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नेपाल में 'राजशाही पर ख़तरा' बढ़ा | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
नेपाल में संसद ने एक संवैधानिक संशोधन पारित कर दिया है जिसके तहत अगर राजा नवंबर में होने वाले संविधान सभा के चुनाव में हस्तक्षेप करते हैं तो राजशाही ख़त्म की जा सकती है. बुधवार देर रात को संसद ने यह संशोधन पारित किया. लेकिन राजशाही ख़त्म करने के लिए दो-तिहाई बहुमत की आवश्यकता होगी. पिछले साल संसदीय लोकतंत्र बहाल करने के बाद राजा को लगातार किनारे करने की कोशिशें चल रही हैं. माओवादियों की तो मांग है कि राजशाही को ख़त्म किया जाए. पिछले साल माओवादियों ने विपक्षी पार्टियों के साथ समझौता किया था और 10 साल से चल रहे अपने आंदोलन को वापस ले लिया था. अब तो माओवादी अंतरिम सरकार में भी शामिल हैं. संसद की बैठक के बाद स्पीकर सुभाष नेमवांग ने बताया, "अगर ये पता चला कि राजा नंवबर में प्रस्तावित संविधान सभा के चुनावों में रोड़ा अटकाने की कोशिश कर रहे हैं तो अब संसद को उन्हें हटाने का अधिकार होगा." राजशाही का भविष्य? उन्होंने कहा कि फ़िलहाल राजा को हटाने की कोई योजना नहीं है. वैसे राजशाही के भविष्य का फ़ैसला नए संविधान सभा की बैठक में होगा, जिसका चुनाव नवंबर में होना है. जानकारों का कहना है कि संसद ने राजशाही ख़त्म करने का अधिकार इसलिए हासिल किया है क्योंकि माना जा रहा है कि राजा चुनाव में हस्तक्षेप कर सकते हैं. अप्रैल 2006 में लोकतंत्र के समर्थन में हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद राजा ज्ञानेंद्र ने अपने कई अहम अधिकार छोड़ दिए थे. लेकिन उसके बाद से भी उनके कई अधिकार ख़त्म हो चुके हैं. अब राजा सेना के प्रमुख भी नहीं हैं. उन्हें सार्वजनिक स्थानों पर कम ही देखा जाता है. और तो और शाही महल से भी उनका निकलना कम ही होता है. | इससे जुड़ी ख़बरें संविधान सभा के लिए चुनाव नवंबर में31 मई, 2007 | भारत और पड़ोस नेपाल में तेल संकट, भारत से आपूर्ति बंद10 मई, 2007 | भारत और पड़ोस लोकतंत्र स्थापना की पहली वर्षगांठ24 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस चुनाव आयोग मतदान के लिए तैयार नहीं13 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस नेपाल में सेना के हथियारों की जाँच शुरू10 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस माओवादियों को मिली सत्ता में भागीदारी01 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस हालात नहीं बदले तो फिर विद्रोह : महारा01 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस नेपाल में अंतरिम सरकार का गठन टला31 मार्च, 2007 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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