|
दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया परेशान | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत के ख़िलाफ़ बंगलौर टेस्ट की दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया की स्थिति थोड़ी कमज़ोर है. चौथे दिन का खेल ख़त्म होने तक ऑस्ट्रेलिया ने पाँच विकेट के नुक़सान पर 193 रन बना लिए हैं. भारतीय गेंदबाज़ों ख़ासकर हरभजन सिंह और ईशांत शर्मा ने काफ़ी अच्छी गेंदबाज़ी की और ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज़ों को परेशान किए रखा. ऑस्ट्रेलिया की ओर से साइमन कैटिच ने 34 रनों की पारी खेली, माइकल हसी ने 31 रन बनाए. चौथे दिन का खेल ख़त्म होने तक शेन वॉटसन 32 और ब्रैड हैडिन 28 रन पर नाबाद थे. पहली पारी के आधार पर ऑस्ट्रेलिया की कुल बढ़त 263 रनों की हो गई है. इससे पहले भारत की पूरी टीम 360 रन बनाकर आउट हो गई. हरभजन के बाद ज़हीर ने भी बल्ले से कमाल दिखाया. उन्होंने भारतीय पारी में सर्वाधिक 57 रन बनाए. जबकि हरभजन ने 54 और राहुल द्रविड़ ने 51 रनों का योगदान किया. ऑस्ट्रेलिया ने पहली पारी में 430 रन बनाए थे. इस तरह पहली पारी के आधार पर उसे 70 रनों की महत्वपूर्ण बढ़त हासिल हुई थी. चौथे दिन का खेल चौथे दिन का खेल जब शुरू हुआ, उस समय भारत का स्कोर था आठ विकेट के नुक़सान पर 313 रन. पिच पर थे ज़हीर ख़ान और कप्तान अनिल कुंबले.
अनिल कुंबले ज़्यादा देर तक नहीं टिक पाए और सिर्फ़ पाँच रन बनाकर आउट हो गए. लेकिन ज़हीर ने आक्रमक पारी खेलना जारी रखा. उन्होंने अपना अर्धशतक भी पूरा किया. टेस्ट करियर में ये उनका दूसरा अर्धशतक था. लेकिन ज़हीर को ईशांत शर्मा की ओर से ज़्यादा सहयोग नहीं मिला. ईशांत छह रन बनाकर आउट हो गए और भारतीय पारी 360 रन पर ख़त्म हुई. ज़हीर ख़ान 57 रन बनाकर नाबाद रहे, जो भारतीय पारी का सर्वाधिक स्कोर था. ज़हीर ख़ान के अलावा हरभजन सिंह ने 54, राहुल द्रविड़ ने 51, सौरभ गांगुली ने 47 और वीरेंदर सहवाग ने 45 रनों का योगदान दिया. ऑस्ट्रेलिया की ओर से मिचेल जॉनसन ने चार और शेन वॉटसन ने तीन विकेट लिए. माइकल क्लार्क को दो विकेट मिले जबकि ब्रेट ली को एक विकेट से ही संतोष करना पड़ा. ऑस्ट्रेलिया की दूसरी पारी ऑस्ट्रेलिया ने जब अपनी दूसरी पारी शुरू की तो उसे 70 रनों की महत्वपूर्ण बढ़त हासिल थी. सलामी बल्लेबाज़ मैथ्यू हेडन फिर नाकाम रहे और सिर्फ़ 13 रन बनाकर ज़हीर ख़ान की गेंद पर आउट हुए.
पिच हरभजन सिंह को मदद कर रही थी लेकिन दूसरे छोर से उनका साथ देने के लिए कप्तान अनिल कुंबले मैदान पर मौजूद नहीं थे क्योंकि कंधे की चोट उन्हें परेशान कर रही थी. अनिल कुंबले बाद में मैदान पर आए और लेकिन तीसरे दिन वे सिर्फ़ सात ओवर की फेंक पाए. हेडन के आउट होने के बाद कप्तान रिकी पोंटिंग पिच पर पहुँचे. लेकिन हरभजन सिंह ने उन्हें काफ़ी परेशान किया. वे तेज़ गेंदबाज़ों के आगे भी परेशान नज़र आए. आख़िरकार 17 रन बनाकर वे ईशांत शर्मा की गेंद पर आउट हुए. कैटिच और माइकल सही ने तीसरे विकेट के लिए 50 रन तो जोड़े लेकिन उन्होंने काफ़ी धीमी पारी खेली. दरअसल भज्जी के आगे रन बनाना उनके लिए काफ़ी मुश्किल हो रहा था.
तीसरे विकेट के रूप में कैटिच आउट हुए. कैटिच का विकेट भज्जी को मिला. उन्होंने रन तो 34 बनाए लेकिन उनकी धीमी पारी का अंदाज़ा इसी से होता है कि उन्होंने 140 गेंद पर ये 34 रन बनाए. माइकल क्लार्क सिर्फ़ छह रन बनाकर ईशांत शर्मा की गेंद पर आउट हुए. तो माइकल हसी 31 रन बनाकर हरभजन सिंह की गेंद पर बोल्ड हुए. चौथे दिन का खेल ख़त्म होने तक शेन वॉटसन 32 और ब्रैड हैडिन 28 रन पर नाबाद थे. भज्जी और ईशांत को दो-दो विकेट मिले हैं जबकि ज़हीर ख़ान को एक विकेट मिला है. |
इससे जुड़ी ख़बरें निचले क्रम ने बचाई भारत की लाज11 अक्तूबर, 2008 | खेल की दुनिया पहली पारी में भारत की अच्छी शुरुआत10 अक्तूबर, 2008 | खेल की दुनिया पहले दिन के हीरो रहे पोंटिंग09 अक्तूबर, 2008 | खेल की दुनिया दबाव में खेलेगी भारतीय टीम: पोंटिंग08 अक्तूबर, 2008 | खेल की दुनिया संन्यास का दबाव दिखता तो है!08 अक्तूबर, 2008 | खेल की दुनिया संन्यास लूँगा तो बता दूँगा: कुंबले08 अक्तूबर, 2008 | खेल की दुनिया गांगुली ने सही फ़ैसला किया: श्रीकांत07 अक्तूबर, 2008 | खेल की दुनिया कैसे कह दिया अलविदा..07 अक्तूबर, 2008 | खेल की दुनिया इंटरनेट लिंक्स बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||