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ट्रंप की सलाहकार बोलीं, "मैं भी यौन हमले की पीड़ित"
अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप की सलाहकार कैलीयेन कॉनवे का कहना है कि किशोरावास्था में उन्हें भी यौन उत्पीड़न का सामना करना पड़ा था.
उन्होंने सीएनएन से कहा, "मैं भी यौन हमले की पीड़ित हूं."
51 साल की कॉनवे ने इससे पहले संकेत दिए थे कि कांग्रेस के एक सदस्य ने उनका उत्पीड़न किया था.
कॉनवे ने ये टिप्पणी राष्ट्रपति ट्रंप की ओर से सुप्रीम कोर्ट के लिए नामित जज ब्रेंट कैवेनॉ का बचाव करते हुए की. कैवेनॉ पर भी किशोरावस्था में यौन उत्पीड़न करने के आरोप लगे हैं.
उन्होंने कहा, "मैं यौन हमलों की शिकार महिलाओं का दर्द समझ सकती हूं."
कैवेनॉ के नामांकन की पुष्टि के लिए सीनेट में होने वाला मतदान नाटकीय अंदाज़ में एक सप्ताह के लिए टाल दिया गया है. इस दौरान एफ़बीआई उन पर लगे आरोपों की जांच कर रही है.
इससे पहले कैवेनॉ की सीनेट समिति के समक्ष हुई सुनवाई को अमरीका और दुनियाभर में करोड़ों लोगों ने देखा.
डॉ. क्रिस्टीन ब्लासी फ़ोर्ड ने समिति के सामने कैवेनॉ पर किशोरावस्था के दौरान यौन हमला करने के आरोप लगाए.
यही नहीं एफ़बीआई कम से कम एक और महिला की ओर से लगाए गए आरोपों की जांच भी कर रही है.
कॉनवे ने क्या कहा?
ये पहली बार नहीं है जब कॉनवे ने अपने यौन शोषण की बात की है.
साल 2016 में राष्ट्रपति ट्रंप का चुनाव अभियान संभालने के दौरान भी उन्होंने एमएसएनबीसी को दिए एक साक्षात्कार में यौन उत्पीड़न के संकेत दिए थे.
उन्होंने कहा था, "मैं कांग्रेस के कुछ सदस्यों से बात करना चाहती हूं. जब मैं ख़ूबसूरत थी और जवान थी, तब क्या लड़कियों को अनचाहे तरीके से छूना, उनकी पसंद के बिना उनके मुंह में जीभ डालना सही था?"
साल 2017 में उन्होंने कहा था कि किसी ने उनकी परवाह नहीं की क्योंकि उनके राजनीतिक विचार अलग थे.
अब सीएनएन से बातचीत में कॉनवे ने कहा है, "मैं भी यौन हमले की पीड़ित हूं. मैं ये उम्मीद नहीं करती कि जज कैवेनॉ, या जैक टेपर या जेफ़ फ्लेक या फिर कोई और इसके लिए ज़िम्मेदार है. मुझे लगता है कि हर कोई स्वयं अपने व्यवहार के लिए ज़िम्मेदार है."
"सबसे बड़ी ग़लती ये है कि हम पीड़िताओं या शोषण करने वालों के राजनीतिक झुकाव या फिर लिंग को देखकर व्यवहार करते हैं. हमें ये ग़लती नहीं करनी चाहिए."
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