|
'कप्तानी छोड़ने के लिए कहा गया' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान सौरभ गांगुली ने कहा है कि बुलावायो में ज़िम्बाब्वे के ख़िलाफ़ पहले टेस्ट मैच से पहले उनसे कहा गया था कि वे कप्तानी छोड़ दें. बुलावायो टेस्ट में शतक बनाने के बाद सौरभ गांगुली ने कहा कि मैच से ठीक पहले उनसे कहा गया था कि वे कप्तानी न करें. यह पूछे जाने पर कि किसने उनसे कप्तानी छोड़ने के लिए कहा था गांगुली ने टीम के कोच ग्रेग चैपल का नाम तो नहीं लिया लेकिन उनका इशारा उन्हीं की तरफ़ था. गांगुली ने कहा, "कोच से पूछिए, इसका जवाब आपको वही देंगे." इस प्रकरण के बाद टीम में कोच और कप्तान के आपसी विवाद की चर्चा तेज़ होने की संभावना है. लेकिन ग्रेग चैपल ने इस सवाल का जवाब नहीं दिया, उन्होंने कहा कि वे सिर्फ़ टीम के प्रदर्शन के बारे में ही पत्रकारों से बातचीत करेंगे. गांगुली का कहना है कि यह बात कहे जाने पर वे बहुत आहत हुए थे इसीलिए वे अभ्यास छोड़कर आधे घंटे के लिए चले गए थे, उन्होंने कहा, "मेरे ऊपर बहुत ज़्यादा दबाव था." गांगुली ने कहा कि भारतीय टीम का प्रदर्शन एकदिवसीय मैचों में ख़राब रहा है, टेस्ट मैचों में नहीं, उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के ख़िलाफ़ खेली गई सिरीज़ के अलावा व्यक्तिगत तौर पर वे कभी नाकाम नहीं रहे. शतक गांगुली ने कहा कि उनका शतक उनके लिए बहुत अहम है क्योंकि उन्होंने बहुत दबाव में बल्लेबाज़ी की. छह घंटे तक क्रीज़ पर रहे गांगुली ने 262 गेंदे खेलकर 101 रन बनाए और उन्होंने स्वीकार भी किया, "यह सही है कि मैंने दुनिया की किसी बेहतरीन टीम के ख़िलाफ़ शतक नहीं लगाया है लेकिन फिर यह मेरे लिए बहुत अहम है." गांगुली ने कहा, "मैं ख़ुश हूँ, मैं बल्लेबाज़ी में वनडे और टेस्ट, दोनों में नाकाम हो रहा था, मेरे लिए अच्छा खेलना ज़रूरी है और मैंने इसके लिए संघर्ष किया." उन्होंने बिना किसी झिझक के स्वीकार किया कि उनके आलोचक ग़लत नहीं कह रहे, गांगुली ने कहा, "मुझे कुछ साबित करने की ज़रूरत नहीं है लेकिन आलोचना सही ही रही है, पाकिस्तान के ख़िलाफ़ मैं अच्छा नहीं खेल पाया और पिछला वर्ष बहुत ही निराशाजनक रहा है." गांगुली का कप्तान के रूप में यह 48वाँ टेस्ट मैच है और भारत के लिए किसी ने इतने अधिक टेस्ट मैचों में कप्तानी नहीं की है. वे टेस्ट क्रिकेट में भारतीय कप्तान के रूप में अब तक सबसे सफल भी रहे हैं, उनके नेतृत्व में खेले गए मैचों में से भारत ने 19 मैच जीते हैं और 13 में टीम हारी है. |
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||