पीएम मोदी के ट्विटर अकाउंट हैक मामले में क्या कर रही है सरकार? - प्रेस रिव्यू

इमेज स्रोत, Getty Images
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ट्विटर अकाउंट हैक करने के मामले में देश की साइबर सुरक्षा की निगरानी करने वाली राष्ट्रीय नोडल एजेंसी ने ट्विटर और गूगल से संपर्क किया है.
अंग्रेज़ी अख़बार 'द इंडियन एक्सप्रेस' अपनी एक रिपोर्ट में लिखता है कि इंडियन कंप्यूटर इमरजेंसी रेस्पॉन्स सिस्टम (Cert-In) ने अपनी 'बड़े पैमाने पर जांच' शुरू कर दी है.
ग़ौरतलब है कि रविवार की रात सवा दो बजे के क़रीब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अकाउंट से बिटकॉइन से जुड़े दो ट्वीट किए गए थे जिन्हें कुछ ही मिनटों के बाद डिलीट कर दिया गया था.

इमेज स्रोत, Twitter
अख़बार सूत्रों के हवाले से लिखता है कि ट्विटर से पूछा गया है कि जब किसी ने अकाउंट खोलने की कोशिश की थी तो उसके ऑटोमेटेड सिस्टम ने इस उल्लंघन के बारे में सूचित क्यों नहीं किया?
इसके अलावा गूगल से बिटकॉइन से जुड़े ट्वीट में ब्लॉगस्पॉट अकाउंट के लिंक के बारे में जानकारी मांगी गई है.
सूचना प्रोद्यौगिकी मंत्रालय के एक अधिकारी ने अख़बार से कहा, "हम ट्विटर और गूगल से इस घटना पर उनकी बात जानना चाहेंगे. Cert-In से उम्मीद है कि वो जल्द ही इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रोद्यौगिकी मंत्रालय को अपनी जांच रिपोर्ट सौंपेगा."
उन्होंने यह भी बताया कि इस मामले की जांच एक जॉइंट सेक्रेटरी स्तर के अधिकारी के नेतृत्व में की जाएगी..
अख़बार ने जब रविवार को ट्विटर से संपर्क किया तो उसने कहा, "आज तक हमारी जांच के अनुसार ऐसा दिखता है कि अकाउंट के साथ हमारे ट्विटर के किसी सिस्टम से छेड़छाड़ नहीं की गई है."
सवालों के जवाब में कंपनी के प्रवक्ता ने कहा है, "प्रधानमंत्री के कार्यालय से संपर्क के लिए हमारी लाइनें चौबीसों घंटे और सातों दिन चालू हैं और जैसे ही हमें छेड़छाड़ की हरकत का पता चला हमारी टीमें अकाउंट को सुरक्षित करने के काम में लग गईं. हमारी जांच से पता चला है कि इस समय किसी और अकाउंट के प्रभावित होने के कोई संकेत नहीं हैं."
प्रधानमंत्री मोदी के निजी ट्विटर अकाउंट से यह ट्वीट आने के बाद प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने रविवार की सुबह 3.18 बजे ट्वीट करके इस मामले पर स्पष्टीकरण दिया था.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
पोस्ट X समाप्त, 1
PMO ने लिखा था, "पीएम नरेंद्र मोदी के ट्विटर हैंडल से कुछ समय के लिए छेड़छाड़ की गई थी. इस मुद्दे को ट्विटर के पास उठाया गया और अकाउंट को तुरंत सुरक्षित कर लिया गया. थोड़े समय के लिए अकाउंट के साथ छेड़छाड़ की गई, इस दौरान किए गए ट्वीट को नज़रअंदाज़ किया जाए."
कर्नाटक: पादरी के पीछे धारदार हथियार लेकर भागने का वीडियो वायरल
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
पोस्ट X समाप्त, 2
कर्नाटक में पुलिस ने शनिवार को बताया कि हिंदूवादी संगठनों के सदस्यों के द्वारा कोलार ज़िले के श्रीनिवासपुर शहर में ईसाइयों की धार्मिक किताबों को जलाने का मामला सामने आया है.
अंग्रेज़ी अख़बार 'द हिंदुस्तान टाइम्स' के मुताबिक़, एक पादरी के पीछे धारदार हथियार लेकर एक व्यक्ति के भागने के वायरल वीडियो के बाद पुलिस ने यह बयान जारी किया है. कथित धर्म परिवर्तन को लेकर हिंदूवादी संगठनों के सदस्यों ने ऐसा किया था.
राज्य के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने इस शीतकालीन सत्र में विधानसभा में धर्म परिवर्तन के ख़िलाफ़ क़ानून लाने के संकेत दिए हैं.
पुलिस के अनुसार, श्रीनिवासपुर शहर में ईसाई समुदाय के सदस्यों ने शनिवार को घर-घर जाकर कुछ धार्मिक किताबें बांटी थीं जिसका हिंदूवादी संगठनों ने विरोध किया और उन्हें जला दिया.
अख़बार नाम न छापने की शर्त पर एक अधिकारी के हवाले से लिखता है, "श्रीनिवासपुर में कुछ लोगों ने घर-घर जाकर पढ़ने की सामग्री बांटने पर आपत्ति ज़ाहिर की थी. हालांकि, जो सामग्री लग रही है वो क्रिसमस के ग्रीटिंग कार्ड्स हैं."
अधिकारी ने पुष्टि की है कि जिस सामग्री में आग लगाई गई उनमें बाइबल नहीं थी.
अख़बार में यह रिपोर्ट लिखे जाने तक किसी के भी ख़िलाफ़ कोई पुलिस रिपोर्ट नहीं दर्ज की गई थी. पुलिस का कहना है कि उसके पास किसी भी पक्ष की शिकायत नहीं आई है.
जनरल रावत के हेलिकॉप्टर का वीडियो बनाने वाले शख़्स का फ़ोन ज़ब्त
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
पोस्ट X समाप्त, 3
सीडीएस जनरल बिपिन रावत के हेलिकॉप्टर का दुर्घटना से पहले वीडियो बनाने वाले व्यक्ति का मोबाइल फ़ोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है.
'दैनिक जागरण' अख़बार लिखता है कि पुलिस ने रविवार को इस बात की जानकारी दी.
दरअसल कोयंबटूर के एक वेडिंग फ़ोटोग्राफर अपने दोस्त और अपने परिवार के कुछ सदस्यों के साथ आठ दिसंबर को फ़ोटोग्राफी करने नीलगिरी ज़िले के कट्टेरी इलाके में गए थे. उत्सुकतावश उन्होंने अपने मोबाइल फ़ोन से जनरल रावत के हेलिकॉप्टर का वीडियो रिकॉर्ड किया था जो कुछ ही देर बाद दुर्घटनाग्रस्त हो गया था.
घने कोहरे में गायब होते हेलिकॉप्टर का वीडियो तब से इंटरनेट पर वायरल है.
ज़िला पुलिस ने मामले की जांच के तहत फ़ोटोग्राफर का मोबाइल फ़ोन उनसे लेकर कोयंबटूर स्थित फ़ोरेंसिक लैब में भेज दिया है.
पुलिस ने बताया है कि इस बात की जांच की जा रही है कि फ़ोटोग्राफर और कुछ अन्य लोग घने वन क्षेत्र में क्यों गए थे जबकि वन्य जीवों की गतिविधियों की वजह से वह प्रतिबंधित इलाका है.
राहुल गांधी हिंदुत्ववाद और राष्ट्रवाद के ख़िलाफ़: बीजेपी

इमेज स्रोत, ANI
'देश हिंदुओं का है, हिंदुत्ववादियों का नहीं', कांग्रेस नेता राहुल गांधी के इस बयान पर बीजेपी ने जवाब दिया है और कहा है कि 'राहुल गांधी हिंदुओं के ख़िलाफ़ हैं, हिंदुत्ववाद और राष्ट्रवाद के ख़िलाफ़ हैं.'
'अमर उजाला' लिखता है कि राजस्थान बीजेपी के अध्यक्ष डॉक्टर सतीश पूनिया ने चूरू में रविवार को मीडिया से बातचीत में कहा कि, "राहुल गांधी आज जयपुर आए, उन्होंने ना प्रदेश के किसानों से सम्पूर्ण कर्ज़ माफी का वादा पूरा किया, ना बेरोज़गारों के हितों के बारे में कुछ कहा, ना भर्तियों पर कहा और ना महिलाओं की अस्मत की सुरक्षा के बारे में कुछ बोला."
"उल्टे राहुल गांधी ने हिंदू और हिंदुत्ववाद की अजीबोग़रीब व्याख्या की, सब जानते हैं कि हिंदू जीवन पद्धति है, हिंदू और हिंदुत्ववादी होना यह किसी भी भारतीय के लिए गर्व का विषय है."
"हिंदूवादी थे महाराणा प्रताप, शिवाजी, महाराजा सूरजमल जिन्होंने मुगलों के ख़िलाफ़ संघर्ष किया, बहुत सारे नाम और अनाम शहीद थे जिन्होंने अंग्रेज़ों के ख़िलाफ़ संघर्ष किया."
"हिंदू और हिंदुत्ववाद के बारे में राहुल गांधी की इस अजीबोग़रीब व्याख्या और इस भाषण के अंश का क्या तात्पर्य था, यह समझ से परे है. हिंदू और हिंदूवादी होने का हम सब को गर्व है, राहुल ने जिस तरीके से विभाजित करने की कोशिश की उससे ऐसा लगता है कि राहुल गांधी हिंदुओं के ख़िलाफ़ हैं, हिंदुत्ववाद और राष्ट्रवाद के ख़िलाफ़ हैं."
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)














