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हिलेरी ने की ओबामा की ज़ोरदार वकालत | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
डेनवर में चल रहे डेमोक्रैटिक नैशनल कन्वेंशन में मंगलवार की रात हिलैरी क्लिंटन ने अपने भाषण में पार्टी से एकजुट होने की अपील की है और हर हाल में रिपब्लिकन उम्मीदवार जॉन मैकेन को हराने का आह्वान किया है. उनके इस भाषण को केवल डेमोक्रैटिक पार्टी के अधिकारी ही नहीं, पूरा अमरीका और पूरी दुनिया बेहद गौर से सुन रही थी क्योंकि संभव है कि ये भाषण अमरीकी राष्ट्रपति के चुनाव में हवा का रूख़ तय कर दे. दरअसल मंगल की रात डेनवर में अगर आप हिलैरी क्लिंटन को डेमोक्रैटिक पार्टी का उम्मीदवार समझ बैठते तो आपको माफ़ किया जा सकता था. चाहे उनके इर्द गिर्द मीडिया की फ़ौज की बात करें या फिर उनके भाषण को सुनने आई भीड़ की, किसी हारे हुए उम्मीदवार के लिए ऐसी गर्मजोशी शायद ही कहीं नज़र आती है. जी जान लगा कर... और इस भाषण में जब उन्होंने अपने समर्थकों से जी जान लगा कर बराक ओबामा को जिताने की अपील की और जिन शब्दों में अपील की, उससे न केवल उनके चाहनेवाले बल्कि उनसे चिढ़नेवाले ओबामा समर्थक भी उनके नाम के झंडे लहराने लगे. रिपबलिकन उम्मीदवार जॉन मैकेन पर निशाना साधने में भी उन्होंने बिल्कुल देर नहीं लगाई, कहा कि अगले चार साल भी पिछले आठ सालों की तरह नहीं हों जाएं इसकेलिए ज़रूरी है कि मैकेन को हर हाल में हराया जाए. डेनवर का ये कन्वेंशन वैसे तो बराक ओबामा की ताजपोशी के लिए है लेकिन मंगल की रात हर मायने में हिलैरी की रात थी. अंदाज़ा तो सबको था कि हिलैरी इस भाषण से प्राइमरी मुक़ाबलों के बाद उनके और ओबामा के समर्थकों के बीच जो खाई पैदा हुई है उसे ख़त्म करने की बात करेंगी. लेकिन इस ज़ोरदार तरीके से करेंगी, इसका अंदाज़ा कम ही लोगों को रहा होगा.
और इसलिए इस के बाद काले, गोरे, औरत, मर्द सभी बस हिलैरी के गुण गा रहे थे, कुछ रो रहे थे तो कुछ यहाँ तक कह रहे थे कि काश एक ही साल दो इतने अच्छे उम्मीदवार मैदान में नहीं आते. लोगों का कहना था कि पार्टी को एकजुट करने के लिए वो जितना कर सकती थीं, उतना उन्होंने किया और पूरी ईमानदारी से किया. इस भाषण से कुछ ही घंटे पहले उनके कट्टर समर्थकों ने डेनवर की सड़कों पर जुलूस निकाला था , नारेबाज़ी की थी और पार्टी के आकाओं को चेतावनी दी थी. उनकी सबसे बड़ी शिकायत है कि हिलैरी को पार्टी ने वो इज़्ज़त नहीं दी जिसकी वो हक़दार हैं और कम से कम उपराष्ट्रपति का टिकट तो उन्हें ही दिया जाना चाहिए था. तो क्या मंगल के इस भाषण से उनके वो समर्थक जो रिपबलिकन उम्मीदवार जॉन मैकेन के पक्ष में वोट डालने की बात कर रहे हैं, ओबामा की ओर लौट आएँगे? अभी कुछ कहना जल्दबाज़ी होगी लेकिन इतना तो तय है कि बृहस्पतिवार को जब बराक ओबामा अपना भाषण देंगे तो रूठे हुओं को मनाने की एक और पुरज़ोर कोशिश की जाएगी. |
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