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बुधवार, 22 नवंबर, 2006 को 09:57 GMT तक के समाचार
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चीन में एचआईवी मामले तीस फ़ीसदी बढ़े
एड्स पीड़ित चीनी नागरिक
चीन में एड्स महामारी फैलने का खतरा जारी
चीन के सरकारी मीडिया में स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक वहाँ एचआईवी और एड्स के मामलों में तीस प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है.

केवल इसी वर्ष एक लाख अस्सी हजार से अधिक मामले सामने आए हैं. हालाँकि एक आकलन में इनकी वास्तविक संख्या छह लाख से भी अधिक बताई गई है.

अधिकारियों का कहना है कि इस वर्ष एड्स के मामलों में इतनी तेज़ी आने का एक कारण पहले से ज़्यादा मामलों को दर्ज किया जाना भी है.

उन्होंने यह भी चेतावनी दी है कि यह बीमारी अब अत्यधिक जोखिम वाले समूहों से आम आदमी में फैलती जान पड़ती है.

चीनी स्वास्थ्य मंत्रालय के आँकड़ों के मुताबिक पिछले साल के एक लाख 44 हज़ार मामलों के मुकाबले इस वर्ष एक लाख 83 हज़ार मामले दर्ज किए गए.

इनमें से 37 प्रतिशत मामलों में एचआईवी फैलने का कारण नशीली दवाओं के गलत तरीके से इस्तेमाल किए जाने को माना गया है. जबकि 28 फ़ीसदी मामलों में असुरक्षित यौन संबंधों को इसके लिए ज़िम्मेवार ठहराया गया है.

अधिकारियों का कहना है कि यही दो कारण इस बीमारी के प्रसार के लिहाज़ से बड़ा ख़तरा बने हुए हैं क्योंकि इस तरह के असुरक्षित व्यवहार को रोकने के लिए अभी तक कोई कारगर उपाय नहीं किए गए हैं.

वर्ष 2005 के आखिर में चीन के स्वास्थ्य मंत्रालय और संयुक्त राष्ट्र दोनों के आकलन में चीन में एचआईवी मामलों की कुल संख्या छह लाख पचास हजार बताई गई थी और अन्य पचहत्तर हजार लोग एड्स के शिकार हैं.

विशेषज्ञों का कहना है कि वर्षों तक एचआईवी और एड्स को बड़ा खतरा मानने से इनकार करने के बाद, चीनी सरकार ने हाल में एड्स के ख़िलाफ़ लड़ाई तेज़ की है.

एड्स पीड़ितों के साथ भेदभाव को रोकने के एक प्रयास के तहत 2004 में राष्ट्रपति हू जिंताओ ने एड्स रोगियों से बातचीत करने के लिए एक टेलीविज़न कार्यक्रम में हिस्सा लिया था.

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