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'अलक़ायदा फिर हमला कर सकता है' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
ताज़ा अमरीकी ख़ुफ़िया रिपोर्ट के मुताबिक चरमपंथी संगठन अलक़ायदा फिर से अपनी ताकत बढ़ा रहा है और वह अमरीका पर नए हमले करने के लिए अमादा है. रिपोर्ट के मुताबिक अलक़ायदा ने अफ़ग़ानिस्तान से सटी पाकिस्तानी सीमा पर अपना संगठन मज़बूत कर लिया है. अलक़ायदा इराक़ में अपनी उपस्थिति का इस्तेमाल भी अमरीकी सरजमीं पर हमले के लिए कर सकता है. इससे अमरीकी राष्ट्रपति जॉर्ज बुश का यह कहना सही प्रतीत होता है कि इराक़ में जीत विश्वव्यापी आतंकवाद को परास्त करने के लिए अहम है. अंतरराष्ट्रीय सहयोग रिपोर्ट के मुताबिक सितंबर 2001 की घटना की यादें अब पुरानी पड़ती जा रही है जिससे आंतकवाद के ख़िलाफ़ अंतरराष्ट्रीय मुहिम भी प्रभावित हो सकती है. रिपोर्ट के अनुसार अलक़ायदा रासायनिक, जैविक और आणविक हथियार हासिल करने की कोशिश करता रहेगा और वह इनके इस्तेमाल से भी नहीं हिचकेगा. पिछले हफ़्ते जब इस रिपोर्ट के कुछ अंश अमरीकी मीडिया में प्रकाशित हुए थे तब बुश ने इस दावे को ख़ारिज कर दिया था कि अलक़ायदा वर्ष 2001 की तरह फिर से ताकतवर हो सकता है. | इससे जुड़ी ख़बरें डॉक्टर अलक़ायदा की मदद का दोषी 22 मई, 2007 | पहला पन्ना ज़वाहिरी ने और सेना भेजने की चुनौती दी23 जनवरी, 2007 | पहला पन्ना ज़वाहिरी के टेप की जाँच05 अगस्त, 2005 | पहला पन्ना अल क़ायदा की और हमलों की चेतावनी04 अगस्त, 2005 | पहला पन्ना वीडियोः ज़वाहिरी के टेप के अंश 04 अगस्त, 2005 | पहला पन्ना इराक़ में नई सुरक्षा योजना जल्द05 अगस्त, 2005 | पहला पन्ना बुश ने ज़वाहिरी की चेतावनी ख़ारिज की04 अगस्त, 2005 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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