन बेचारे | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
माइकल जैक्सन का यह सोचना कि जून में एक बच्चे के यौन उत्पीड़न के मामले में बरी हो जाने से उनकी क़ानूनी समस्याओं का अंत हो गया है, शायद उनकी भूल थी. एक अन्य यौन उत्पीड़न के मामले में अदालत में उपस्थित न होने के कारण उन पर लगभग 44 हज़ार रुपए का जुर्माना लगाया गया है. यह मामला 39 वर्षीय एक व्यक्ति ने उठाया है जिसका कहना है कि 1984 में माइकल जैक्सन ने अपनी लिमोज़ीन गाड़ी में उसका शारीरिक शोषण किया था. जोसेफ़ बारटूकी का दावा है कि उसने काफ़ी समय तक अपनी इन कड़वी यादों को दबा कर रखा, लेकिन जब उसने 2003 में समाचारों में माइकल जैक्सन पर एक बच्चे के साथ यौन दुर्व्यहवार का मामला देखा तो इसे सामने लाने का फ़ैसला किया. जैक्सन के वकीलों का कहना है कि यह उनके मुव्वकिल की दौलत और प्रतिष्ठा का शोषण करने का एक और प्रयास है. उनको संदेह है कि यह मामला क़ानूनी कार्रवाई तक पहुँचेगा. लेकिन 13 वर्षीय गाविन अरविज़ो के साथ कथित यौन दुर्व्यहवार के मामले में एकमत से बरी किए जाने के बाद माइकल जैक्सन के सामने आने वाली कठिनाइयों की कड़ी में से यह सबसे नवीनतम है. बुधवार को हुई सुनवाई के दौरान वक़ील चार्ल्स गे ने अदालत को बताया कि बारटूकी मामले में उपस्थित होने के सम्मन 13 जून के जश्न की ख़ुशी में खो कर रह गए. सुनवाई न्यायाधीश एल्डन फालौन ने माइकल जैक्सन या उनके वक़ील के सुनवाई के दौरान उपस्थित न होने पर जुर्माना किया है और सुनवाई की अगली तारीख़ 7 सितंबर तय की है.
जैक्सन और उनके समर्थकों का मानना है कि एक वर्ष की वैधानिक सीमा के चलते यह मामला ख़रिज हो जाएगा. ऐसा कहा जा रहा है कि मुक़दमे की कठिनाइयों से निकलने के बाद माइकल जैक्सन बहरीन में शेख़ अब्दुल्लाह बिन हामाद अल ख़लीफ़ा के ख़ास मेहमान बन कर रह रहे हैं. माइकल जैक्सन की जन संपर्क अधिकारी रेमोन बैन का कहना है कि वो छुट्टियों का लुत्फ़ उठा रहे हैं और मज़े में हैं. रेमोन बैन के बारे में कहा जाता है कि वो मुक़दमें के दौरान जैक्सन कैंप से अलग हो गईं थीं. पिछले सप्ताह जोसेफ़ बारटूकी के मामले में फँसने के अलावा माइकल जैक्सन ने लंबे समय तक अपने परामर्शदाता रहे जॉन जॉनसन की मौत पर शोक जताया और राष्ट्रपति भवन से समर्थन मांगने की बात खुल जाने पर उन्हें शर्मसार भी होना पड़ा. इस सप्ताह के दौरान माइकल जैक्सन ने अपनी चुप्पी तोड़ते हुए एक बयान जारी कर कहा कि उन्हें अपने परामर्शदाता और दोस्त जॉन जॉनसन की मृत्यु की ख़बर सुन कर बहुत दुख हुआ है. जॉनसन एक बड़ी प्रकाशन कंपनी के मालिक थे और पूरे जैक्सन परिवार के समर्थक थे. उनकी कंपनी अफ़्रीकी-अमरीकी मालिक की विश्व की सबसे बड़ी प्रकाशन कंपनी है. उधर सर्वोच्च न्यायालय के लिए नए मनोनीत किए गए जॉन राबर्ट्स से संबधित छपी एक ख़बर में कहा गया कि सदभावना के एक काम के लिए माइकल जैक्सन को राष्ट्रपति की ओर से समर्थन का पत्र देने से इनकार कर दिया गया था. 1984 में माइकल जैक्सन की जनसंपर्क टीम की ओर से राष्ट्रपति रोनाल्ड रेगन को लिखे एक पत्र में उनसे आग्रह किया गया था कि वो जैक्सन के शराब पी कर गाड़ी चलाने वाले चालकों के ख़िलाफ चलाए गए अभियान की सार्वजनिक रुप से प्रशंसा करें. यह पत्र राष्ट्रपति भवन तक नहीं पहुँचा और सर्वोच्च न्यायलय के लिए भविष्य में नामांकित होने वाले जॉन राबर्ट्स तक पहुँच गया जिन्होनें पॉप स्टार जैक्सन के ख़िलाफ कड़ा रुख़ अपनाया. प्रार्थना अपने उच्चाधिकरियों को भेजे एक पत्र में जॉन राबर्ट्स ने कहा कि अभी राष्ट्रपति भवन कार्यालय माइकल जैक्सन की जनसंपर्क फ़र्म की सहायक कंपनी नहीं बना है. उन्होनें इस पत्र में लिखा, “मुझे इस बात की कोई आवश्यकता महसूस नहीं होती कि राष्ट्रपति, माइकल जैक्सन को केवल इसलिए पत्र लिखें क्योंकि उनकी जनसंपर्क फ़र्म ने इस तरह की प्रार्थना की है”. तीन महीनों बाद जैक्सन के प्रबंधक ने राष्ट्रपति रेगन से इस बात के लिए धन्यवाद का एक पत्र लिखने की प्रार्थना की जिसमें माइकल जैक्सन द्वारा वाशिंगटन में हुए एक संगीत समारोह की 400 टिकटें ज़रूरतमंद नौजवानों के लिए मुहैया कराने की बात कही गई हो.
लेकिन जॉन राबर्ट्स का कहना था, “ब्रूस स्प्रिंग्स्टीन को उनके हाल के संगीत समारोह के बाद इस तरह का पत्र कभी नहीं दिया गया”. पिछले सप्ताह जैक्सन के मुक़दमें के वक़ील थामस मेसेरेऊ ने जूरी के उन दो सदस्यों पर कड़ा प्रहार किया, जिनका यह कहना था कि गाविन अरविज़ो के यौन उत्पीड़न के मामले में माइकल जैक्सन के बरी हो जाने का उनको बहुत पछतावा है. इलेनॉर कुक और रे हल्टमैन ने अमरीका की एक प्रसारण संस्था को कहा कि उनका मानना था कि माइकल जैक्सन ने गाविन अरविज़ो का यौन उत्पीड़न किया था. जूरी के दोनों सदस्यों का कहना था कि जब यह स्पष्ट हो गया कि पॉप स्टार को कभी दोषी नहीं ठहराया जा सकेगा तो वे भी जूरी के दूसरे सदस्यों के साथ चलने को राज़ी हो गए. लेकिन थामस मेसेरेऊ का कहना है कि उन्हें जूरी के दोनों सदस्यों की मंशा पर संदेह है क्योंकि दोनों इस मामले पर क़िताबें लिख रहे हैं और एक टेलीविज़न फ़िल्म बनाने की सोच रहे हैं. लेकिन जैक्सन की वर्तमान क़ानूनी समस्याओं को उस दिन के हो-हल्ले से जोड़ कर देखा जा रहा है जब उन्होनें अपने बरी होने का जश्न मनाया था. |
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