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'राहत न पहुँचने की बात ग़लत है' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत सरकार ने अंतरराष्ट्रीय राहत संस्था ऑक्सफ़ैम के इस आरोप को ग़लत ठहराया है कि सूनामी प्रभावित इलाक़ों में ज़रूरतमंद लोगों तक पर्याप्त राहत नहीं पहुँची है. सरकार का कहना है कि ज़रूरतमंद लोगों तक पर्याप्त मात्रा में राज्य सरकारों के ज़रिए राहत सामग्री लगातार पहुँचाई गई है. 'आपकी बात बीबीसी के साथ' कार्यक्रम में श्रोताओं के प्रश्नों का उत्तर देते हुए केंद्रीय गृह राज्य मंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल ने कहा है कि सरकार आपदा प्रबंधन को और चुस्त बनाने के लिए जल्दी ही संसद में एक विधेयक लाने जा रही है. जायसवाल ने कहा, "अंडमान निकोबार के ज़रूरतमंद लोगों तक बहुत कम समय में राहत सामग्री पहुँचाई गई, यह याद रखना चाहिए कि कार निकोबार भारत मुख्यभूमि से दो हज़ार किलोमीटर दूर है, लेकिन वहाँ भी तत्काल राहत दी गई, इस बात से अंतरराष्ट्रीय एजेंसियाँ भी इनकार नहीं कर सकतीं." उन्होंने कहा, "भारत एक अरब की आबादी वाला देश है जहाँ 28 राज्य हैं, लोकतांत्रिक व्यवस्था में केंद्र सरकार राज्यों पर अपने आदेश नहीं थोप सकती, केंद्र सरकार ने राहत सामग्री और सुविधाओं का प्रबंध किया जबकि राज्य सरकारों ने उनका वितरण किया, हो सकता है कहीं थोड़ी कमी रही हो लेकिन किसी राज्य की नीयत पर शक नहीं किया जा सकता." गृह राज्य मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार सूनामी राहत के काम की पूरी तरीक़े से निगरानी कर रही है और आपदा प्रबंधन को चुस्त बनाने की दिशा में भी काम किया जा रहा है. सूनामी से यूपीए सरकार ने क्या सबक सीखा, यह पूछे जाने पर जायसवाल ने कहा कि भविष्य में सूनामी जैसी किसी आपदा की स्थिति में बिना किसी घबराहट के सरकार उससे निबटने की व्यवस्था कर सकती है. उन्होंने कहा कि छह महीने में स्थिति सामान्य तो नहीं हो सकती लेकिन सभी आपदा प्रभावित लोगों के रहने के लिए अस्थायी आवास तैयार हैं और अप्रत्याशित आपदा के बाद सरकार ने अभूतपूर्व तरीक़े से काम किया है. श्रीप्रकाश जायसवाल ने कहा कि सूनामी चेतावनी प्रणाली के पूरी तरह चालू होने में अभी दो वर्ष का समय लगेगा लेकिन भारत सरकार इस अवधि में पूरी तरह सतर्क रहेगी और वह जापान और दक्षिण कोरिया जैसे देशों से सूनामी के बारे में जानकारी लेने की व्यवस्था कर चुकी है. अंतरराष्ट्रीय राहत एजेंसियों और भारत सरकार के बीच विवाद के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, "हमने उनसे विनम्र अनुरोध किया था कि हम राहत पहुँचाने के काम को अंजाम देने में पूरी तरह सक्षम हैं." |
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