|
'भारत-पाक मैचों में कटौती पर राज़ी' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत और पाकिस्तान इस बात पर सहमत हो गए हैं कि हर साल के बजाय, एक दूसरे के ख़िलाफ़ दो सालों में एक बार ही क्रिकेट श्रृंखला खेली जाए. हर साल ज़्यादा क्रिकेट खेले जाने को लेकर चिंता के बाद ये सहमति बनी है. पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष शहरयार खान ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के क्रिकेट बोर्ड एक मत हैं कि दोनों देशों को एक दूसरे के ख़िलाफ़ बहुत ज़्यादा क्रिकेट खेलने से बचना चाहिए. उन्होंने बताया कि ये सहमति इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के बीच होने वाली ऐशेज़ सीरिज़ के आधार पर बनी है. शहरयार खान ने कहा कि हम इस मुद्दे को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद की बैठक में रखेंगे. उनका कहना था, "हमें नहीं लगता कि इस फ़ैसले के चलते आईसीसी को अपने कार्यक्रम में बदलाव करने में कोई दिक्कत होगी." भूकंप प्रभावितों के लिए मैच 13 जनवरी से पाकिस्तान में शुरू होने वाली क्रिकेट श्रृंखला अप्रैल 2004 के बाद से भारत और पाकिस्तान के बीच तीसरी सीरिज़ होगी. भूकंप प्रभावितों के लिए धनराशि जुटाने के बारे में शहरयार खान ने बताया, "पाकिस्तान और भारत के क्रिकेट बोर्ड, भूकंप प्रभावितों के लिए धनराशि जुटाने के लिए एक मैच खेलने के प्रस्ताव को भी अंतिम रूप दे रहे हैं." उन्होंने कहा कि या तो इसी श्रृंखला में टवेन्टी- टवेन्टी यानि 20 ओवरों वाला मैच होगा, या फिर पहले से तय किसी एक दिवसीय मैच से जुटा पैसा भूकंप प्रभावितों की मदद के लिए दिया जाएगा. पिछले साल कश्मीर में आए भूकंप से करीब 73 हज़ार लोगों की मौत हो गई थी. इस बीच माना जा रहा है कि आईसीसी अपने नियमों में थोड़ा बदलाव ला सकती है. अब वो टेस्ट खेलने वाली हर टीम को बाकी नौ टीमों के ख़िलाफ़ छह साल में कम से कम एक बार खेलने के लिए कह सकती है. पहले ये अवधि पाँच साल थी. कार्यक्रम 7-9 जनवरी: तीन दिवसीय मैच, लाहौर | इससे जुड़ी ख़बरें इंटरनेट लिंक्स बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||