धोनी से नाराज़ होने वाली ख़बरों पर बिफरे हरभजन सिंह

इमेज स्रोत, Getty Images
भारतीय क्रिकेटर हरभजन सिंह ने ट्विटर पर एक इंटरव्यू का वीडियो पोस्ट किया. उन्होंने मीडिया पर अपनी नाराज़गी ज़ाहिर की और कहा कि मीडिया हमेशा उनकी बातों का गलत मतलब न निकाले.
असल में एनडीटीवी को दिए गए साक्षात्कार का हवाला देते हुए खबरों में कहा गया था कि टीम चयन में महेंद्र सिंह धोनी की तरह उन्हें तवज्जो नहीं दी जाती.
हरभजन सिंह ने ट्वीट कर इस खबर पर नाराज़गी जाहिर करते हुए कहा है कि उनकी बात को तोड़-मरोड़ कर पेश किया गया.

इमेज स्रोत, Twitter/harbhajan turbanator
शुक्रवार को उन्होंने ट्वीट कर कहा है कि मीडिया को उनके हवाले से वो बातें नहीं चलानी चाहिए, जो उन्होंने कही ही नहीं.
वीडियो में संवाददाता के यह पूछने पर कि धोनी बेहतरीन कप्तान रहे हैं, इसलिए उनका टीम में चयन होना स्वाभाविक है, लेकिन आप भी तो 19 साल देश के लिए खेले, ऐसे में क्या आपको लगता है कि आपके मामले में यह सब नहीं गिना गया?
जवाब में हरभजन ने माना कि इसमें कोई संदेह नहीं कि धोनी ने टीम को बहुत कुछ दिया है, लेकिन जहां तक उनकी बात है, उन्हें उस किस्म का विशेषाधिकार नहीं मिला.
हरभजन ने कहा, "हम भी 19 साल खेले हैं. बड़े मैच जीते हैं, हारे भी होंगे. दो वर्ल्ड कप जीते हैं. कहीं न कहीं, वह चीज कुछ खिलाड़ियों के लिए है, कुछ के लिए नहीं है, उनमें से मैं भी हूं. ऐसा क्यों है, इसका जवाब सैलेक्टर्स दे सकते हैं."

इमेज स्रोत, Getty Images
एक के बाद एक किए ट्वीट में हरभजन ने कहा कि अपनी वेबसाइट को चलाने और सनसनी पैदा करने के लिए उनकी बातों को तोड़-मरोड़ कर पेश न करें और किसी की छवि को नुकसान पहुंचाने के लिए बिना संदर्भ कोई बात चलाएं.
उन्होंने कहा कि धोनी उनके क़रीबी दोस्त हैं और वो एक महान खिलाड़ी हैं, "मैंने कभी भी उनके सेलेक्शन पर संदेह नहीं जताया."
उन्होंने अपने ट्विटर हैंडल से उस साक्षात्कार का एक अंश भी पोस्ट किया और मीडिया को संबोधित करते हुए लिखा, "कृपया हर समय तथ्यों को तोड़ मरोड़ कर पेश न करें. मैंने क्या कहा था, अगर कोई जानना चाहता है तो कृपया इस वीडियो को देखें."
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)












