|
पुरुषों से लंबी उम्र महिलाओं की | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
ब्रिटेन की शेफ़ील्ड यूनिवर्सिटी में किए गए एक शोध के अनुसार दुनिया भर में महिलाएँ पुरुषों से अधिक समय तक जीवित रहती हैं. विश्व स्वास्थ्य संगठन की 2002 की रिपोर्ट के अनुसार छह देशों में पुरुषों की औसत उम्र महिलाओं से अधिक पाई गई थी लेकिन अब पूरी दुनिया में कहीं भी ऐसा नहीं है. ब्रिटिश मेडिकल जर्नल में छपे शोध के अनुसार महिलाओं की उम्र में बढ़ोतरी का एक कारण शिशु (बालिका) मृत्यु दर का घटना है. यह शोध करने वाले डॉ डैनी डोरलिंग कहते हैं कि वो यह जानना चाहते थे कि दुनिया में ऐसे कौन से देश हैं जहाँ महिलाओं की उम्र पुरुषों से कम होती है लेकिन उन्हें ऐसा कोई देश नहीं मिला. डोरलिंग के अनुसार पूरी दुनिया में शिशु मृत्यु दर घटी है जो इसका प्रमुख कारण है. डोरलिंग कहते हैं कि पूरी दुनिया में यही उम्मीद की जाती है कि महिलाओं की उम्र कम ही होती है क्योंकि कई महिलाएं तो प्रसव के दौरान ही मर जाती हैं. हालांकि अब कई और अन्य कारणों से महिलाएं पुरुषों से लंबे समय तक जीवित रह रही हैं. इसमें एक बड़ा कारण है पुरुषों की अधिक धूम्रपान करने की की आदत. दुनिया भर में धूम्रपान करने वालों की पुरुषों की संख्या महिलाओं की तुलना में कहीं अधिक है. शोध पत्र में कहा गया है कि पश्चिमी यूरोप के देशों में जहां महिलाओं की उम्र (1890 के बाद के आंकड़ों के अनुसार) पुरुषों से अधिक रही है वहां ये अंतर कम हो रहा है क्योंकि अब इन देशों में महिलाएं भी अधिक धूम्रपान करने लगी हैं. डोरलिंग के अनुसार पश्चिमी देशों की महिलाएं अब पुरुषों की तरह व्यवहार करने लगी हैं यानी अधिक धूम्रपान, तेज़ कार चलाना, ढेर सारी शराब पीना और बात बात पर लड़ाई करना. डॉक्टर के अनुसार अब पुरुषों को महिलाओं के रहन सहन के तरीकों पर ध्यान देना चाहिए न कि महिलाओं को पुरुषों की जीवन शैली अपनानी चाहिए. डोरलिंग की रिपोर्ट भले ही महिलाओं के लिए उत्साहवर्धक लगती हो लेकिन रॉयल कॉलेज ऑफ ओब्सट्रिसियन एंड गॉयनोकॉलोजिस्ट्स का कहना है कि दुनिया में कई देश अभी भी ऐसे हैं जहाँ प्रसव के दौरान मरने वाली महिलाओं की तादाद बहुत बड़ी है. अस्पताल के प्रवक्ता इथियोपिया का हवाला देते हैं जहाँ एक लाख में से एक हज़ार महिलाओं की मौत प्रसव के दौरान हो जाती है जबकि बांग्लादेश में यह संख्या प्रति एक लाख पर 1800 है. | इससे जुड़ी ख़बरें 'महिलाएँ शराब पेश कर सकती हैं'13 जनवरी, 2006 | भारत और पड़ोस बार्बी के मुक़ाबले एक अनोखी गुड़िया13 जनवरी, 2006 | मनोरंजन राजगद्दी तक महिलाओं की 'पहुँच'20 जनवरी, 2006 | पहला पन्ना अफ़ग़ान महिलाओं के लिए नई पहल22 जनवरी, 2006 | भारत और पड़ोस विज्ञान की सफलता का नया चेहरा06 फ़रवरी, 2006 | विज्ञान एड्स पीड़ित महिला चुनावी मैदान में..08 मार्च, 2006 | भारत और पड़ोस तलाक़ से जुड़े क़ानून पर फ़ैसले का स्वागत31 मार्च, 2006 | भारत और पड़ोस | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||