जब अमिताभ ने कहा 'तुम पागल हो गए हो'

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जब निर्माता-निर्देशक मनमोहन देसाई बॉलीवुड अभिनेता अमिताभ बच्चन के पास फ़िल्म 'अमर अकबर एंथनी' का प्रस्ताव लेकर आए तो अमिताभ ने कहा, "तुम पागल हो गए हो?"
हाल ही में एक किताब के लांच पर अमिताभ ने अपने और मनमोहन देसाई के बारे में कुछ ऐसी ही रोचक बातें बताईं.
अमिताभ ने बताया, "जब मनमोहन देसाई मेरे पास आए और बोले कि मैं 'अमर अकबर एंथनी' बनाना चाहता हूँ तो मैंने उनसे पूछा, "जिस ज़माने में 'छोटी बहू', 'बड़ी बहन' जैसी फ़िल्में बन रहीं हैं तुम ये ले आए. कौन देखेगा ऐसी फ़िल्म?"
अमिताभ ने आगे कहा कि, "उस फ़िल्म का पहला सीन शूट हो रहा था जिसमें तीन भाई एक साथ एक महिला को ख़ून दे रहे थे. ये देखकर मैंने कहा कि यह तो चिकित्सा के इतिहास में अभी नहीं हुआ होगा, तो मुझे मनमोहन ने गाली दी और कहा, तुम देखना."
अमिताभ बताते हैं कि फ़िल्म की रिलीज़ के बाद जब वो सीन लोगों ने देखा तो ख़ूब तालियाँ बजीं और "ये साबित हुआ कि मेरी जानकारी फ़िल्मों में उतनी अच्छी नहीं."
"वन्स अपॉन अ टाइम इन इंडिया - अ सेंचुरी ऑफ इंडियन सिनेमा" किताब के लांच पर अमिताभ ने फिल्मों में अपने सफ़र के कुछ और अनसुने पहलू बताए.

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अमिताभ ने भारतीय फ़िल्म इंडस्ट्री में आए बदलाव के बारे में कहा, "तकनीकी बदलाव बहुत आए हैं. अब फ़िल्म रील है ही नहीं, सब डिजिटल है तो हम इसे फ़िल्म इंडस्ट्री क्यों कहें? जिस तरह से फ़िल्में बनती हैं उसमें बदलवाव आया है. सालों पहले, फ़िल्म की रील बहुत ही महंगी होती थी, हम उसे वेस्ट नहीं कर सकते थे. इसलिए कहीं ना कहीं ये दबाव होता था कि आप एक ही टेक में सीन करें नहीं तो आगे शायद आपको काम ना मिले या आप फ़िल्म से ही निकाल दिए जाएं."
अमिताभ ने आगे कहा कि, "जब मैं निर्माता-निर्देशक हृषिकेश मुखर्जी को ये कहता था कि मुझे एक और टेक लेना है तो वो पूछते थे, इसका पैसा तुम दोगे."
उन्होंने कहा कि उन्हें हर दशक में कुछ अलग देखने को मिला और सभी चीज़ों की तुलना नहीं की जा सकती.
उन्होंने कहा, "हर दशक में नया संगीत, नए कलाकार, नए निर्माता निर्देशक देखने को मिले. मुझे याद है पचास की दशक की फ़िल्म देखने का अलग ही मज़ा था. तब एक दो ही एयरकन्डीशंड सिनेमा घर थे और वो एक विचित्र बात थी."

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हाल ही में फ़िल्म "पिंक" में नज़र आए अमिताभ महिलाओं के साथ छेड़छाड़ के मामलों पर भी बोले. उन्होंने इन सब हादसों की निंदा की और कहा कि भारतीय समाज को बदलने में अभी वक़्त है.
उन्होंने फ़िल्म 'पिंक' के उस यादग़ार डायलॉग को दोहराया, "नो मीन्स नो".
उन्होंने कहा ,"औरत जब ना कहती है तो आपको रुकना होगा, चाहे वो आपकी दोस्त हो या पत्नी. मुझे गर्व है कि मैंने 'पिंक' जैसी फ़िल्म में काम किया ."
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