वेस्ट इंडीज़ वर्ल्ड कप से 'आउट', स्कॉटलैंड से हार दो बार की चैंपियन टीम को पड़ी भारी

इमेज स्रोत, Getty Images
वेस्ट इंडीज़ की टीम इस साल भारत में होने वाले वर्ल्ड कप में खेलती नहीं दिखेगी.
ये वही टीम है, जिसकी वजह से क्रिकेट फैन्स दो साल यानी 1975 और 1979 को अब तक याद रखते हैं.
तब क्रिकेट के सबसे बड़े टूर्नामेंट वर्ल्ड कप में वेस्ट इंडीज़ ने लगातार दो बार ट्रॉफी जीती और दुनिया भर में अपनी धाक जमाई थी.
तब कप्तान क्लाइव लॉयड थे और टीम में विव रिचर्ड्स, एल्विन कालीचरण, रोहन कन्हाई और माइकल होल्डिंग जैसे दिग्गज खिलाड़ी थे.
फिर साल आयाा 1983 और वर्ल्ड कप फ़ाइनल में वेस्ट इंडीज़ का मुकाबला भारत से था.
भारत भले ही वर्ल्ड कप जीता लेकिन लगातार तीसरी बार फ़ाइनल में पहुंचकर विंडीज टीम ने क्रिकेट की दुनिया में अपनी दमदार मौजूदगी दर्ज़ कराई थी.
समय गुजरा, खेल में बदलाव आया और फिर वेस्ट इंडीज का रुतबा भी कम होता चला गया.
आज हालात ये हैं कि वर्ल्ड कप टूर्नमोंट के 48 साल के इतिहास में ये टीम पहली बार बाहर हो चुकी है.
मैल्कम मार्शल, कर्टने वॉल्श, ब्रायन लारा, शिवनारायण चंद्रपाल, क्रिस गेल, कीरोन पोलार्ड और ड्वेन ब्रावो जैसे खिलाड़ी जिस टीम से खेले हों उस टीम का ये हाल देखकर क्रिकेट फैंस भी हैरान है.
वेस्ट इंडीज़ की टीम उन आठ टीमों में जगह नहीं बना सकी थी, जिन्हें वर्ल्ड कप में सीधी एंट्री मिल गई. उसे जगह बनाने के लिए क्वालिफ़ायर मुक़ाबलों में हिस्सा लेना पड़ा.
वर्ल्ड कप क्वॉलियफ़ायर के एक मुकाबले में स्कॉटलैंड की टीम ने वेस्ट इंडीज़ को सात विकेट से हरा दिया है. हार के साथ ही वेस्ट इंडीज़ की टीम वर्ल्ड कप 2023 की रेस से बाहर हो चुकी है.
सुपर-6 राउंड के मैच में स्कॉटलैंड ने टॉस जीतकर गेंदबाजी चुनी. पहले बल्लेबाज़ी करते हुए वेस्टइंडीज़ की टीम 181 रनों पर ऑलआउट हो गई और फ़िर स्कॉटलैंड ने 43.3 ओवर में तीन विकेट के नुकसान पर 185 रन बनाकर जीत हासिल की.
स्कॉटलैंड की तरफ से ब्रैंडन मैकमुलन ने पहले तीन विकेट चटकाए और फिर 69 रनों की मैच जिताऊ पारी खेली. मैकमुलन को इस योगदान के लिए 'प्लेयर ऑफ़ द मैच' चुना गया है.

इमेज स्रोत, Getty Images
हार के बाद क्या बोले कप्तान?
कप्तान शाई होप ने हार की जिम्मेदारी ली और कहा कि आप एक सुबह उठकर बेहतरीन टीम बनने की उम्मीद नहीं कर सकते हैं.
उन्होंने कहा, '' हमने निश्चित रूप से टूर्नामेंट में खुद को निराश किया. हमें निश्चित रूप से यह देखने की जरूरत है कि हम अपनी पारी की शुरुआत कैसे करते हैं. हम जानते थे कि यह चुनौतीपूर्ण होगा. टॉस हमेशा महत्वपूर्ण होता है लेकिन टॉस हमारे पक्ष में नहीं रहा तो हमें इससे निपटने का तरीका खोजने की जरूरत है.''
पूरे टूर्नामेंट में फ़ील्डिंग विंडीज टीम के लिए कमजोर कड़ी साबित हुई. वेस्ट इंडीज ने पहले कैच छोड़े और फिर मैच भी छूट गए. कप्तान शाई होप ने फील्डिंग को लेकर भी चिंता ज़ाहिर की है.
उन्होंन कहा, ''मेरे हिसाब से फील्डिंग एक एटीट्यूट है. कैच छूटेंगे और मिसफील्ड होगी, यह खेल का हिस्सा है और मुझे लगता है कि हमने हर बार शत-प्रतिशत प्रयास न करके टुकड़ों में किए हैं. हम यहां आकर बिना किसी तैयारी के एक अच्छी टीम बनने की उम्मीद नहीं कर सकते हैं.''
''आप एक सुबह उठकर एक बेहतरीन टीम बनने की उम्मीद नहीं कर सकते. हमें वेस्टइंडीज के प्रशंसकों को खुश होने के लिए कुछ करना होगा. हमारे पास दो और मैच हैं और हमें वापसी का रास्ता ढूंढना होगा. मैं हमेशा यह मानता हूं कि टीम में प्रतिभा है लेकिन हमें उसे निरंतर प्रदर्शन में तब्दील करने की जरूरत है.''
एक टेस्ट खेलने वाली टीम वेस्ट इंडीज़ आईसीसी के एसोसिएट टीम स्कॉटलैंड से हार गई लेकिन टूर्नामेंट में ऐसा पहली बार नहीं हुआ है.
इस मैच से ठीक पहले वाले मैच में वेस्ट इंडीज की टीम नीदरलैंड्स से हार चुकी है जो कि एसोसिएट टीम है.

इमेज स्रोत, Getty Images
वर्ल्ड कप क्वालिफायर में वेस्ट इंडीज़ का सफर (ग्रुप स्टेज)
वेस्ट इंडीज़ बनाम अमेरिका: 18 जून को खेले गए इस मैच में वेस्ट इंडीज़ ने अमेरिका की टीम को 39 रन से हराया था. पहले बल्लेबाज़ी करते हुए वेस्ट इंडीज़ की टीम 297 रनों पर ऑलआउट हो गई थी, जवाब में अमेरिका की टीम ने निर्धारित पचास ओवरों में सात विकेट के नुकसान पर 258 रन बना पाई थी.
वेस्ट इंडीज़ बनाम नेपाल: नेपाल के ख़िलाफ़ विंडीज टीम ने 101 रनों के बड़े अंतर से जीत दर्ज़ की थी. पहले बल्लेबाज़ी करते हुए वेस्ट इंडीज ने 339/7 रनों का विशाल स्कोर बनाया था और लक्ष्य का पीछा करते हए नेपाल की पूरी टीम 238 रनों पर सिमट गई थी.
वेस्ट इंडीज़ बनाम जिम्बांबे: विंडीज़ टीम ये मुकाबला 35 रनों से हारी और फ़िर क्वालिफायर्स में उनकी हार का सिलसिला शुरू हो गया था. पहली बैटिंग में जिम्बांबे ने 268 रन बनाए थे जवाब में पूरी विंडीज़ टीम 233 रनों पर सिमट गई थी.
वेस्ट इंडीज़ बनाम नीदरलैंड्स: एक और उलटफेर, विंडीज़ टीम की एक और हार. मैच में मुकाबला सुपर ओवर तक पहुंचा और फिर सुपर ओवर में डच टीम ने बाजी मार ली थी.
कॉपी: अंशुल सिंह
ये भी पढ़ें-
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)












