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'भारतीयों के नाम सार्वजनिक हों' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
पाकिस्तान ने कहा है कि भारत मुंबई हमलों के सभी पहलुओं पर स्पष्ट बात करे और 'पारदर्शी तरीके से उन भारतीय लोगों या संगठनों के नाम सार्वजनिक करे जिनकी इस कार्रवाई में भूमिका थी या फिर जिन्होंने इसमें अपनी ज़िम्मेदारी नहीं निभाई.' पाकिस्तान विदेश मंत्रालय की ओर से से प्रतिक्रिया भारत के विदेश मंत्री प्रणव मुखर्जी के संसद में बयान के बाद आई है. भारत से मिले दस्तावेज़ों पर पाकिस्तान के जवाब के बाद शुक्रवार को संसद में मुखर्जी ने मुंबई हमलों के सिलसिले में सरकार की कार्रवाई का उल्लेख किया था. पाकिस्तान के जवाब को सकारात्मक कदम बताते हुए उन्होंने ये भी कहा था कि पाकिस्तान को ये तय करना होगा कि वह भारत के साथ कैसे संबंध चाहता है. पिछले साल नवबंर में हुए मुंबई हमलों में 170 से ज़्यादा लोग मारे गए थे और लगभग 300 लोग घायल हुए थे. भारत ने इसके लिए पाकिस्तान में मौजूत तत्वों को ज़िम्मेदार ठहराया था. 'घरेलू मजबूरियाँ' मुखर्जी के बयान पर पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अब्दुल बसित का कहना था, "मुखर्जी के बयान में भारत के पाकिस्तान के ख़िलाफ़ रुख़ को ही नए शब्दों में रखा गया है. ये टिप्पणी मुंबई हमलों के पूरे तथ्य जानने के लिए जो गंभीर रवैया होना चाहिए, उसके विरुद्ध है." उनका कहना था, "पाकिस्तान चाहते है कि भारत मुंबई हमलों के सभी पहलुओं पर स्पष्ट बात करे और पारदर्शी तरीके से उन भारतीय लोगों या संगठनों के नाम भी सार्वजनिक करे जिनकी इस कार्रवाई में भूमिका था या फिर जिन्होंने इसमें अपनी ज़िम्मेदारी नहीं निभाई." गुरुवार को मुंबई हमलों से संबंधित जाँच के क्रम में पाकिस्तान ने गुरुवार को पहली बार ये स्वीकार किया था कि हमलों की साज़िश का कुछ हिस्सा उसकी ज़मीन पर ही रचा गया. पाकिस्तान विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अब्दुल बसित का कहना था, "पाकिस्तान ने ख़ासी ज़िम्मेदारी और संयम के साथ काम किया और क्षेत्रीय शांति और सुरक्षा के हित में भारत के साथ सहयोग की पेशकश भी की थी." उन्होंने ये भी कहा, "हमें ऐसा महसूस हो रहा है कि मुंबई हमलों की घटना भारत में घरेलू राजनीति की मजबूरियों के साथ उलझती जा रही है. पाकिस्तान समेत पूरे अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने निंदा की थी. " | इससे जुड़ी ख़बरें 'पाकिस्तान पर्याप्त क़दम नहीं उठा रहा है'11 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस 'पाकिस्तान मीडिया का सहारा न ले'10 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस पाकिस्तान को और जानकारी चाहिए09 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस भारत असहाय नहीं: प्रणब08 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस 'पाकिस्तान पर दबाव बनाए संयुक्त राष्ट्र'06 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस कश्मीर रैली पर भारत नाराज़06 फ़रवरी, 2009 | भारत और पड़ोस इंटरनेट लिंक्स बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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