चीनः नकल रोकने के लिए ड्रोन का प्रयोग

इमेज स्रोत, Other
- Author, टेसा वांग
- पदनाम, बीबीसी न्यूज़
चीन की सबसे प्रतिष्ठित राष्ट्रीय परीक्षा गाओकाओ में हर साल 90 लाख से ज़्यादा छात्र हिस्सा लेते हैं. इस परीक्षा में नकल रोकना प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती रहती है.
इस साल की यह परीक्षा 7 और 8 जून को हुई.
छात्रों के लिए विश्वविद्यालय में दाखिला लेने का यह एकमात्र रास्ता है. इसलिए उन पर इसमें पास होने का काफ़ी दबाव रहता है.
असल में गाओकाओ को एक शानदार मौके के रूप में देखा जाता है, खासकर ग़रीब तबके के लोगों के बीच.
ये परीक्षा बहुत कड़ी सुरक्षा में कराई जाती है लेकिन नकल होने की गुंजाइश बनी रहती है.
कड़ी सुरक्षा

इमेज स्रोत, Other
नकल रोकने के लिए परीक्षा हॉल में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाते हैं.
स्मार्टफ़ोन ले जाने से रोकने के लिए स्कूल के गेट पर मेटल डिटेक्टर लगाया जाता है.
साइना न्यूज़ के मुताबिक़, बीजिंग में परीक्षा हॉल में कम्प्यूटराइज़्ड घड़ियां लाने पर पाबंदी है.
प्रश्नपत्रों को स्कूलों तक जीपीएस लगाकर लाया जाता है ताकि वे लीक न हो जाएं.
हेनान प्रांत में तो अधिकारियों ने नकल रोकने के लिए ड्रोन तक तैनात किया था.
डाहे ऑनलाइन की ख़बर के अनुसार, लूयांग शहर के दो परीक्षा केंद्रों पर रेडियो सिग्नल पकड़ने वाले ड्रोन तैनात किए गए थे.
ड्रोन से निगरानी

इमेज स्रोत, Other
इतना बंदोबस्त होने के बावजूद परीक्षा में नकल पूरी तरह रुक नहीं पाती.
बीजिंग न्यूज़ डेली के मुताबिक़, इनर मंगोलिया स्कूल के प्रशासन ने 1,465 विद्यार्थियों को अयोग्य क़रार दे दिया. इन लोगों को अवैध 'गाओकाओ अप्रवासी' पाया गया.
इनमें कई कम्युनिस्ट पार्टी के अधिकारियों के बच्चे भी शामिल थे.
उत्तरी इलाक़े में पूरे देश से छात्र आते हैं क्योंकि यहां पास होने के लिए अन्य प्रांतों की अपेक्षा कम ग्रेड की ज़रूरत होती है.
आसान परीक्षा

इमेज स्रोत,
गाओकाओ के लिए प्रश्नपत्र हर प्रांत अलग-अलग तैयार करता है.
इनर मंगोलिया की परीक्षा तुलनात्मक रूप से आसान समझी जाती है. लेकिन इनर मंगोलिया में वही परीक्षा दे सकता जिसने यहाँ के स्थानीय स्कूल में कम से कम दो साल पढ़ाई की हो.
पुलिस ने हुबेई और जियांग्सी में ऐसे रैकटों का भी भंडाफोड़ किया है जो पैसे लेकर छात्रों की जगह दूसरे से परीक्षा दिलाते हैं.
<bold>(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए <link type="page"><caption> यहां क्लिक</caption><url href="https://play.google.com/store/apps/details?id=uk.co.bbc.hindi" platform="highweb"/></link> करें. आप हमें <link type="page"><caption> फ़ेसबुक</caption><url href="https://www.facebook.com/bbchindi" platform="highweb"/></link> और <link type="page"><caption> ट्विटर</caption><url href="https://twitter.com/BBCHindi" platform="highweb"/></link> पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)</bold>













