|
यूरोप ने अंतरिक्ष में सबसे बड़ा यान भेजा | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
स्पेस स्टेशन में ज़रूरी चीजों को पूरा करने के मिशन पर यूरोप के फ्रैंच गुयाना से रविवार को एक बड़े यान को रवाना किया गया है. ये यूरोप का अब तक का सबसे बड़ा ऑटोमेटेड ट्रांसफ़र वेहिकिल( एटीवी) यानी स्वचालित स्थानांतरण यान है जिसे कक्षा में स्थापित किया गया है. इस 20 टन के जहाज़ को ज़मीन से एरियन 5 रॉकेट की सहायता से छोड़ा गया है. ये यान दक्षिणी अमरिका के जंगलों में अपने वर्धकों से छोड़े जाने के 66 मिनट बाद अलग हो गया, तो इस यान की उड़ान को सफल घोषित कर दिया गया. अभियान की सफलता के बाद इससे जुड़े अंतरिक्ष एजेंसी के अधिकारियों और प्रतिनिधियों में खुशी छा गई. अंतरिक्ष एजेंसी के लोग क़रीब 11 सालों से इस अभियान की तैयारी कर रहे थे. अमरीका अपने अंतरिक्ष शटल 2010 तक रिटायर करने के बारे में सोच रहा है ऐसे में एटीवी, अंतररष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र में महत्वपूर्ण है. अंतररष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र
एटीवी अंतरिक्ष में जाने वाला पूरी तरह स्वचालित, काफ़ी बड़ी जगह वाला जहाज़ है. जब ये तीन अप्रैल को प्लेटफ़ार्म से जुड़ेगा तो बिना किसी मानवीय मदद के ऐसा कर पाएगा. ये जहाज़ अंतररष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र में आवश्यक वस्तुओं की पूर्ति करेगा और बड़ी मात्रा में ग़ैर ज़रूरी चीज़ों को समेटेगा भी. ये इस दौर का अकेला ऐसा यान होगा जो अगले दशक के अंत में उस समय डि-ऑर्बिट हो पाएगा (यानी अपनी कक्षा से हटने में समर्थ होगा) जब इसका कार्यकाल ख़त्म हो जाएगा. यह लॉँच एरियन रॉकेट के लिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इसके पहले यूरोपीय रॉकेट ने इतने बड़े यान को कक्षा में नहीं भेजा है. अब तक तो सामान्य व्यवसायिक दूरसंचार उपग्रह ही भेजता रहा है जिनका वज़न 10 टन के क़रीब रहता था. ये यान अब अतरिक्ष में ही रहेगा जब तक अमरीकी अंतिरक्ष यान एंडेवर अपना आने वाला मिशन पूरा नहीं कर लेता. इसी तरह की व्यवस्था कई दूसरे अतरिक्ष यान मे भी किए जाने के बारे में विचार चल रहा है जिन्हें स्वाचालित बंदरगाह की ज़रूरत होती है. ये यान दूसरे ग्रहों जैसे मंगल आदि से चट्टानों को लाने में भी पृथ्वी की प्रयोगशालाओं पर ला सकते हैं. |
इससे जुड़ी ख़बरें वर्जिन का अंतरिक्ष सैलानी यान आया24 जनवरी, 2008 | विज्ञान भारत से इसराइली उपग्रह का प्रक्षेपण21 जनवरी, 2008 | विज्ञान अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन में नया कक्ष27 अक्तूबर, 2007 | विज्ञान स्पुतनिक के प्रक्षेपण के 50 साल04 अक्तूबर, 2007 | विज्ञान मंगल ग्रह के लिए अंतरिक्ष यान रवाना04 अगस्त, 2007 | विज्ञान नासा के कंप्यूटर में आई 'ख़राबी' की जांच27 जुलाई, 2007 | विज्ञान चांद पर जाने की दूसरी रेस04 मई, 2007 | विज्ञान सुनीता ने लगाई अंतरिक्ष में लंबी दौड़17 अप्रैल, 2007 | विज्ञान | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||