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शराब भगाए दिल के रोग ! | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
शराब आपको दिल की बीमारियों से बचाएगी. जी हां, आपने बिल्कुल सही पढ़ा. ताज़ा शोध से पता चला है कि शराब की एक निश्चित मात्रा लेने पर दिल से संबंधित रोगों का ख़तरा 38 प्रतिशत तक कम हो जाता है. अमरीका के दक्षिणी कैरोलिना प्रांत में वैज्ञानिकों ने 7,500 लोगों पर शोध करके ये निष्कर्ष निकाला है. 'अमेरिकन मेडिकल जर्नल' में छपी इस शोध के मुताबिक चार साल के अध्ययन के दौरान फ़ायदा उन लोगों में दिखा जिन्होंने शराब की ख़ास किस्म 'वाइन' ली.
वैज्ञानिक दिल की एक खास बीमारी 'एथेरोसिलिरोसिस' पर शोध कर रहे थे जिसमें हृदय की धमनियां सख्त हो जाती हैं. लेकिन हृदय रोग विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि शराब दिल की हर बीमारी का इलाज नहीं है. 'वाइन' है फ़ायदेमंद ! इस शोध के के लिए वैज्ञानिकों ने जिन साढ़े सात हज़ार लोगों को चुना था वो शराब नहीं पीते थे. बाद में इनमें से छह फ़ीसद लोगों ने बेहद कम मात्रा में शराब पीनी शुरू कर दी. जिसमें से महिलाओं ने रोज़ाना का एक पैग और पुरुषों ने दो पैग लिए. इस रिसर्च के दौरान दक्षिण कैरोलिना के मेडिकल विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने लगातार इन लोगों के हृदय की गतिविधि, उनके रहन-सहन के ढंग और उनके परिवेश के अलावा उनके वज़न पर नज़र रखी. शोध के दौरान पता चला कि शराब न पीने वाले और बेहद अधिक मात्रा में शराब पीने वालों के मुक़ाबले जिन लोगों ने थोड़ी मात्रा मे 'वाइन' का इस्तेमाल किया था उनमें हृदय रोग का ख़तरा सबसे कम पाया गया. यहां तक कि 'वाइन' के अलावा शराब की दूसरी किस्में लेने वाले लोगों में भी दिल की बीमारियों का ख़तरा उतना ही देखा गया जितना एक सामान्य व्यक्ति में. इस दौरान ये बात भी पता चली कि 'वाइन' लेने वालों के 'एचडीएल' यानी 'अच्छे' कोलेस्ट्रोल में बढ़ोतरी भी हुई है. चेतावनी भी है साथ में इन सारी शोधों के बावजूद अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन ने चेतावनी दी है कि ऐसे लोग हरगिज़ भी शराब पीना शुरू करें जो शराब नहीं लेते हैं. इस शोध के प्रमुख वैज्ञानिक डाना किंग भी शोध से सामने आने वाले नतीजों से हैरान हैं. उनका कहना है, 'जो लोग शराब नहीं पीते अगर वो शराब की एक निश्चित मात्रा रोज़ाना लेते हैं तो इससे वो हृदय रोग के ख़तरे को काफ़ी कम कर सकते हैं.' लेकिन डाना किंग का कहना है कि 'अभी इस तरह से शराब लेने के दुष्प्रभावों के बारे में शोध की जा रही है.' उन्होंने साफ़ चेतावनी दी है कि कैंसर और लीवर की बीमारियों से पीड़ित लोग दिल की बीमारियों से बचने के चक्कर में हरगिज़ भी शराब का सेवन न करें. क्या है निश्चित मात्रा ? डाना किंग का कहना है कि लोग रोज़ाना थोड़ी मात्रा से ये फ़ायदा उठा सकते हैं. एक हफ्ते में सात पैग यानी एक पैग रोज़ाना. लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि कोई भी शख्स पूरे हफ्ते में एक ही दिन में सात पैग ले ले. वहीं, ब्रिटिश हार्ट फ़ाउंडेशन से जुड़ीं जूडी सुलिवान कहती हैं 'शोध में साफ़ कहा गया है कि बेहद कम मात्रा में शराब लेने से हृदय रोग के ख़तरों को कम किया जा सकता है.' "लेकिन इसका ये मतलब नहीं है कि लोग शराब को ही दिल की हर बीमारियों की दवा समझने लग जाएं" जूडी कहती हैं 'बेहद कम मात्रा और ज़्यादा शराब के बीच एक बेहद पतली लकीर है. इसलिए फ़ायदा पहुंचाने की बजाए शराब नुकसान ही कर सकती है.' "इस शोध के अनुसार अपने दिल को बीमारियों से बचाने के लिए किसी भी ऐसे शख्स को शराब शुरू नहीं कर देनी चाहिए जो पहले शराब नहीं पीता है." |
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