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एलटीटीई और सेना के बीच भीषण संघर्ष | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
श्रीलंका की सेना का कहना है कि देश के उत्तरी हिस्से में तमिल विद्रोहियों यानी एलटीटीई और सुरक्षा बलों के बीच भीषण संघर्ष में कम से कम 35 विद्रोही और छह सैनिक मारे गए हैं. इस संघर्ष में दोनों कई लोग घायल भी हुए हैं. ताज़ा संघर्ष मन्नार और उत्तरी जाफ़ना प्रायद्वीप में हुआ है जहाँ हाल के दिनों में हिंसा बढ़ी है. श्रीलंकाई सेना के प्रवक्ता ब्रिगेडियर उदय नानायकरा ने बताया, "हमने पिछले शनिवार को जिन जगहों पर क़ब्ज़ा किया था, वहीं पर एलटीटीई ने हमला किया जिसे हमने विफल कर दिया है." उन्होंने कहा कि जो बातचीत रिकॉर्ड की गई है, उससे पता चलता है कि कम से कम 35 विद्रोही मारे गए हैं. ब्रिगेडियर नानायकरा ने बताया कि संघर्ष में छह जवान मारे गए हैं और बीस घायल हुए हैं. उन्होंने कहा कि संघर्ष के बावजूद सेना का नियंत्रण उस इलाक़े में बना हुआ है. हाल के दिनों में एलटीटीई और सेना के बीच संघर्ष में तेज़ी आ गई है. ऐसे संकेत मिल रहे हैं कि आने वाले महीनों में सरकार विद्रोहियों के ख़िलाफ़ व्यापक अभियान शुरू कर सकती है. श्रीलंका के उत्तर-पूर्वी इलाके में स्वायत्तता की मांग कर रहे तमिल विद्रोहियों और श्रीलंका सेना के बीच वर्ष 1983 से चल रही लड़ाई में अब तक कम से कम 70 हज़ार लोग मारे जा चुके हैं. नॉर्वे की मध्यस्थता से वर्ष 2002 में दोनों पक्षों के बीच युद्धविराम हुआ था लेकिन पिछले साल से झड़पें फिर शुरू हो गईं. सेना और एलटीटीई के बीच संघर्षविराम टूटने के बाद फिर से शुरू हुई हिंसा में अब तक पाँच हज़ार से ज़्यादा लोग मारे जा चुके हैं. | इससे जुड़ी ख़बरें आत्मघाती हमले में मंत्री का सचिव मरा28 नवंबर, 2007 | भारत और पड़ोस श्रीलंका के कामगारों के साथ 'दुर्व्यवहार'14 नवंबर, 2007 | भारत और पड़ोस श्रीलंका में भीषण संघर्ष जारी, 25 मरे11 नवंबर, 2007 | भारत और पड़ोस करुणा की गिरफ़्तारी पर ब्रिटेन की चुप्पी09 नवंबर, 2007 | भारत और पड़ोस श्रीलंका में भीषण लड़ाई, अनेक मारे गए08 नवंबर, 2007 | भारत और पड़ोस कर्नल करुणा ब्रिटेन में गिरफ़्तार03 नवंबर, 2007 | भारत और पड़ोस एयरबेस पर एलटीटीई का हमला, कई मरे22 अक्तूबर, 2007 | भारत और पड़ोस श्रीलंका में मानवाधिकार स्थिति की निंदा13 अक्तूबर, 2007 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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