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डिस्कवरी की उड़ान मुश्किलों में फंसी | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के प्रबंधक और इंजीनियर इस बात का फ़ैसला करने की कोशिश कर रहे हैं कि मंगलवार को अंतरिक्ष यान डिस्कवरी की उड़ान हो या नहीं. ग़ौरतलब है कि डिस्कवरी की उड़ान ख़राब मौसम के कारण दो बार पहले ही स्थगित हो चुकी है. अब इसका मुआयना करने के बाद इंजीनियरों ने कहा है कि उसके बाहरी टैंक की इन्सूलेटिंग फ़ोम यानि बाह्य आवरण में दरार है. नासा ने इस बात की पुष्टि की है कि यान के ईंधन टैंक के पास 12 सेंटीमीटर लंबी और तीन मिलीमीटर गहरी दरार है. नासा के प्रवक्ता जॉर्ज डिलर ने इस बारे में कहा कि अभी हमें नहीं पता कि ये दरार यान की उड़ान के लिए कोई समस्या है या नहीं. रॉयर्टस के मुताबिक जॉर्ज डिलर ने कहा है कि अगर इस दरार को लेकर कुछ करना पड़ा तो मंगलवार को शायद यान उड़ान न भर पाए. शनिवार को कैनेडी अंतरिक्ष केंद्र से डिस्कवरी की उड़ान ख़राब मौसम के कारण स्थगित करनी पड़ी थी. उसके बाद उम्मीद की जा रही थी कि मंगलवार को मौसम अच्छा रहेगा और यान उड़ान भर सकेगा. मकसद इस सत्र में नासा के पास डिस्कवरी को अंतरिक्ष में भेजने के लिए 19 जुलाई तक का वक्त है. योजना के मुताबिक डिस्कवरी यान दो हफ़्ते से भी कम समय के लिए अंतरिक्ष में रहेगा. यान में एक जर्मन यात्री भी जाएगा जो अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र में जाकर छह महीने बिताने वाला पहला यूरोपीय अंतरिक्ष यात्री बन जाएगा. यान के ज़रिए कुछ उपकरणों को पहुँचाया जाएगा. लेकिन इस उड़ान का मुख्य मकसद उन सुरक्षा प्रणालियों का परीक्षण करना है जो फ़रवरी 2003 में कोलंबिया यान के दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद शुरू की गईं हैं. धरती पर वापस आते समय कोलंबिया के बाहरी टैंक से इन्सूलेटिंग फ़ोम टूट गई थी जिसके कारण इसमें सवार कल्पना चावला समेत सभी सातों अंतरिक्ष यात्रियों की मौत हो गई थी. ग़ौरतलब है कि कुछ समय पहले नासा ने भारतीय मूल की एक और अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स को उड़ान भरने के लिए चुना है. | इससे जुड़ी ख़बरें नासा फिर अंतरिक्ष उड़ानें शुरू करेगा17 जून, 2006 | विज्ञान शटल कार्यक्रम बंद नहीं होगा07 फ़रवरी, 2006 | विज्ञान नासा मार्च से पहले नहीं भेजेगा कोई यान18 अगस्त, 2005 | विज्ञान नासा और इसरो में ऐतिहासिक समझौता09 मई, 2006 | विज्ञान अंतरिक्ष यात्रा के लिए चुनी गई हैं सुनीता07 मई, 2006 | पहला पन्ना नासा यान मंगल ग्रह की कक्षा में पहुँचा11 मार्च, 2006 | विज्ञान | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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