बीबीसी डॉक्यूमेंट्री देख शेरनी पाल रही है बच्चे

शेरनी

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    • Author, नारायण बारेठ
    • पदनाम, जयपुर से, बीबीसी हिंदी डॉटकॉम के लिए

यूं तो उसकी एक दहाड़ से फिज़ा में बिजली कौंधती है.

मगर इस वक्त शेरनी तेजिका जयपुर के नाहरगढ़ जैविक उद्यान में अपने तीन नवजात शावकों पर ममता न्योछावर करती देखी जा रही है.

तेजिका को ममत्व और शावकों की परवरिश कोई अनुभव नहीं है. लेकिन वो डाक्यूमेंट्री देख कर शावकों का लालन-पालन सीख रही है.

वन अधिकारियों ने तेजिका के लिए उसके बाड़े में एलइडी टीवी लगाया है.

वो टीवी के पर्दे पर बीबीसी की डाक्यूमेंट्री देखकर ममत्व के सबक सीख रही है और अपने तीनो शावकों को पाल रही है.

नाहरगढ़ जैविक उद्यान

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इमेज कैप्शन, जयपुर के नाहरगढ़ जैविक उद्यान में शेरनी तेजिका के लिए टीवी लगाया गया है.

इसे लेकर वन अधिकारी काफी उत्साहित है.

एशियाई शेरनी तेजिका ने अपनी जिंन्दगी का बड़ा हिस्सा सर्कस में करतब दिखाते गुजारा है।वो शेरो की सल्तनत जंगल और कुदरती माहौल से महरूम रही है। उसे गुजरत में एशियाई शेरो की पनाहगाह गिर से राजस्थान लाया गया था।

वन विभाग सूत्रों ने बताया तेजिका ने बीती 20 -21 मध्य रात्रि को पांच शावकों को जन्म दिया था. इसमें से एक की जन्म के वक्त और दूसरे शारीरिक तौर पर कमजोर शावक की मौत हो चुकी है.

अब तेजिका अपने तीन शावकों की परवरिश कर रही है.

वन विभाग के मुताबिक जब तेजिका के लिए टीवी लगाया गया तो शुरुआत में उसने इसकी अनदेखी की.

शेर

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मगर धीरे धीरे तेजिका ने टीवी स्क्रीन को निहारना शुरू किया. उसकी आंखे डाक्यूमेंट्री में वो मंजर देखने लगी जिसमे कोई शेरनी माँ बनने के बाद शावकों की देखभाल करती है. डॉक्यूमेंट्री में वो दृश्य कैद है जिसमे एक शेरनी शावकों को जन्म देने के बाद कैसे अपने मुँह में पकड़ कर सार संभाल करती है. तेजिका ने बड़े गौर से इन द्र्श्यो को देखा और ममत्व के गुर सीखे.

अधिकारी कहते है इस प्रयोग का कितना और कैसा असर होगा ,इस पर नजर रखी जा रही है.

वन विभाग के डॉक्टर और विशेषज्ञ तेजिका और उसके शावकों के स्वास्थ्य की पूरी निगरानी रख रहे हैं.

अरावली पर्वतमाला के पहाड़ों की गोद में स्थित नाहरगढ़ जैविक उद्यान में हर कर्मचारी और अधिकारी खुश है. क्योंकि कोई 29 साल बाद वहां शेरनी के शावकों की किलकारियां सुनाई दी हैं.

इसलिए इन शावकों को बहुत नाजों से रखा जा रहा है और उस तरफ इंसानी आवक जावक रोक दी गई है ताकि शेरनी तेजिका की निजता में कोई दखल न हो.

उसकी एक आवाज़ से कोई भी दहल जाता होगा पर शावकों के लिए तो वो महज माँ है. उसके पहलू में नन्हे शावकों के लिए भरपूर लाड़ है ,दुलार है.

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