पेरिस ओलंपिक में विनेश फोगाट की ऐतिहासिक पटखनी, कांग्रेस बोली- मोदी फ़ोन करेंगे?

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वक़्त के साथ नज़ारे और ख़्याल बदलते हैं.
बीते साल दिल्ली में विनेश फोगाट और साक्षी मलिक भारतीय कुश्ती महासंघ में कथित यौन उत्पीड़न के ख़िलाफ़ धरने पर बैठी थीं. फिर एक रोज़ विनेश समेत इन पहलवानों को अपनी मांगों के पूरे हुए बगैर धरने से उठना पड़ा.
अब महीनों बाद विनेश फिर झुकी दिखीं, मगर इस बार वो तब उठीं जब उनकी मांग पूरी हो गई और विनेश जीत गईं.
मैच की कमेंट्री कर रहीं साक्षी मलिक बोलीं, 'लेग मूवमेंट में विनेश फोगाट काफी मज़बूत हैं...'
ये बात तब और सच लगती है जब विनेश धरने से पेरिस ओलंपिक के फ़ाइनल तक पहुंचने का सफर इन्हीं कदमों और हौसले के सहारे करती हैं.
विनेश ने छह अगस्त की रात पेरिस में महिला कुश्ती के 50 किलोग्राम भार वर्ग के सेमीफ़ाइनल में जो पटखनी क्यूबा की गुजमैन लोपेज को दी, उसकी धमक के चर्चे भारत में भी हो रहे हैं.
कुछ लोग इस धमक को सिस्टम को विनेश फोगाट के जवाब के तौर पर भी देख रहे हैं.
हालांकि, सेमीफ़ाइनल के बाद जब विनेश ने अपनी मां से कहा, 'गोल्ड लाना है...गोल्ड...', तो ये ज़ाहिर हो गया कि उनका जवाब अभी पूरा नहीं हुआ है.

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मैच में हर वक्त हावी रहीं विनेश
'बीबीसी इंडियन स्पोर्ट्सवुमेन ऑफ़ द ईयर अवॉर्ड 2022' की नॉमिनी रह चुकी विनेश फोगाट ने छह अगस्त को जापान की युई सुसाकी को हराकर ही सबको हैरान कर दिया था.
सुसाकी को हराना कितना अहम है इसका अंदाज़ा इस बात से ही लगता है कि उन्होंने टोक्यो ओलंपिक में एक भी पाइंट खोए बिना गोल्ड मेडल जीता था. सुसाकी अपनी पिछली 82 अंतरराष्ट्रीय बाउट्स में से एक भी हारी नहीं.
दूसरी तरफ़ विनेश फोगाट टोक्यो ओलंपिक के क्वॉर्टर फ़ाइनल में चोटिल होने के बाद हार गई थीं.
इसके बाद बीते साल जब भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व प्रमुख और बीजेपी नेता बृज भूषण शरण सिंह पर यौन दुर्व्यवहार का आरोप लगाते हुए महिला पहलवानों ने प्रदर्शन किया तो विनेश काफ़ी समय तक मैट से दूर रहीं.
लेकिन अब विनेश पेरिस ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रचने से महज़ एक कदम दूर हैं.
विनेश फोगाट ने क्वॉर्टरफ़ाइनल मैच में यूक्रेन की ओसाना लिवाच को 7-5 से हराकर सेमीफ़ाइनल में जगह बनाई. वहीं प्री क्वार्टर फ़ाइनल में उन्होंने शीर्ष वरीयता प्राप्त जापान की युई सुसाकी को 3-2 से शिकस्त दी थी.
वहीं सेमीफ़ाइनल में क्यूबा की गुजमैन लोपेज को विनेश ने 5-0 से हराया.
पूरे सेमीफ़ाइनल मुक़ाबले में विनेश हावी रहीं. उनकी प्रतिद्वंद्वी लोपेज ने कई बार विनेश को पैरों के हिस्से में घेरने की कोशिश की लेकिन विनेश ने उन्हें सफल नहीं होने दिया.


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हर तरफ़ विनेश की तारीफ़
एमेच्योर रेसलिंग की गवर्निंग बॉडी यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग ने सेमीफ़ाइनल में विनेश की जीत के बाद लिखा, "विनेश फोगाट ने आज बहुत से लोगों को गलत साबित किया है."

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विनेश की तारीफ़ भारत के राजनेता भी कर रहे हैं.
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने लिखा, "एक ही दिन में दुनिया की तीन धुरंधर पहलवानों को हराने के बाद आज विनेश के साथ-साथ पूरा देश भावुक है. जिन्होंने भी विनेश और उसके साथियों के संघर्ष को झुठलाया, उनकी नीयत और काबिलियत तक पर प्रश्चनचिह्न खड़े किए, उन सभी को जवाब मिल चुका है.''
राहुल ने लिखा- ''आज भारत की बहादुर बेटी के सामने सत्ता का वो पूरा तंत्र धराशाई पड़ा था, जिसने उसे ख़ून के आंसू रुलाए थे. चैंपियंस की यही पहचान है, वो अपना जवाब मैदान से देते हैं. बहुत शुभकामनाएं विनेश. पेरिस में आपकी सफलता की गूंज, दिल्ली तक साफ सुनाई दे रही है."

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प्री क्वॉर्टर फ़ाइनल में नंबर 1 खिलाड़ी को हराने के बाद प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी विनेश की वाहवाही करते हुए इसे मैदान के अंदर और बाहर उनके संघर्षों की जीत बताया.
उन्होंने लिखा, "आज पूरी दुनिया आपके हाथों में लहराता हुआ तिरंगा देख रही है. आप इस देश का गौरव हैं और हमेशा रहेंगी."

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विनेश फोगाट की उपलब्धि को बीजेपी नेता और भारतीय पहलवान बबीता फोगाट ने भी देश के लिए गर्व का दिन बताया है.
बबीता फोगाट ने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा, "आज देश के लिए गर्व का दिन है...मेडल जीतने के लिए विनेश और उनके सपोर्टिंग स्टाफ़ ने मेहनत की है. कोई भी मेडल जब देश के लिए आता है तो एक अकेला व्यक्ति चाहे वहां लड़ता हो लेकिन उसके साथ बहुत सारे लोग रहते हैं. हर किसी का सहयोग रहता है, तब जाकर एक मेडल आता है."
ये बहुत ख़ुशी का दिन है कि विनेश फ़ाइनल में पहुंच गई है. पहली बार भारत की महिला रेसलर फ़ाइनल में पहुंची है. मैं उन्हें इसके लिए बधाई देती हूं. आज मैंने विनेश की फ़ाइट देखी.मेरे पिता का सपना था ओलंपिक में मेडल लाने का. मुझे लगा कि विनेश ने पापा के सिखाए गुरों को ध्यान में रखते हुए वह समझदारी से टाइम पर अटैक कर रही थीं. वो डिफ़ेंसिव नहीं खेली, ये अच्छा रहा. उनकी यही समझदारी काम आई है. उनका 50 किलो भार वर्ग में खेलने का निर्णय भी बहुत अच्छा रहा."
समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने विनेश फोगाट की जीत को बहुत बड़ी मानसिक जीत भी बताया है.
उन्होंने लिखा, "महान खिलाड़ी विनेश फोगाट की जीत सिर्फ़ उनके खेल की जीत नहीं है, एक बहुत बड़ी मानसिक जीत भी है. उनके फ़ाइनल में पहुंचने पर उनको और देश के सच्चे खेल प्रेमियों को हार्दिक बधाई. फ़ाइनल में जीत के लिए अनंत शुभकामनाएं."

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जयंत सिंह का ट्वीट और बीजेपी सरकार पर लोगों का तंज़
विनेश फोगाट की तारीफ़ करने वालों में बीजेपी के सहयोगी दल और केंद्रीय मंत्री जयंत सिंह भी शामिल हैं.
जयंत सिंह ने ट्वीट किया, "वह मुश्किल हालात का साहस से सामना करने का उदाहरण हैं. ओलंपियन, चैंपियन और अब भारत के लिए ओलंपिक मेडल विजेता. शुभकामनाएं विनेश फोगाट!"
जयंत सिंह के इसी ट्वीट के नीचे एक यूज़र ने लिखा, "सर वह आपसे कहीं अधिक साहसी और मज़बूत रीढ़ वाली हैं."
इस ट्वीट पर जयंत सिंह ने जवाब दिया, "बिल्कुल!"

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पूर्व केंद्रीय मंत्री और बीजेपी नेता अनुराग ठाकुर ने विनेश फोगाट की जीत को अद्भुत बताते हुए उन्हें फ़ाइनल के लिए शुभकामनाएं दी हैं.
लेकिन सोशल मीडिया यूज़र्स ने उनके इस बधाई वाले ट्वीट के नीचे ही ये मांग की है कि अनुराग ठाकुर को पहले विनेश से माफ़ी मांगनी चाहिए.
हालांकि, कुछ लोग विनेश फोगाट की जीत को मौजूदा एनडीए सरकार को उनके जवाब के तौर पर भी मान रहे हैं.
दरअसल, पिछले साल महिला पहलवानों ने भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व प्रमुख और बीजेपी नेता बृज भूषण शरण सिंह पर यौन शोषण के आरोप लगाए और उनकी गिरफ़्तारी की मांग की थी.
महिला पहलवानों के साथ ही कई विपक्षी नेताओं ने भी ये दावा किया कि बीजेपी से होने की वजह से बृजभूषण पर कार्रवाई नहीं हुई.
लोकसभा चुनाव में बीजेपी ने बृजभूषण की बजाय उनके बेटे को टिकट दिया था.
वहीं, बीते साल मई में नई संसद के उद्घाटन के दिन महिला पहलवानों पर दिल्ली पुलिस ने बल प्रयोग भी किया.
विनेश की जीत के बाद विपक्षी नेता जयराम रमेश ने ये सवाल किया है कि क्या अब पीएम मोदी विनेश से फोन पर बात करेंगे?
पिछले काफ़ी समय से वर्ल्ड कप, ओलंपिक जैसे बड़े स्पोर्ट्स इवेंट में भारतीय खिलाड़ियों के पीएम मोदी से फ़ोन पर बातचीत के वीडियो सामने आते रहे हैं.
कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने ट्वीट किया, "विनेश फोगाट का पेरिस ओलंपिक में सिल्वप या गोल्ड मेडल पक्का है. क्या नॉन-बायोलॉजिकल प्रधानमंत्री उन्हें कॉल करेंगे? निश्चित रूप से उन्हें बधाई देने के लिए, लेकिन इससे भी महत्वपूर्ण ये है कि उस शर्मनाक घटना के लिए माफ़ी मांगने के लिए जब महिला पहलवानों के विरोध प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस ने उनके साथ घिनौना व्यवहार किया था."
विनेश की जीत के बाद पहलवान बजरंग पूनिया ने एक मीडिया चैनल से बातचीत के दौरान कहा, "मैं ये देख रहा हूं कि फ़ोन किस टाइम जाएगा बधाई देने के लिए. दोबारा से देश की बेटी बन गई है. जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान जिनके मुंह से एक शब्द नहीं निकल पाया, वो अब बधाई कैसे देंगे- ये देखने वाली बात होगी. पूरा देश देख रहा है इसे."
बजरंग का ये वीडियो अब वायरल है और इसे अलग-अलग सोशल मीडिया हैंडल्स से शेयर किया जा रहा है.
क्या बोले सोशल मीडिया यूज़र्स?
प्री-क्वॉर्टरफ़ाइनल में दुनिया की नंबर एक खिलाड़ी पर विनेश को मिली जीत पर एक यूज़र ने लिखा, "किसी के नियम बनाने से न पहलवान बने थे, न नियम बदलने से पहलवानी जाएगी. न सीधे कोई कोटा चाहिए था. लड़ाई तो हर एक लड़की के सुरक्षित भविष्य की थी."
एक अन्य यूज़र ने लिखा, "भारतीय खिलाड़ी विनेश फोगाट ने पेरिस ओलंपिक में विश्व की नंबर एक खिलाड़ी, चार बार की विश्व विजेता और डिफ़ेंडिंग ओलंपिक चैंपियन को क्वॉर्टर फ़ाइनल मुक़ाबले में हरा दिया. इस जीत के बाद विनेश सेमीफ़ाइनल में पहुंच गई हैं. आप भूल तो नहीं गए कि ये वही विनेश है जिसे अपने देश में लात-घूसों से मारा गया था. सड़कों पर घसीटा गया था. आप पर गर्व है विनेश बहन."
एक और यूज़र ने तंज़ भरे लहज़े में लिखा, "भारत में महिला को न्याय के लिए ओलंपिक पदक जीतना पड़ता है."
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