BBCHindi.com
अँग्रेज़ी- दक्षिण एशिया
उर्दू
बंगाली
नेपाली
तमिल
बुधवार, 20 दिसंबर, 2006 को 10:50 GMT तक के समाचार
मित्र को भेजेंकहानी छापें
ईरान के ख़िलाफ़ गठजोड़ का आह्वान
ब्लेयर
ब्लेयर ने ईरान से मिल रही चुनौतियों से सतर्क रहने का आह्वान किया
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर ने मुस्लिम देशों से ईरान को चुनौती देने के लिए 'उदारवादी गठजोड़' बनाने का आह्वान किया है.

दुबई में ब्रिटेन और संयुक्त अरब अमीरात के व्यवसायियों को संबोधित करते हुए ब्लेयर ने कहा कि दुनिया को उदारवाद और चरमपंथ के बीच जारी संघर्ष पर सतर्क हो जाना चाहिए.

 हमें इस क्षेत्र में और बाहर भी अपने उदारवादी गठबंधन को एकजुट करना चाहिए ताकि चरमपंथियों को पराजित किया जा सके
टोनी ब्लेयर

मध्य-पूर्व के दौरे के आख़िर में दिए गए इस बयान में उन्होंने कहा कि 21 वीं सदी में वैचारिक जंग सबसे बड़ी चुनौती है.

इस बयान से ठीक पहले ब्लेयर ने इराक़ से सेना वापस बुलाने के लिए समयसीमा तय करने की बात कही थी जिस पर इराक़ी उपराष्ट्रपति तारिक़ अल हाशमी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी थी.

अल हाशमी ने न्यूयॉर्क में कहा कि ब्लेयर ने अपना रूख़ अमरीकी राष्ट्रपति जॉर्ज बुश से हुई बातचीत के बाद बदल दिया.

साझीदारी संभव

ब्लेयर का कहना था कि ईरान और सीरिया के साथ नए सिरे से साझीदारी हो सकती है, बशर्ते वे मध्य-पूर्व में संरचनात्मक भूमिका निभाएं.

इसके साथ ही उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, "ईरान से संभावित सामरिक ख़तरे को भी हमें समझना चाहिए. ख़तरा वहाँ के लोगों या सरकार में शामिल सभी लोगों से नहीं है बल्कि जो नीतिगत फ़ैसले ले रहे हैं, उनसे है."

ब्लेयर मध्य-पूर्व के कई देशों की यात्रा कर रहे हैं

उन्होंने ईरान की ओर इशारा करते हुए कहा, "वे लेबनान, इराक़ और फ़लस्तीन में हम पर पीछे से वार करते हैं. हमारा जवाब उन्हें बेनकाब करने का होना चाहिए. साथ ही इसे रोकने और जवाब देने के लिए गठजोड़ बनाना चाहिए."

ब्रितानी प्रधानमंत्री ने कहा कि इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए मध्य-पूर्व के उदारवादी देशों के सहयोग की ज़रूरत है.

बाद में ब्लेयर के प्रवक्ता ने सफाई दी कि इस बयान से ब्रितानी प्रधानमंत्री का आशय दो मुस्लिम समुदायों शिया और सुन्नी के बीच संघर्ष का आह्वान नहीं था.

अपारंपरिक युद्ध

ब्लेयर ने अपने संबोधन में कहा, "हमें अब जागना होगा. इस्लाम की गलत व्याख्या पर आधारित ये चरमपंथी ताकतें हमारे ख़िलाफ़ पारंपरिक जंग नहीं लड़ रही हैं. यहाँ हमारे का मतलब सिर्फ पश्चिम से नहीं है. इसका मतलब उन सबसे है जो सहनशीलता, दूसरों के लिए आदर और आजादी में विश्वास रखते हैं."

उनका कहना था, "हमें इस क्षेत्र में और बाहर भी अपने उदारवादी गठबंधन को एकजुट करना चाहिए ताकि चरमपंथियों को पराजित किया जा सके."

मध्य-पूर्व की यात्रा के दौरान वो तुर्की के प्रधानमंत्री रेसेप तैयप से भी मिले और यूरोपीय संघ में उसकी दावेदारी को अपना समर्थन दिया.

ब्लेयर ने इसराइल के प्रधानमंत्री एहुद ओल्मर्ट और फ़लस्तीनी प्रशासन के प्रमुख महमूद अब्बास से भी शांति वार्ता पर बातचीत की.

इससे जुड़ी ख़बरें
ग़ज़ा में तीन की मौत, स्कूल बंद
19 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना
ब्लेयर ने हमास को दोषी ठहराया
18 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना
ब्लेयर से पुलिस की पूछताछ
14 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना
बुश ने कहा कि इराक़ नीति बदलेगी
07 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना
'परमाणु हथियार न रखना ख़तरनाक'
04 दिसंबर, 2006 | पहला पन्ना
सुर्ख़ियो में
मित्र को भेजेंकहानी छापें
मौसम|हम कौन हैं|हमारा पता|गोपनीयता|मदद चाहिए
BBC Copyright Logo^^ वापस ऊपर चलें
पहला पन्ना|भारत और पड़ोस|खेल की दुनिया|मनोरंजन एक्सप्रेस|आपकी राय|कुछ और जानिए
BBC News >> | BBC Sport >> | BBC Weather >> | BBC World Service >> | BBC Languages >>