इस्लाम के समर्थन और विरोध में रैली

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'शार्ली एब्डो' व्यंग्य पत्रिका पर हमले के बाद दुनिया में जगह-जगह मार्च हुआ तो जर्मनी की सड़कों पर भी लोगों की भारी भीड़ दिखाई दी.
यहां इस्लाम विरोधियों और समर्थकों ने बड़ी संख्या में रैली में हिस्सा लिया.
एक ओर यूरोप के कथित इस्लामीकरण का विरोध करने वाले 'पेगिडा' ने हमले के विरोध में जर्मनी के ड्रेस्डेन शहर में 25,000 की भारी संख्या में जुलूस निकाला, वहीं दूसरी ओर अलग-अलग जगहों पर पेगिडा विरोधी भी हजारो की संख्या में सड़कों पर उतर आए.
जर्मनी के नेताओं ने 'पेगिडा' की रैली से समर्थकों को दूर रहने की हिदायत दी थी.
'बेजा' इस्तेमाल

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जर्मनी की चांसलर एंगेला मैर्कल मंगलवार को मुस्लिम समूह के विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लेने वाली हैं.
न्यायमंत्री हेको मास ने 'पेगिडा' समर्थकों से गुजारिश की है कि वे फ्रांसीसी पत्रिका 'शार्ली एब्डो' और यहूदी सुपरबाजार पर हुए चरमपंथी हमले का अपने फायदे के लिए 'बेजा इस्तेमाल' न करें.

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हेको मास उन प्रमुख नेताओं में से हैं जिन्होंने लोगों को 'पेगिडा' रैली से दूर रहने की सलाह दी थी.
'पेगिडा' समर्थकों के जुलूस में लोगों ने तख्तियों और बैनर सहित फ्रांसीसी कार्टूनिस्टों के प्रति एकजुटता और संवेदना ज़ाहिर की और पेरिस हमले में मारे गए लोगों के लिए एक मिनट का मौन रखा.
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