BBCHindi.com
अँग्रेज़ी- दक्षिण एशिया
उर्दू
बंगाली
नेपाली
तमिल
गुरुवार, 07 दिसंबर, 2006 को 01:40 GMT तक के समाचार
मित्र को भेजेंकहानी छापें
परमाणु समझौते पर बातचीत
निकोलस बर्न्स
अमरीकी सहायक विदेश मंत्री निकोलस बर्न्स ने इस संबंध में पहले भी भारत की यात्रा की थी
अमरीकी विदेश उप मंत्री निकोलस बर्न्स भारत और अमरीका के बीच हुए परमाणु सहयोग समझौते पर बातचीत के लिए गुरुवार को भारत पहुँच गए हैं.

वो दोनों देशों के बीच जुलाई, 2005 में हुई परमाणु सहमति के संबंध में बातचीत करेंगे.

निकोलस बर्न्स भारतीय विदेश सचिव शिवशंकर मेनन और विदेश मंत्रालय के कई अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाक़ात करेंगे.

समझौते के तहत भारत अपनी कुछ परमाणु सुविधाओं को अंतरराष्ट्रीय जाँच के लिए खोलेगा.

बदले में अमरीका भारत को असैनिक परमाणु सुविधाओं के लिए तकनीकी सहयोग प्रदान करेगा.

सदन की मंज़ूरी

ग़ौरतलब है कि अमरीकी उच्च सदन सीनेट ने लंबी बहस के बाद भारत-अमरीका परमाणु समझौते को भारी बहुमत से पारित कर दिया था.

संसद के निचले सदन प्रतिनिधि सभा ने जुलाई में इस समझौते को पारित किया था.

अब दोनो सदनों में पारित विधेयकों को मिलाया जाएगा और फिर इसे अमरीकी कांग्रेस यानी दोनो सदनों वाली पूरी संसद के समक्ष मतदान के लिए रखा जाएगा.

भारत-अमरीका परमाणु सहमति असैनिक गतिविधियों विशेष तौर पर ऊर्जा क्षेत्र से संबंधित है.

इसके तहत भारत असैनिक कार्यों के लिए परमाणु ईंधन और तकनीकी जानकारी अमरीका और परमाणु ईंधन सप्लाई करने वाले देशों से पा सकेगा.

इसके बदले में भारत को अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी को अपने कुछ परमाणु केंद्रों का निरीक्षण करने की इजाज़त देनी होगी.

इससे जुड़ी ख़बरें
भारत-अमरीका परमाणु सहमति पर बहस
16 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस
जॉर्ज बुश ने मनमोहन सिंह से बात की
16 अक्तूबर, 2006 | भारत और पड़ोस
परमाणु सहमति पर वैज्ञानिक 'संतुष्ट'
26 अगस्त, 2006 | भारत और पड़ोस
सुर्ख़ियो में
मित्र को भेजेंकहानी छापें
मौसम|हम कौन हैं|हमारा पता|गोपनीयता|मदद चाहिए
BBC Copyright Logo^^ वापस ऊपर चलें
पहला पन्ना|भारत और पड़ोस|खेल की दुनिया|मनोरंजन एक्सप्रेस|आपकी राय|कुछ और जानिए
BBC News >> | BBC Sport >> | BBC Weather >> | BBC World Service >> | BBC Languages >>