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बैनर्जी रिपोर्ट संसद में पेश करने पर रोक | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत के गुजरात राज्य के हाई कोर्ट ने रेल मंत्रालय को बैनर्जी समिति की रिपोर्ट संसद में रखने की अनुमति नहीं दी है. गुजरात हाई कोर्ट में जस्टिस एमएस शाह और एसजी दवे की पीठ ने फ़ैसला सुनाते हुए कहा कि मामले में अंतिम सुनवाई हो जाने तक बैनर्जी समिति की रिपोर्ट संसद में पेश नहीं की जा सकती. रेल मंत्रालय ने एक अपील दायर की थी कि उसे बैनर्जी समिति की रिपोर्ट सासंदों के समक्ष रखने की इजाज़त दी जाए. समिति ने पिछले महीने सौंपी गई अपनी अंतिम रिपोर्ट में कहा था साबरमती ऐक्सप्रैस के कोच में आग बाहर से नहीं लगाई गई थी और वो एक दुर्घटना थी. फ़रवरी 2002 में गुजरात के गोधरा स्टेशन पर साबरमती एक्सप्रैस में लगी आग की जाँच के लिए केंद्र की यूपीए सरकार ने यूसी बैनर्जी समिति का गठन किया था. ये समिति सितंबर 2004 में गठित की गई थी. रिपोर्ट समिति ने जनवरी 2005 में अपनी अंतरिम रिपोर्ट में भी कहा था कि रेलगाड़ी में लगी आग एक दुर्घटना थी. इस घठना में 59 लोग मारे गए थे जिसके बाद पूरे गुजरात में सांप्रदायिक दंगे भड़क गए थे. इसमें गुजरात सरकार के आँकड़ों के अनुसार एक हज़ार से ज़्यादा मुसलमानों की मौत हो गई थी. हालाँकि ग़ैरसरकारी संगठन मृतकों की संख्या दो हज़ार से ज़्यादा बताते हैं. इससे पहले केंद्र की यूपीए सरकार की एक और समिति ने इससे इनकार किया था कि गोधरा में ट्रेन में आग किसी षडयंत्र के तहत लगाई गई थी. न्यायमूर्ति एससी जैन के नेतृत्व वाली इस तीन सदस्यीय समिति के पास गुजरात में गोधरा से जुड़े पोटा के मामलों की जाँच करने की ज़िम्मेदारी थी. वैसे गुजरात में हुए सांप्रदायिक दंगों की जाँच नानावती आयोग कर रहा है. | इससे जुड़ी ख़बरें बेस्ट बेकरी कांड में नौ को उम्र क़ैद24 फ़रवरी, 2006 | भारत और पड़ोस फ़ोरेन्सिक विशेषज्ञों से पूछताछ हुई20 जनवरी, 2005 | भारत और पड़ोस आग साज़िश का नतीजा थी:जाँच दल17 जनवरी, 2005 | भारत और पड़ोस आग बाहर से नहीं लगाई गई: समिति17 जनवरी, 2005 | भारत और पड़ोस गोधरा रेल अग्निकांड की जाँच शुरू15 सितंबर, 2004 | भारत और पड़ोस गोधरा कांड की नए सिरे से जाँच होगी02 सितंबर, 2004 | भारत और पड़ोस लालू ने गोधरा की जाँच के आदेश दिए14 जुलाई, 2004 | भारत और पड़ोस गोधरा काँड को दो बरस हुए27 फ़रवरी, 2004 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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