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सोमवार, 10 मार्च, 2008 को 15:54 GMT तक के समाचार
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कपड़ों के नीचे झाँकने वाला कैमरा
टीरेज़ कैमरा
टी-रेज़ की मदद से कैमरा कपड़ो में छिपाई वस्तुओं को पकड़ सकता है
एक ऐसा कैमरा ईजाद किया गया है जो 25 मीटर की दूरी से कपड़ों के अंदर छिपाए विस्फोटकों, मादक पदार्थों और हथियारों को देख सकेगा.

थ्रूविज़न नाम के इस कैमरे को हवाई अड्डों, रेलवे स्टेशनों और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर लगाए जाने की योजना है.

इसमें टी-रे तकनालाजी का इस्तेमाल किया गया है जो खगोलशास्त्री टूटते सितारों के अध्ययन के लिए काम में लाते हैं.

इसे बनाने वालों का कहना है कि यह कैमरा हालाँकि कपड़ों के भीतर झांक सकता है लेकिन यह लोगों की शारीरिक बनावट को उजागर नहीं करता है.

यह कैमरा हाथ में उठाया जा सकता है. इसे अब तक दुबई के मर्कैंटाइल एक्सचेंज और लंदन के कैनेरी वार्फ़ को बेचा जा चुका है.

 यदि मैं टीरेज़ की मदद से आपको देखना चाहूँ तो आप बिजली के बल्ब की तरह चमकदार दिखेंगे. इससे आप शारीरिक बनावट तो देख सकते हैं लेकिन अंगप्रत्यंग नहीं.
कंपनी के प्रवक्ता

प्रदर्शित होगा कैमरा

कैमरा इस सप्ताह बाद में गृह मंत्रालय की वैज्ञानिक विकास शाखा की वार्षिक प्रदर्शनी में रखा जाएगा जहाँ लोग इसे देख सकते हैं.

वर्तमान सुरक्षा उपकरणों में जबकि एक्सरे का इस्तेमाल होता है, थ्रूविज़न प्रणाली टेराहर्ट्ज़ किरणों यानी टी-रेज़ से काम करती है.

ये किरणें कपड़े, काग़ज, मिट्टीचीनी और लकड़ी को भेद कर उसके नीचे देख सकती हैं लेकिन धातु और जल के आरपार नहीं देख पातीं.

इसे बनाने वाली कंपनी के प्रवक्ता का कहना है, "यदि मैं टीरेज़ की मदद से आपको देखना चाहूँ तो आप बिजली के बल्ब की तरह चमकदार दिखेंगे".

उन्होंने कहा, "आप शारीरिक बनावट तो देख सकते हैं लेकिन अंगप्रत्यंग नहीं".

इसके अलावा एक्सरे से जो ख़तरनाक रेडियोधर्मी किरणें निकलती हैं, टीरेज़ उसके मुक़ाबले कहीं अधिक सुरक्षित है.

कंपनी ने पहले भी इस तरह के कैमरे बनाए हैं लेकिन नवीनतम टी-5000 मॉडल किसी भवन के अंदर और बाहर दोनों जगह काम करता है.

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