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शुक्रवार, 07 मार्च, 2008 को 22:21 GMT तक के समाचार
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अमरीका में 63 हज़ार की नौकरी गई
अमरीकी राष्ट्रपति जॉर्ज बुश
केवल फ़रवरी के महीने में ही अमरीका में 63 हज़ार लोगों की नौकरी चली गई
अमरीकी अर्थव्यवस्था को मज़बूत बनाने और उसमें तेज़ी लाने के लिए राष्ट्रपति जॉर्ज बुश ने उस आर्थिक पैकेज पर हस्ताक्षर कर दिए हैं जिसे कांग्रेस यानी अमरीकी संसद ने पारित किया था.

इस पैकेज के तहत कई परिवारों और उद्योगों को कर में रियायत दी जाएगी और राष्ट्रपति बुश ने लोगों से अनुरोध किया है कि इससे होने वाले आर्थिक फ़ायदे से वे बाज़ार में जाकर ख़रीददारी करें.

राष्ट्रपति बुश ने कहा है, "ये स्पष्ट है कि अर्थव्यवस्ता में सुस्ती आई है लेकिन दीर्घकालिक नज़रिए से अर्थव्यवस्था अच्छी रहेगी. ये अर्थव्यवस्था के लिए मुश्किल दौर है लेकिन हमने इसे पहले से समझा है और अर्थव्यवस्था में तेज़ी लाने का प्रयास किया है."

हज़ारों लोगों की नौकरी गई

अमरीका में जारी श्रण विभाग के आँकड़ों के अनुसार फ़रवरी के महीने में 63 हज़ार लोग नौकरियों से बाहर हो गए. ऐसा मार्च 2003 की बाद पहली बार हुआ है कि इतनी बड़ी संख्या में लोगों को नौकरियों से हाथ धोना पड़ा है.

फ़रवरी के आँकड़ों से पता चलता है कि ऋण का संकट और हाऊज़िंग यानी घर ख़रीदने और उसके लिए क़र्ज़ देने के बाज़ार में संकट कितना बड़ा है.

 ये स्पष्ट है कि अर्थव्यवस्ता में सुस्ती आई है लेकिन दीर्घकालिक नज़रिए से अर्थव्यवस्था अच्छी रहेगी. ये अर्थव्यवस्था के लिए मुश्किल दौर है लेकिन हमने इसे पहले से समझा है और अर्थव्यवस्था में तेज़ी लाने का प्रयास किया है
राष्ट्रपति बुश

जनवरी में भी अमरीका में 22 हज़ार लोगों को नौकरी गँवानी पड़ी थी.

जिन व्यवसायों में नौकरियाँ घटी हैं उनमें निर्माण क्षेत्र, खुद्रा व्यापार, इमारत बनाने का काम, व्यवसायिक सेवाएँ प्रमुख हैं.

इसी समस्या से जुड़े एक अन्य कदम में अमरीका के केंद्रीय बैंक - फ़ेड्रल रिज़र्व ने घोषणा की है कि वह अमरीकी बैंकों को अरबों डॉलर का अतिरिक्त क़र्ज़ देगा.

ऐसी घोषणा इसलिए की गई है ताकि ऋण बाज़ार में क़र्ज़ देने की मुश्किलों का समाधान निकाला जा सके.

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अमरीकी अर्थव्यवस्था को संभालने के प्रयासों पर मिलीजुली प्रतिक्रिया आई है.
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