किसान प्रदर्शन: सिंघु और टिकरी बॉर्डर पर तनावपूर्ण हालात की आंखों-देखी

सिंघु बॉर्डर

दिल्ली के सिंघु बॉर्डर पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हिंसक झड़प हुई है. पथराव भी हुआ है. इससे सिंघु बॉर्डर पर तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है.

यहाँ बड़ी संख्या में ऐसे लोग जमा हुए हैं जो ख़ुद को स्थानीय बता रहे हैं.

कुछ प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे तो शांति से प्रदर्शन कर रहे थे पर कुछ लोग आकर पत्थरबाजी करने लगे.

सिंघु बॉर्डर पर मौजूद बीबीसी संवाददाता अरविंद छाबड़ा ने बताया है कि कुछ पुलिसवालों को भी चोट लगी है.

पुलिस पर प्रदर्शनकारियों के गंभीर आरोप

सिंघु बॉर्डर

इमेज स्रोत, ANI

वहाँ मौजूद एक शख्स ने बीबीसी संवाददाता अरविंद छाबड़ा को बताया, "बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने आकर धरने स्थल पर पत्थरबाजी की है, इसमें हमारे कई आदमियों को चोटें आई हैं. इसके बाद पुलिसवालों ने आंसू गैस के गोले छोड़े हैं."

इस शख्स ने दावा किया है कि उनकी टेंटों में इन कार्यकर्ताओं ने आग लगाई है.

पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस का भी इस्तेमाल किया है.

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बीबीसी संवाददाता अरविंद छाबड़ा ने बताया है कि उन्हें किसानों ने कहा है कि पुलिसकर्मियों ने उनसे जगह खाली करने को कहा है.

अरविंद छाबड़ा ने बताया, "पुलिसवाले सुरक्षा के मद्देनज़र मीडिया को पीछे हटने के लिए कह रहे हैं. धरने पर बैठे प्रदर्शनकारी सतनाम वाहेगुरू जप रहे हैं."

पुलिस वालों ने मीडिया वालों को भी धक्का देकर बाहर करने की कोशिश की.

सिंघु बॉर्डर

अरविंद बताते हैं कि जब पुलिस वालों से ये सवाल किया गया कि पुलिस की मौजूदगी में ये हमला कैसे हुआ, तब पुलिस वालों ने इसका जवाब नहीं दिया और पुलिस अधिकारी ये कहते नज़र आए कि हम जाकर पता कर रहे हैं.

जबकि किसानों का कहना है कि पुलिसवालों ने स्थानीय लोगों को वहाँ आने से नहीं रोका.

हालांकि अब स्थानीय लोगों को हटा दिया गया है.

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पुलिस वालों को धरनास्थल पर यह कहते हुए सुना गया कि "अपने नेता से कह दो कि यह जगह खाली करनी होगी."

वहीं प्रदर्शनकारी किसानों का कहना है कि वो ये जगह छोड़ कर जाना नहीं चाहते और आंदोलन जारी रखेंगे.

टिकरी बॉर्डर खाली करने की भी मांग

टिकरी बॉर्डर

वहीं दूसरी तरफ़ दिल्ली के टिकरी बॉर्डर पर मौजूद बीबीसी संवाददाता दलीप सिंह का कहना है कि बहुत बड़ी संख्या में अतिरिक्त पुलिस बलों की तैनाती की गई है और स्थिति में काफ़ी ज़्यादा तनाव दिख रहा है.

उन्होंने बताया कि टिकरी बॉर्डर पर कुछ लोग तिरंगा झंडा लेकर जमा हुए हैं और भारत माता की जय का नारा दे रहे हैं. ये लोग टिकरी बॉर्डर खाली कराने को लेकर नारा लगा रहे हैं.

इनमें से एक शख्स ने कहा कि, "हमारी मांग है कि रास्त खाली किया जाए. हम तिरंगे के अपमान के ख़िलाफ़ प्रदर्शन कर रहे हैं. अगर ये बॉर्डर खाली नहीं करते हैं तब हम बहुत बड़ा प्रदर्शन करेंगे."

टिकरी बॉर्डर

वहाँ मौजूद एक अन्य शख्स ने किसानों पर इल्ज़ाम लगाया "ये लोग किसान नहीं हैं. ये लोग किसान के चोले में उग्रवादी हैं."

इस शख्स ने कहा कि हमें इन प्रदर्शनकारियों ने दो महीने से बंधक बना कर रख लिया है.

एक दूसरे शख्स ने बताया कि 26 जनवरी के बाद उनका ये ग़ुस्सा बढ़ा है.

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