सोशल: 'बजाज ने मोदी को आईना दिखा दिया'

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बजाज ऑटो के निदेशक राजीव बजाज ने मोदी सरकार के नोटबंदी को फ़ैसले को ग़लत क़दम बताया है.
मुंबई में आयोजित सालाना नैसकॉम लीडरशिप फोरम में उन्होंने कहा कि "यदि यह फ़ैसला सही होता तो सब ठीक होता. लेकिन नोटबंदी का नतीजा सही नहीं आ रहा है. इसके लागू करने की बात छोड़ दें, मुझे लगता है कि यह फ़ैसला ही ग़लत था."
उन्होंने कहा, "नियामक संस्थाओं का इनोवेशन की ओर ध्यान न देने से मेक इन इंडिया मेड इन इंडिया बनता जा रहा है."
उनके इस बयान पर सोशल मीडिया पर कई लोग प्रतिक्रिया दे रहे हैं.

कांग्रेस के प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने लिखा, "नोटबंदी और मेक इन इंडिया पर राहुल बजाज ने मोदी सरकार को सच का आईना दिखा दिया."
हालांकि सुरजेवाला ने अपने ट्वीट में राजीव की जगह राहुल बजाज का नाम लिख दिया. उनकी ग़लती बताते हुए एपी सिंह ने लिखा, "मोदी सरकारी के ख़िलाफ़ कोई भी ख़बर देखने के जल्दी में आपने ट्वीट में ग़लत नाम लिख दिया. ये राजीव बजाज हैं राहुल बजाज नहीं."
करण लिखते हैं, "राजीव बजाज ने आज एक बेहद ज़रूरी बात कही है और चाहे जो हो मुझे लगता है कि नोटबंदी का विरोध होना चाहिए."

क्रिटिक2015 नाम के एक अन्य ट्विटर हैंडल ने देशद्रोही लोगों के क्लब में राजीव का स्वागत किया है.
विजय पंजियार ने लिखा, "ग़लत को ग़लत कहने के लिए बधाई राजीव बजाज. आपने साबित कर दिया कि आप दूसरों के तलवे चाटने वाले व्यवसायी नहीं हैं."
माही पूछते हैं, "क्या राजीव बजाज भूल गए हैं कि मोदीराज में सच बोलना गुनाह है या उन्हें अपने व्यापार से बढ़कर देश की चिंता है?"

टेक्साबे नाम के एक ट्विटर हैंडल ने लिखा, "नोटबंदी की घोषणा के बाद राहुल बजाज ने सरकारी के इस कदम की तारीफ़ की. अब उनके बेटे राजीव बजाज इसको अवधारणा है."
अमरजीत ने लिखा, "राजीव बजाज अरविंद केजरीवाल के फैन हैं तो ये तो लाज़िमी है कि वो मोदी सरकार के हर कदम का विरोध करेंगे."

मनीष दूबे ने राजीव बजाज को राय दी है, "हम जानते हैं कि आप व्यवसायी हैं तो वैसा ही व्यवहार करें, अर्थशास्त्री बनने की कोशिश ना करें."
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