स्वर्ण पदक के साथ योगेश्वर की वापसी

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- Author, आदेश कुमार गुप्त
- पदनाम, खेल पत्रकार, बीबीसी हिन्दी के लिए
लंदन ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता पहलवान योगेश्वर दत्त ने इटली में आयोजित अंतराष्ट्रीय कुश्ती प्रतियोगिता में रविवार को स्वर्ण पदक अपने नाम किया.
योगेश्वर ने 65 किलोग्राम भार वर्ग के फ्री स्टाइल मुक़ाबले में यह कामयाबी हासिल की. पहले वह 60 किलो भार वर्ग में हिस्सा लेते थे.
उनके अलावा परवीन राना ने 70, अमित कुमार ने 57 और नरसिंह यादव ने 74 किलो भार वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर भारतीय खेमे की खुशी को चौगुना कर दिया.
'पहलवान कुछ कर दिखाएं'
योगेश्वर अपने घुटने की चोट के कारण लम्बे समय से परेशान रहे हैं. योगेश्वर दत्त भारत के उन गिने-चुने पहलवानों में शामिल हैं जिन्होंने एशियाई खेलों में भी स्वर्ण पदक जीता है.

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योगेश्वर दत्त ने पिछले साल इंचियान एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीता था. इससे पहले वह ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में भी स्वर्ण पदक जीतने में कामयाब रहे थे.
भारतीय पहलवानों की इस कामयाबी पर लंदन ओलंपिक में रजत और बीजिंग ओलंपिक में कांस्य पदक और विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाले सुशील कुमार ने खुशी ज़ाहिर की है.
बीबीसी से खास बातचीत में उन्होंने कहा, "योगेश्वर दत्त ने नए भार वर्ग में शानदार प्रदर्शन किया है जबकि ऐसा करना आसान नहीं होता. एक सीनियर खिलाड़ी की यही ख़ासियत होती है कि वह अपने प्रदर्शन से बाकी खिलाड़ियों का हौसला भी बढ़ाए."
इटली में हुए मुक़ाबलों में प्रतिस्पर्धा को लेकर उन्होंने कहा, "जीत आखिर जीत है चाहे वह कहीं भी हो."
इन दिनों भारतीय पहलवानों को मिल रही सुविधाओं को लेकर भारत के स्टार पहलवान कहते हैं, "अब पहलवानों का ध्यान बहुत अच्छी तरह रखा जाता है. अब तो समय आ गया है कि पहलवान ही कुछ करके दिखाएं."
'नरसिंह से उम्मीदें'

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नरसिंह यादव के स्वर्ण पदक जीतने पर सुशील कुमार ने कहा, "उनमें अपार प्रतिभा है, हालांकि इससे पहले वह उसके साथ न्याय नहीं कर पाए."
उन्होंने उम्मीद जताई कि अब नरसिंह और बेहतर परिणाम देंगे.
लंदन ओलंपिक के बाद सुशील कुमार ने ज़्यादा टूर्नामेंट नही खेले हैं. उन्होंने कहा कि इन दिनों वह पूरी तरह फिट हैं और आने वाले मुक़ाबलों की तैयारी में से जुटे हैं.
इटली में स्वर्ण पदक जीतने के साथ ही योगेश्वर दत्त ने भी अपनी फिटनेस का सबूत दे दिया है. अब देखना है कि सुशील कब अपना दम दिखाते हैं.
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