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वापसी की योजना बना रहे हैं लारा | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
संन्यास लेने की घोषणा के कुछ ही महीनों बाद ब्रायन लारा ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी के संकेत दिए हैं. बाएँ हाथ के दिग्गज बल्लेबाज़ का कहना था कि वो क्रिकेट से अलग नहीं रह सकते इसलिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी के बारे में विचार कर रहे हैं. लारा का कहना था,'' मैं फिर क्रिकेट खेलना चाहूँगा. यदि मैं छह से आठ महीने तक क्रिकेट नहीं खेला तो इससे अलग हो जाऊंगा और मैं यह नहीं चाहता हूँ.'' क्रिकेट की जानीमानी पत्रिका विस्डन से बातचीत में लारा ने कहा कि उन्होंने अपनी शर्तों पर वेस्टइंडीज़ क्रिकेट को छोड़ा था. उनका कहना था,'' जब मैंने वेस्टइंडीज़ क्रिकेट को छोड़ा था तो मेरा सर गर्व से ऊँचा था.'' बेहतरीन बल्लेबाज़ ब्रायन लारा का नाम डॉन ब्रैडमैन के बाद सबसे बेहतरीन बल्लेबाज़ के रूप में लिया जाता है. दरअसल कैरिबियाई देशों में खेले गए विश्व कप में वेस्टइंडीज़ की टीम सुपर आठ में तो पहुँची लेकिन प्रदर्शन इतना ख़राब रहा कि कप्तान लारा को संन्यास की घोषणा करनी पड़ गई. पहले उन्होंने एकदिवसीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कि फिर कहा कि अब वो आराम करना चाहेंगे और टेस्ट भी नहीं खेलेंगे. पिछले एक दशक में बाएं हाथ के बल्लेबाज़ों में लारा से बेहतर शायद ही कोई हो. रिकॉर्ड बनाने की बात हो तो लारा उसमें भी सबसे आगे रहे. लारा के नाम टेस्ट क्रिकेट में 400 रन बनाने और प्रथम श्रेणी के मैचों में 501 रन बनाने का विश्व रिकॉर्ड है. लारा का प्रदर्शन टेस्ट और वनडे दोनों में ही ज़बर्दस्त रहा है. जहां उन्होंने 298 एकदिवसीय मैचों में 40.57 की औसत से 10,387 रन बनाए हैं वहीं 131 टेस्ट मैचों में 52.88 की औसत से 11,953 रन भी उनके नाम हैं. लारा की सबसे बड़ी विडंबना शायद यह है कि क्रिकेट की दुनिया के सबसे बड़े रिकॉर्ड अपने नाम कर लेने वाला यह खिलाड़ी कभी विश्व कप नहीं जीत सका. |
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