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अमरीकी नज़र में माओवादी 'आतंकवादी' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
नेपाल के विद्रोही माओवादियों और सरकार के बीच शांति समझौते का अमरीका ने स्वागत तो किया लेकिन कहा है कि अमरीका की 'आतंकवादियों' की सूची में शामिल रहेंगे. काठमांडू की यात्रा पर पहुँचे अमरीकी विदेश उपमंत्री रिचर्ड बाउचर ने एक बार फिर माओवादियों की निंदा की है. उल्लेखनीय है कि नेपाल सरकार और माओवादियों के बीच हुए शांति समझौते के अनुसार माओवादी कोई दो हफ़्तों बाद सरकार में शामिल हो जाएँगे. अमरीका ने पिछले कई बरसों से माओवादियों को 'आतंकवादियों' की सूची में रखा हुआ है और जैसा कि रिचर्ड बाउचर कहते हैं, नेपाल सरकार के साथ हुए समझौते के कारण वे माओवादियों को इस सूची से नहीं हटा सकते. उन्होंने स्पष्ट किया कि माओवादियों के सरकार में शामिल होने या उनके हथियारों को संयुक्त राष्ट्र की निगरानी में रख देने भर से कुछ नहीं बदलेगा. अमरीका की शर्त अमरीकी विदेश उपमंत्री ने कहा माओवादियों की नई भर्ती किए जाने और धमकियाँ दिए जाने की ख़बरें उनके ध्यान में हैं. रिचर्ड बाउचर ने माओवादी नेता प्रचंड के उस बयान पर भी चिंता जताई जिसमें उन्होंने कहा है कि यदि नेशनल आर्मी में जल्दी शामिल नहीं किया गया तो माओवादी एक बार फिर हथियार उठा लेंगे.
उनका कहना था कि इसका मतलब यह है कि माओवादी सशस्त्र संघर्ष की ओर लौटने का रास्ता खुला रख रहे हैं. उन्होंने कहा, "आप एक पैर से आगे नहीं चल सकते. आगे बढ़ने के लिए दोनों पैरों से आगे बढ़ना होगा." रिचर्ड बाउचर ने कहा कि अमरीका नेपाल सरकार को आर्थिक सहायता देगी लेकिन माओवादियों से तब तक कोई बात नहीं हो सकेगी जब तक कि वे 'शांतिपूर्ण राजनीतिक दल' नहीं बन जाते. उन्होंने कहा कि अमरीका सरकार के सभी मंत्रियों से बात करेगा, फिर चाहे वे किसी भी दल से आएँ. हालांकि यह कहते हुए उन्होंने यह स्पष्ट नहीं कहा कि अमरीका माओवादी मंत्रियों से भी बात करेगी. शुक्रवार को माओवादियों और सरकार के बीच शांति समझौते को अंतिम रुप नहीं दिया जा सका. कहा गया है कि यह अब मंगलवार को होगा. | इससे जुड़ी ख़बरें नेपाल में शांति समझौता टला16 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस नेपाल ने दो करोड़ डॉलर की मदद माँगी15 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस अमरीका ने समझौते का स्वागत किया08 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस माओवादियों और सरकार के बीच सहमति07 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस माओवादियों की 'धमकियों' की निंदा07 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस माओवादियों के हथियार छोड़ने के संकेत06 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस 'माओवादी लोगों को प्रताड़ित कर रहे हैं'26 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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