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विदेशियों में देशी शादी का चलन | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
पश्चिमी देशों के लोगों में भारतीय पद्धति से विवाह करने का चलन बढ़ा है. उन्हें ये विवाह विधि रास आने लगी है. भारत में ऐसे विवाह आयोजित कराने में लगी व्यापरिक संस्थाओं का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में पश्चिमी देशों से भारत आकर शादी करने वालों की संख्या बढ़ी है क्योंकि पश्चिम के लोगों को लगता है कि भारतीय विधि से विवाह करना उनके दांपत्य जीवन को अटूट बनाएगा. मेक्सिको के जोस और कैरी ने जब शुक्रवार को जयपुर में हिंदू रीति रिवाजो से विवाह किया तो दुल्हन कैरी का कहना था भारतीय विधि विधान से शादी का मतलब है जन्म जन्मांतर का रिश्ता बनना. भारतीय परिधान में सजे संवरे जोस जब घोड़ी पर सवार होकर वधू पक्ष के यहाँ बारात लेकर पहुँचे तो कोई नहीं कह सकता था कि दूल्हा विदेशी है. सब कुछ ऐसा ही था जैसा भारत में किसी भी विवाह समारोह में होता है. शादी में बारात और बाराती दोनों थे. बाराती नाचते हुए चल रहे थे. जोस ने कहा, "हम दोनों कई सालों से भारत आते रहे हैं. यहाँ कई विवाह समारोह देखे तो हमें भी लगा कि शादी भारतीय रीति रिवाज से ही करेंगे." जन्म जन्मांतर का साथ राजस्थानी वेश भूषा में सजी दुल्हन कैरी ने कहा, "जब हमें बताया गया कि भारतीय रीति रिवाज से हुई शादी दूल्हा और दुल्हन के सात जन्म के रिश्ते बनाती है, तभी हमने यहाँ शादी करने का निश्चय किया."
कैरी कहती हैं, "पश्चिम में दांपत्य जीवन बहुत लंबा नहीं होता है लेकिन भारत में रिश्ते जन्म जन्मांतर के होते हैं." इस विवाह को संपन्न कराने वाले पंडित मनोज शास्त्री कहते हैं कि वे इस तरह पश्चिमी देशों के कई जोड़ों की शादी करा चुके हैं. इस शादी में भी वर वधू ने यही इच्छा ज़ाहिर की कि वे अपनी शादी भारतीय विधि से कराना चाहते हैं क्योंकि इसमें वैवाहिक जीवन अगले सात जन्म तक चलता है. जोस कहते हैं, "ये पश्चिम के विवाह समारोह से बिल्कुल अलग है. इसमें बहुत धूम धाम है, रंग है, रीति रिवाज हैं, गीत संगीत है. ये अद्भुत है." विवाह की आयोजक अपर्णा गोधा कहती हैं, "पश्चिम के लोग हमसे लगातार यहाँ शादी के लिए सम्पर्क करते हैं क्योंकि उन्हें यहाँ की विवाह विधि पसंद है.आने वाले सालों में ये चलन और भी बढेगा." पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लोगों का कहना है कि राजस्थान के क़िले, महल, हवेलियां, ख़ूबसूरत रेगिस्तान और रीति रिवाज विदेशी लोगों को आकर्षित करते हैं. उन्हें भारतीय अंदाज़ में यहाँ शादी करना बहुत भला लगने लगा है. अनिवासी भारतीय भी इसमें गहरी दिलचस्पी लेते हैं. हॉलीवुड अदाकारा लिज़ और उद्योगपति अरुण नायर ने भी अपनी शादी के लिए राजस्थान को ही चुना था. |
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