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मधु कोड़ा ने अनियमितताएँ स्वीकारीं | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
झारखंड के मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने स्वीकार किया है कि राष्ट्रीय ग्रामीण रोज़गार गारंटी योजना (नरेगा) के क्रियान्वयन में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं उजागर हुईं हैं. बीबीसी के साथ एक विशेष बातचीत में उन्होंने कहा कि अनियमितताएँ पकड़े जाने पर कई अधिकारियों के ख़िलाफ़ कानूनी एवं विभागीय कार्रवाई भी की गई है. मधु कोड़ा ने कहा, "सरकार ने कुछ अधिकारियों और लगभग 15 इंजीनियरों के ख़िलाफ़ प्राथमिकी भी दर्ज करने के निर्देश दिए हैं." मुख्यमंत्री का बयान इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि नरेगा को गांवों के ग़रीबों के बीच लागू करने वाले युवक ललित मेहता की 14 मई को झारखंड के पलामू ज़िले में हत्या कर दी गई थी. हत्या के विरोध में सामाजिक संगठनों ने गोलबंद होना शुरू कर दिया है. विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने रविवार को रांची के अल्बर्ट एक्का चौक पर धरना दिया और ललित मेहता की हत्या की जांच सीबीआई से करवाने की मांग की. लोगों में आक्रोश पेशे से इंजीनियर ललित मेहता सहयोग विकास केंद्र नामक अपनी संस्था के माध्यम से रोज़गार योजनाओं में फैले भ्रष्टाचार को उजागर करने की मुहिम चला रहे थे. उनकी हत्या काफ़ी विभत्स तरीके से की गई थी इसलिए लोगों में और ज्यादा आक्रोश है. हत्या के बाद ललित मेहता की आंखें निकाल ली गयीं और उनके चेहरे को विकृत कर लाश को एक गड्ढे में फेंक दिया गया. ग्राम स्वराज अभियान के बलराम का आरोप है कि ललित मेहता भ्रष्ट अधिकारियों और बिचौलियों की आंखों की किरकिरी बन गए थे. दिल्ली से आईं सामाजिक कार्यकर्ता किरण शाहीन कहती हैं कि तमाम सरकारी योजनाओं का लाभ बिचौलिए और ठेकेदार उठा रहे हैं और प्रशासन और राजनेताओं की बेरुखी की वजह से इनके हौसले और बुलंद हो गए हैं . उन्होंने कहा, “यही कारण है कि सामाजिक कार्यकर्ताओं पर लगातार हमले हो रहे हैं." जाँच के आदेश मई 21 को सामाजिक कार्यकर्ताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने झारखंड के मुख्यमंत्री मधु कोड़ा से मुलाक़ात की तो उन्होंने हत्यारों के ख़िलाफ़ कार्रवाई करने का आश्वासन दिया. रविवार को बीबीसी से बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि माले की जांच के आदेश दे दिए गए हैं. उन्होंने कहा, “सरकार ललित मेहता की हत्या को काफ़ी गंभीरता से लिया है. पुलिस को आदेश दिए गए हैं कि जल्द से जल्द हत्याकांड की गुत्थी सुलझाएं. साथ ही साथ हम पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि नरेगा के क्रियान्वयन में किस तरह की गड़बड़ चल रही है. दोषियों पर कार्रवाई की जायेगी.” | इससे जुड़ी ख़बरें माओवादियों का बंद का आह्वान13 मई, 2008 | भारत और पड़ोस रांची में तोड़फोड़ के बाद तनाव01 मई, 2008 | भारत और पड़ोस माओवादियों का पाँच राज्यों में बंद 15 अप्रैल, 2008 | भारत और पड़ोस असम और झारखंड पूरी तरह बंद25 नवंबर, 2007 | भारत और पड़ोस झारखंड में प्रदर्शन और गिरफ़्तारियाँ20 नवंबर, 2007 | भारत और पड़ोस तीन राज्यों में माओवादियों का बंद19 नवंबर, 2007 | भारत और पड़ोस मुठभेड़ में तीन माओवादी मारे गए28 अक्तूबर, 2007 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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