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दर्द साथ सहने के लिए जोड़ा रिश्ता | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
वैसे तो हर शादी ख़ास होती है लेकिन छत्रपाल सिंह और रेखा का विवाह वाक़ई विशेष था क्योंकि दोनों ही एड्स से पीड़ित हैं. छत्रपाल ने जब मंगलवार को एक सादे समारोह मे अपनी दुल्हन रेखा के गले मे वरमाला डाली तो सबने उनके खुशहाल और लंबे दांपत्य जीवन की कामना की. दोनों ने बीकानेर में आर्य समाज की रीति से विवाह किया और जीवन भर एक दूसरे का साथ निभाने का वादा किया. अपने विवाह के बाद दुल्हे राजा छत्रपाल सिंह ने कहा, ''हम पूरी ज़िंदगी साथ रहेंगे". इस विवाह को संपन्न कराने में मुख्य भूमिका निभाने वाले युवा भारत संस्थान के दिनेश पांडेय ने कहा कि "ये राजस्थान में एड्स पीड़ित युगल की पहली शादी है. इससे उन लोगों को हौसला मिलेगा जो एड्स से पीड़ित होकर उपेक्षा और अकेलेपन का जीवन जी रहे थे". पति-पत्नी दोनों अलग-अलग जातियों से है और उनका परिवेश भी अलग था. मगर एड्स ने इन दोनों के बीच रिश्तों का पुल खड़ा किया. पांडेय के मुताबिक छत्रपाल सिंह और रेखा पिछले तीन वर्ष से एड्स से जूझ रहे हैं. छत्रपाल सिंह ट्रक ड्राइवर हैं जबकि गृहिणी रेखा के पति की एड्स ने लील लिया था. रेखा की नौ साल की बेटी भी एड्स से पीड़ित है. वर-वधू को आशीर्वाद देने के लिए कुछ सामाजिक कार्यकर्ता और छह एड्स पीड़ित भी वहाँ मौजूद थे. शादी के बाद इस नव विवाहित जोड़े ने कहा कि वो एक खुशहाल और बेहतर जीवन चाहते हैं. इससे हमारे जैसे दूसरे लोगों को भी प्रेरणा मिलेगी. एड्स पीड़ितों की मदद करने वाले सामाजिक कार्यकर्ताओं का कहना था कि एड्स रोगियों को समाज में उपेक्षा और अलगाव का जीवन जीना पड़ता है. ऐसे में दो एड्स पीड़ित नए दांपत्य जीवन की बुनियाद रख कर अपने जैसे और लोगों के लिए मिसाल बन सकते हैं. | इससे जुड़ी ख़बरें एचआईवी-एड्स पर बिल क्लिंटन की पहल30 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस एचआईवी संक्रमित जोड़ियों की शादी03 अक्तूबर, 2006 | भारत और पड़ोस एड्स पीड़ित माँ-बाप के कारण आत्महत्या03 जुलाई, 2006 | भारत और पड़ोस एड्सःउत्तर भारत पर ध्यान ज़रूरी07 अप्रैल, 2006 | भारत और पड़ोस बीबीसी-बॉलीवुड एड्स पर साथ-साथ09 फ़रवरी, 2006 | भारत और पड़ोस गाँवों में एड्स फैलने पर चिंता30 नवंबर, 2005 | भारत और पड़ोस सैनिक भर्ती के लिए एड्स परीक्षण24 सितंबर, 2005 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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