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क़दीर ख़ान का ऑपरेशन होगा | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
पाकिस्तान सरकार ने कहा है कि परमाणु वैज्ञानिक अब्दुल क़दीर ख़ान को प्रोस्टेट कैंसर से निजात दिलाने के लिए उनके आपरेशन की तैयारी की जा रही है. पाकिस्तानी सरकार के एक वक्तव्य में कहा गया है कि डॉक्टर क़दीर ख़ान ने यह ऑपरेशन कराने के लिए रज़ामंदी दे दी है जिसके लिए उन्हें इस्लामाबाद में उनके घर से कराची ले जाया जाएगा. इसके बाद उन्हें उनके घर इस्लामाबाद पहुचा दिया जाएगा. डाक्टरों का कहना है इस बीमारी ने उनके शरीर के छोटे से हिस्से को प्रभावित किया है और यदि समय पर आपरेशन कर इसे दूर न किया गया तो शरीर में इसके फैलने का ख़तरा है. गौरतलब है कि क़दीर ख़ान ने लीबिया, ईरान और दक्षिण कोरिया को परमाणु जानकारी लीक करने की बात सार्वजनिक रूप से स्वीकार की थी. 2004 में उनकी इस स्वीकारोक्ति के बाद से उन्हें उनके ही घर में नज़रबंद करके रखा गया है. बाद में पाकिस्तान के राष्ट्रपति जनरल मुशर्रफ ने उन्हें आम माफ़ी दे दी थी और अतंरराष्ट्रीय जांच दल को जाँच के लिए अब्दुल क़दीर ख़ान से मिलने की इजाज़त नहीं दी थी. 69 वर्षीय डॉक्टर क़दीर ख़ान के शरीर में फैल रहे इस कैंसर के बारे में अगस्त माह में पता चला. जब उनका साधारण स्वास्थ्य परीक्षण किया जा रहा था. पाकिस्तान के परमाणु परीक्षण और मिसाइल बनाने में उनके योगदान के लिए पाकिस्तानी लोग क़दीर ख़ान को हीरो मानते हैं. पाकिस्तानी सरकार ने एक पखवाड़ा पहले अब्दुल क़दीर ख़ान के स्वास्थ्य बारे में एक वक्तव्य जारी किया था और कहा था कि ऑपरेशन उनके स्वास्थ्य के लिए अच्छा रहेगा. सरकार ने कहा है कि वह पाकिस्तानी लोगों को ख़ान की सेहत के बारे में जानकारी देती रहेगी. डाक्टर ख़ान के स्वास्थ्य की देखभाल में मशहूर डॉक्टर लगे हुए हैं. कई चिकित्सकीय जाँचों के साथ-साथ उनके पेट और पैल्विस का स्कैन किया गया है. इन सभी के बाद डाक्टरों की टीम इस निष्कर्ष पर पहुंची है कि आपरेशन ही सबसे बेहतर विकल्प है. अमरीका के साथ-साथ कई देश ऐसे हैं जो मानते हैं कि डाक्टर ख़ान ने अपने पद का दुरुपयोग किया और कई देशों में परमाणु प्रसार का नेटवर्क बनाया. वहीं पाकिस्तान के अधिकारियों का मानना है यह नेटवर्क पूरी तरह ख़त्म किया जा चुका है लेकिन अमरीका के अधिकारियों का कहना है इस संबंध में कई अनसुलझे सवाल हैं और जब तक उनके जवाब नहीं मिल जाते तब तक पाकिस्तान की इस दलील को नहीं माना जा सकता. | इससे जुड़ी ख़बरें परमाणु जानकारी लीक की जाँच ख़त्म02 मई, 2006 | भारत और पड़ोस 'पाकिस्तान को अभी कुछ नहीं मिलेगा'02 मार्च, 2006 | भारत और पड़ोस क़दीर ने उपकरण और 'डिज़ाइन' दिए थे24 अगस्त, 2005 | भारत और पड़ोस क़दीर ख़ान के सीने में दर्द की शिकायत16 जून, 2005 | भारत और पड़ोस ईरान के बम संबंधी बयान का खंडन29 मई, 2005 | भारत और पड़ोस पाकिस्तान ने उपकरण विएना भेजा26 मई, 2005 | भारत और पड़ोस कोइज़ुमी ने क़दीर ख़ान के बारे में पूछा30 अप्रैल, 2005 | भारत और पड़ोस क़दीर ख़ान का 'नेटवर्क' नष्ट करें: राइस17 मार्च, 2005 | भारत और पड़ोस इंटरनेट लिंक्स बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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