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जेट-सहारा सौदा पहुँचा अदालत में | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
नागरिक विमानन क्षेत्र का भारत का अब तक का सबसे बड़ा सौदा आख़िरकार ख़त्म हो गया है और अब मामला लखनऊ की एक अदालत में पहुँच गया है. अदालत का दरवाज़ा सहारा एयरलाइंस ने खटखटाया और अनुरोध किया कि जेट एयरवेज़ को खाते से 500 करोड़ रुपए निकालने से रोका जाए. दूसरी तरफ़ जेट एयरवेज़ की ओर से ऐसी ही एक याचिका मुंबई की एक अदालत में दायर की गई है. लखनऊ की अदालत ने सहारा की याचिका पर ऐसी रोक लगा दी है और कहा है कि इस मामले को निपटाने के लिए एक पंचाट या मध्यस्थ का गठन किया जाएगा. सहारा एयरलाइंस ने गुरुवार से अपनी सेवाएँ ख़ुद संचालित करने की घोषणा की है. उल्लेखनीय है कि भारत की दो प्रमुख निजी विमान कंपनियों जेट एयरवेज़ और सहारा एयरलाइंस के बीच इसी वर्ष जनवरी में 2300 करोड़ रुपयों का विमानन सौदा हुआ था. ग़ौरतलब है कि इस सौदे की समयसीमा मार्च में ही ख़त्म होने वाली थी जिसे तीन महीने के लिए बढ़ा दिया गया था. इस बढ़ी हुई मियाद के बाद 21 जून की मध्यरात्रि के बाद ये सौदा अपने आप रद्द हो गया. समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार इस सौदे के लिए जेट सहारा समूह को अभी तक 500 करोड़ रूपए की अग्रिम राशि का भुगतान भी कर चुका था. यही 500 करोड़ बैंक में जमा हैं. सहारा ख़ुद सेवाएँ चलाएगा ख़बरें हैं कि जेट एयरवेज़ को ये सौदा महँगा लग रहा था और वो चाहता था कि सहारा क़ीमतें कम कर दे. लेकिन सहारा इसके लिए तैयार नहीं था. एक दूसरा तकनीकी पहलू ये है कि सरकार ने जेट एयरवेज़ के प्रमुख नरेश गोयल को अंतिम समय तक सहारा एयरलाइंस के निदेशक मंडल में शामिल होने की इजाज़त नहीं दी. सहारा एयरलाइंस के प्रेसीडेंट आलोक शर्मा ने बीबीसी से कहा कि सहारा इस सौदे के लिए हमेशा तैयार था. सौदा टूट जाने के बाद सहारा एयरलाइंस ने गुरुवार से दोबारा अपना कामकाज करना शुरु करने की घोषणा की है. इस सौदे के बाद से जेट एयरवेज़ का प्रबंधन ही सहारा के विमानों का संचालन देख रहा था. | इससे जुड़ी ख़बरें जेट-सहारा सौदे पर 'सवालिया निशान'20 जून, 2006 | कारोबार जेट एयरलाइंस ने एयर सहारा को ख़रीदा 19 जनवरी, 2006 | कारोबार सौदा जेट और सहारा के फ़ायदे में19 जनवरी, 2006 | कारोबार एयर सहारा की कई उड़ानें रद्द12 फ़रवरी, 2006 | भारत और पड़ोस सियाचिन तक पहुँची निजी एयरलाइंस15 जुलाई, 2005 | भारत और पड़ोस एयर इंडिया और बोइंग में समझौता11 जनवरी, 2006 | कारोबार हवाई जहाज़ की दुकान अब हवाई बात नहीं29 मार्च, 2006 | भारत और पड़ोस | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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