ज़ेलेंस्की बोले- पीस डील पर अमेरिका से 'सहमति' बनी, पर रूस का क्या है रुख़?

डैन ड्रिस्कॉल
इमेज कैप्शन, कीएव में डैन ड्रिस्कॉल से हाथ मिलाते हुए यूक्रेन के राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की
    • Author, लिज़ा लैम्बर्ट
    • पदनाम, बीबीसी न्यूज़

रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध ख़त्म करने को लेकर यूक्रेनी राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की ने कहा है कि पीस डील पर अमेरिका के साथ 'सहमति' बन गई है.

पिछले सप्ताह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से 28 बिंदुओं वाले एक पीस प्लान का प्रस्ताव दिया गया था जिस पर पिछले सप्ताहांत जिनेवा में चर्चा हुई और इसे 'अपडेट' किया गया था.

ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा कि शुरुआती अमेरिकी प्लान में दोनों पक्षों के सुझाव लिए गए हैं और कुछ ही मुद्दे बचे हैं जिन पर असहमति है.

उन्होंने लिखा, "इस पीस प्लान को अंतिम रूप दिए जाने की उम्मीद में मैंने विशेष दूत स्टीव विटकॉफ़ को मॉस्को में राष्ट्रपति पुतिन से मिलने का निर्देश दिया है और उसी वक़्त सेक्रेटरी ऑफ़ आर्मी डैन ड्रिस्कॉल यूक्रेनी प्रतिनिधियों से मिलेंगे."

उन्होंने आगे लिखा, "मैं जल्द ही राष्ट्रपति पुतिन और राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की से मिलूंगा, लेकिन तभी जब यह पीस डील अंतिम रूप ले लेगी या अंतिम चरण में पहुंचेगी."

हालांकि रूस ने पहले कहा था कि नई ड्राफ़्ट डील पर अभी तक रूस से सलाह नहीं ली गई है. रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने चेतावनी दी कि मॉस्को शुरुआती अमेरिकी फ्रेमवर्क के पक्ष में था, लेकिन अगर इसमें बड़े बदलाव किए गए तो स्थिति 'पूरी तरह से अलग' होगी.

यूक्रेन-रूस युद्ध को ख़त्म करने के लिए हुई वार्ताओं ने पिछले हफ़्ते अप्रत्याशित मोड़ ले लिया था. एक शांति योजना के अहम दस्तावेज़ लीक होने के बाद विवाद और बढ़ गया था.

कहा गया कि यह शांति योजना अमेरिका से आई है. ऐसे में ट्रंप प्रशासन ने विदेशों में कई अहम बैठकों में शामिल होने के लिए एक शख्स को वहां भेजा, जिनकी काफी चर्चा है.

अब तक के सबसे युवा आर्मी सेक्रेटरी 39 वर्षीय डैन ड्रिस्कॉल को अक्सर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के 'ड्रोन गाइ' के रूप में जाना जाता है.

डैन युद्ध के मैदान में आधुनिक तकनीकों को अपनाने के समर्थक हैं. हाल तक उनकी पहचान मुख्य रूप से सेना की सबसे बड़ी शाखा में बजट, आपूर्ति और स्टाफ से संबंधित मुद्दों पर चर्चाओं के लिए रही थी.

डैन का रूस और यूक्रेन से निपटने का कोई लंबा अतीत नहीं है और न ही उनके पास अंतरराष्ट्रीय कूटनीति का अनुभव है. उन्होंने न तो कोई ऐसा सरकारी पद संभाला था. इसके बावजूद ट्रंप प्रशासन में इतनी तेज़ी से ऐसी अहमियत पाने वाले डैन कौन हैं?

डैन ड्रिस्कॉल

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इमेज कैप्शन, डैन ड्रिस्कॉल सबसे युवा आर्मी सेक्रेटरी हैं

उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के क़रीबी

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डैन को ट्रंप के क़रीब लाने में उपराष्ट्रपति जेडी वेंस से उनके संबंधों की अहम भूमिका रही. अपने दोस्त जेडी वेंस की तरह डैन ने भी सरकारी यूनिवर्सिटी में पढ़ाई की और उसके बाद अमेरिकी सेना में शामिल हुए.

इसके बाद प्रतिष्ठित येल यूनिवर्सिटी से क़ानून की डिग्री ली. वेंस की तरह डैन ने भी ग्रैजुएट होने के बाद वित्त क्षेत्र में काम किया था.

डैन ड्रिस्कॉल अपनी सैन्य सेवा के दौरान 2007 में अधिकारी बने और कैवेलरी प्लाटून का नेतृत्व किया. 2009 में कई महीनों तक वह इराक़ में तैनात रहे.

डैन ने वेंस से मिलने की अपनी कहानी बताई थी कि कैसे वह लॉ स्कूल में वेटरन्स स्टूडेंट्स ग्रुप के ज़रिए उनसे मिले थे. वेंस ने नए छात्रों को आश्वस्त किया था कि शुरुआत में उन्हें यहाँ घुलने-मिलने में दिक़्क़त होगी लेकिन कुछ ही महीनों में वे क्लास में बढ़िया करने लगेंगे. वेंस जल्द ही डैन के दोस्त और गाइड बन गए थे.

2024 की गर्मियों में ड्रिस्कॉल अपने परिवार के साथ स्विट्ज़रलैंड में छुट्टियाँ मना रहे थे. तभी वेंस ने फ़ोन करके बताया कि वह ट्रंप के उपराष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार बनने वाले हैं और उनसे अभियान में शामिल होने का अनुरोध किया.

ड्रिस्कॉल अगले दिन अमेरिका वापस आए. उन्होंने एक आउटलेट मॉल से सूट ख़रीदा और उबर लेकर रिपब्लिकन नेशनल कन्वेंशन पहुँच गए.

यह बात उन्होंने यूनिवर्सिटी ऑफ़ नॉर्थ कैरोलाइना, चैपल हिल की एलुम्नाइ मैगज़ीन को बताई है. डैन ने इसी यूनिवर्सिटी से ग्रैजुएशन की पढ़ाई की थी.

ट्रंप के दोबारा पद संभालने के बाद डैन ड्रिस्कॉल को आर्मी सेक्रेटरी के रूप में जल्द ही सीनेट से मंज़ूरी मिल गई.

नेशनल गार्ड को अमेरिकी शहरों में तैनात करने में ट्रंप की रणनीति के एक प्रमुख सदस्य बनने के बाद उनका प्रभाव क्षेत्र और बढ़ गया. इसके बाद उन्होंने अल्कोहल, तंबाकू और विस्फोटक ब्यूरो के कार्यवाहक निदेशक की भूमिका भी संभाली.

यूक्रेन

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इमेज कैप्शन, ज़ेलेंस्की के सामने अमेरिकी पक्ष डैन ही रख रहे हैं

यूक्रेन का अघोषित दौरा

डैन ने अक्सर यूक्रेन युद्ध के बारे में बात की है. वह यूक्रेनी ड्रोन का उदाहरण देते हैं, जिन्हें अपेक्षाकृत सस्ता, बड़े पैमाने पर बनाए जाने योग्य और युद्ध में प्रभावी तकनीक माना जाता है.

लेकिन आर्मी सेक्रेटरी के लिए नामित किए जाने के बाद शुरू-शुरू में यह नहीं लगा कि वह युद्ध समाप्त करने की वार्ताओं में शामिल हैं. इसकी बजाय ट्रंप अपने विशेष दूत स्टीव विटकॉफ़ पर निर्भर थे जो युद्धविराम की योजना पर काम कर रहे थे.

पिछले सप्ताह जब अमेरिका और रूस द्वारा तैयार की गई 28-सूत्रीय योजना के विवरण लीक हुए तो यूक्रेन ने तुरंत इसके कुछ अहम बिंदुओं पर चिंता जताई. यूक्रेन की चिंता के बाद उसके यूरोपीय सहयोगियों ने भी ऐसा ही किया.

इसके बाद डैन ने अन्य उच्च-स्तरीय पेंटागन अधिकारियों के साथ यूक्रेन की एक अघोषित यात्रा की. यह जनवरी में ट्रंप के पदभार संभालने के बाद से कीएव जाने वाला सबसे वरिष्ठ सैन्य प्रतिनिधिमंडल था. अमेरिकी सेना के एक प्रवक्ता के अनुसार, इस यात्रा का मक़सद यूक्रेनी अधिकारियों से मिलकर युद्ध समाप्त करने के प्रयासों पर चर्चा करना था.

डैन ड्रिस्कॉल ने राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की से मुलाक़ात की और पॉलिटिको के अनुसार, बाद में अमेरिकी राजदूत के आवास पर आयोजित एक स्वागत समारोह में उनका सम्मान किया गया.

इसके बाद के दिनों में ड्रिस्कॉल ने जिनेवा में यूक्रेनी अधिकारियों के साथ और चर्चाएं कीं. यहाँ उनके साथ विदेश मंत्री मार्को रूबियो, विटकॉफ़ और ट्रंप के दामाद जैरेड कश्नर भी मौजूद थे. उन्होंने मिलकर एक "नया शांति समझौता" तैयार करने में मदद की.

बीबीसी के अमेरिकी साझेदार सीबीएस न्यूज़ के अनुसार, इसके बाद उन्होंने अबू धाबी में रूसी अधिकारियों के साथ भी वार्ता की.

मंगलवार को एक सोशल मीडिया पोस्ट में ट्रंप ने कहा कि शांति योजना को अंतिम रूप देने के प्रयास में उन्होंने अपने दूत स्टीव विटकॉफ़ को मॉस्को में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मिलने का निर्देश दिया है और डैन ड्रिस्कॉल यूक्रेनी पक्ष से मिलेंगे.

अमेरिका

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इमेज कैप्शन, वॉशिंगटन में नेशनल गार्ड के साथ डैन

क्या रक्षा मंत्री बनेंगे डैन?

डैन ड्रिस्कॉल को आर्मी सेक्रेटरी नामित करते हुए ट्रंप ने लिखा कि उनके पास ऐसे अनुभव हैं, जो उन्हें "व्यवस्था में बदलाव लाने वाला और पुराने ढर्रे को तोड़ने वाला नेता" बनाते हैं.

वॉशिंगटन में अब यह चर्चा है कि क्या डैन ड्रिस्कॉल की यही क्षमताएँ और हाल ही में उनकी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ती भूमिका, इस ओर इशारा करती हैं कि अगर कभी पीट हेगसेथ रक्षा मंत्री के पद से हटते हैं, तो उनकी जगह ड्रिस्कॉल ले सकते हैं.

हालाँकि उन्होंने कभी कोई सार्वजनिक पद नहीं संभाला है. डैन ड्रिस्कॉल ने कांग्रेस में सीनेट की वेटरन्स अफेयर्स समिति में इंटर्न के रूप में काम किया था. 2020 में उन्होंने नॉर्थ कैरोलाइना से हाउस ऑफ़ रिप्रेज़ेंटेटिव्स के लिए चुनाव भी लड़ा लेकिन जीत नहीं पाए. एक पूर्व प्रोफेसर के अनुसार, डैन ड्रिस्कॉल का लक्ष्य हमेशा "सैन्य सेवा करना, क़ानून की पढ़ाई करना और फिर राजनीति में आना" रहा है.

ऐसी भी संभावना है कि जनवरी में ट्रंप के यूक्रेन के लिए विशेष दूत कीथ केलॉग के पद छोड़ने के बाद, डैन ड्रिस्कॉल आधिकारिक तौर पर यूक्रेन के साथ वार्ता की भूमिका संभाल लें.

या फिर वे लाखों सैनिकों वाली अमेरिकी सेना के प्रमुख के रूप में ही काम जारी रखें. डैन ड्रिस्कॉल कई बार बताते हैं कि उनके पिता और दादा भी सेना में सेवा कर चुके हैं और वह सेना के आधुनिकीकरण की अपनी योजनाओं के बारे में खुलकर बात करते हैं.

यूक्रेन रवाना होने से कुछ दिन पहले, ड्रिस्कॉल ने 'द कन्वर्सेशन पॉडकास्ट' में बताया था कि वे निकट भविष्य को कैसे देखते हैं. एक ऐसा समय जब "हर पैदल सैनिक युद्ध में एक ड्रोन लेकर जाएगा" और सैनिक एआई पर निर्भर होंगे क्योंकि इंसानी दिमाग युद्ध की तेज़ गति का "साथ नहीं दे पाएगा."

अक्तूबर में उन्होंने एक भाषण में कहा था, "हमारे पास बदलाव लाने का सही समय अभी है और हम सिलिकॉन और सॉफ़्टवेयर के दम पर जीतेंगे न कि अपने सैनिकों के खून और शरीर की क़ीमत पर."

बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित.