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अमरीका में इराक़ युद्ध के ख़िलाफ़ प्रदर्शन | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीका में इराक़ से अमरीकी सेनाओं की वापसी की माँग को लेकर हज़ारों लोगों ने प्रदर्शन किया है. यह प्रदर्शन ऐसे समय हुआ है जब अमरीकी संसद में राष्ट्रपति बुश की इराक़ में 21,500 अतिरिक्त सैनिक भेजने की योजना पर चर्चा होनी है. प्रदर्शनकारी 'सैनिकों को वापस बुलाओ' जैसे नारे लगा रहे थे. उन्होंने अमरीकी संसद से अपील की कि वह इराक़ में अतिरिक्त सैनिक भेजने की राष्ट्रपति बुश की योजना खारिज कर दें. इस प्रदर्शन में वियतनाम युद्ध के समय की मुखर विरोधी हॉलीवुड़ की अभिनेत्री जेन फोन्डा ने भी भाषण दिया. जेन फोन्डा ने कहा, '' मैंने पिछले 34 वर्षों में किसी युद्ध विरोधी रैली को संबोधित नहीं किया. लेकिन चुप्पी अब कोई विकल्प नहीं है.'' इसके पहले अमरीकी सीनेट की एक समिति ने राष्ट्रपति बुश के इराक़ में अतिरिक्त सैनिक भेजने के प्रस्ताव को नामंज़ूर कर दिया था. अब इस प्रस्ताव को मतदान के लिए सीनेट के सामने रखा जाएगा. विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी के नियंत्रणवाली विदेशी मामलों की समिति ने राष्ट्रपति बुश के प्रस्ताव को नामंज़ूर कर दिया और कहा कि यह नीति देश हित में नहीं है. हालांकि यह मतदान राष्ट्रपति बुश को बाध्य नहीं करता है लेकिन माना जा रहा है कि इसके बाद उन्हें अपने फ़ैसले पर पुनर्विचार करना पड़ सकता है. इसके पहले राष्ट्रपति बुश ने राष्ट्र को अपने संबोधन में अपील की थी कि इराक़ पर नई रणनीति को एक मौक़ा दिया जाना चाहिए. उन्होंने कहा था कि इराक़ में विफल होने के और भी गंभीर परिणाम हो सकते हैं. उन्होंने ज़ोर देते हुए कहा था, "अमरीका और उसके लोगों की सुरक्षा के लिए यह ज़रूरी है कि इराक़ सहित मध्य पूर्व में शांति और एक स्वतंत्र समाज की स्थापना के लिए काम किया जाए." | इससे जुड़ी ख़बरें 'इराक़ पर एक मौका और दें'24 जनवरी, 2007 | पहला पन्ना 'दुनिया में अमरीका की छवि ख़राब हुई'23 जनवरी, 2007 | पहला पन्ना बुश प्रशासन की कड़ी आलोचना20 जनवरी, 2007 | पहला पन्ना बुश सांसदों को समझाने में जुटे18 जनवरी, 2007 | पहला पन्ना 'पिछले साल 34 हज़ार इराक़ी मारे गए'16 जनवरी, 2007 | पहला पन्ना बुश अपनी इराक़ नीति पर दृढ़15 जनवरी, 2007 | पहला पन्ना इराक़ में और सैनिक भेजने की घोषणा 11 जनवरी, 2007 | पहला पन्ना 'दुनिया में बहुमत यातना के ख़िलाफ़'19 अक्तूबर, 2006 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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